मुरादाबाद में प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी कर रही एक छात्रा ने ट्रेन से कटकर सुसाइड कर लिया। छात्रा को उसकी मां ने घरेलू कामकाज में हाथ बंटाने के लिए डांट दिया था। जिससे नाराज होकर छात्रा घर से बाइक लेकर निकल गइ्र थी। परिजनों को लगा कि बेटी रोजाना की तरह लाइब्रेरी में पढ़ाई करने गई है, लेकिन देर शाम तक नहीं लौटी तो उन्हें फिक्र हुई। देर रात लाश रेलवे ट्रैक पर पड़ी मिली।
मामला मुरादाबाद के छजलैट थाना क्षेत्र के गांव नजराजा का है। यहां रहने वाली शीतल पाल (25 साल) बीएससी करने के बाद रेलवे में नौकरी की तैयारी कर रही थी। देर रात करीब 2 बजे उसकी लाश पाकबड़ा थाना क्षेत्र में स्थित हकीमपुर रेलवे स्टेशन के पास रेलवे ट्रैक पर पड़ी मिली।
शीतल के पिता इमरत सिंह की तीन साल पहले मौत हो चुकी है। परिवार में शाीतल के अलावा उसकी मां साचित्री, तीन बड़ी बहनें और एक बड़ा भाई है। वह परिवार में सबसे छोटी थी। शीतल परीक्षा की तैयारी करने के लिए पढ़ाई करने रोजाना अगवानपुर स्थित एक लाइब्रेरी में जाती थी।
शीतल के परिजनों ने पुलिस को बताया कि गुरुवार को मां सावित्री देवी ने उसे घरेलू काम में हाथ बंटाने को कहा था। लेकिन शीतल ने घर का काम करने से मना कर दिया। इसे लेकर उसकी मां से कहासुनी भी हो गई थी। जिसके बाद मां ने उसे डांट दिया था।
इसके बाद वो घर से किताबों का बैग और बाइक लेकर निकल गई थी। शाम तक घर नहीं लौटी तो परिजनों ने खोजबीन शुरू की। शुरु में उन्हें लगा कि शीतल रोजाना की तरह लाइब्रेरी गई है। बाद में हकीमपुर रेलवे स्टेशन के पास उसकी डेडबॉडी मिली। पुलिस ने पोस्टमार्टम कराने के बाद शव परिजनों के सुपुर्द कर दिया है।


