अमरोहा जिले में अवैध हिरासत और वसूली के एक गंभीर मामले में थाना रहरा के थानाध्यक्ष बृजेश कुमार को निलंबित कर दिया गया है। पुलिस अधीक्षक अमित कुमार आनंद ने कर्तव्य में लापरवाही और नियम विरुद्ध कार्य करने के आरोप में यह कार्रवाई की है। यह निलंबन ग्राम परोरा निवासी रामदास की शिकायत की जांच के बाद हुआ है। पीड़ित रामदास ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया था कि गांव के दबंगों, जितेंद्र, रूपवती और मुकेश ने उसे झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी दी थी। इसी बीच, थाना रहरा पुलिस ने 20 मार्च को रामदास को अवैध रूप से हिरासत में ले लिया। आरोप है कि पुलिस की मिलीभगत से जितेंद्र ने मामले को निपटाने के नाम पर रामदास के परिवार से 1 लाख रुपए नकद और 35 हजार रुपए यूपीआई के माध्यम से अपनी पत्नी के खाते में वसूले। क्षेत्राधिकारी हसनपुर पंकज कुमार त्यागी द्वारा की गई विस्तृत जांच में सामने आया कि आरोपी महिला रूपवती ने पहले किसी अन्य व्यक्ति पर बलात्कार का आरोप लगाया था, लेकिन बाद में साजिश के तहत रामदास का नाम भी इसमें जोड़ दिया गया। जांच में यह भी पुष्टि हुई कि थानाध्यक्ष बृजेश कुमार ने रामदास को 24 घंटे से अधिक समय तक अवैध रूप से पुलिस हिरासत में रखा और समझौता होने के बाद ही उसे छोड़ा गया। मामले की गंभीरता और थानाध्यक्ष की संदिग्ध भूमिका को देखते हुए पुलिस अधीक्षक अमरोहा अमित कुमार आनंद ने बृजेश कुमार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। साथ ही, अवैध वसूली में शामिल महिला रूपवती और जितेंद्र के खिलाफ भी थाना रहरा में मुकदमा दर्ज किया जा रहा है। पुलिस विभाग ने इस पूरे प्रकरण में विभागीय जांच भी शुरू कर दी है। इस घटना के बाद, एसपी ने कई थानों में फेरबदल भी किया है। इंस्पेक्टर अखिलेश प्रधान को रहरा थाने का नया प्रभारी बनाया गया है। आदमपुर थाना प्रभारी संजय कुमार सिंह को रजबपुर भेजा गया है, जबकि रजबपुर थाना प्रभारी कोमल तोमर को आदमपुर थाने की कमान सौंपी गई है। इंस्पेक्टर धर्मेंद्र सिंह को पुलिस लाइन से जनपदीय सोशल मीडिया सेल प्रभारी बनाया गया है।


