देवरिया जिले के गौरी बाजार थाना क्षेत्र के पिपरिया गांव में रविवार शाम एक हादसा हुआ। चूल्हे पर खाना बनाते समय दो वर्षीय मासूम आर्यन गंभीर रूप से झुलस गया। परिवार में गैस सिलेंडर खत्म होने के कारण चूल्हे पर खाना बनाया जा रहा था। जानकारी के अनुसार, पिपरिया गांव निवासी मंजीत कुमार कन्नौजिया के घर में पिछले लगभग एक सप्ताह से गैस सिलेंडर खाली था। सिलेंडर बुक कराने के बावजूद उन्हें समय पर गैस नहीं मिल पा रही थी, जिसके चलते परिवार के सदस्य गोदाम के चक्कर लगा रहे थे। इसी बीच, परिवार की एक महिला सदस्य घर पर ईंट का चूल्हा बनाकर खाना तैयार कर रही थीं। रविवार शाम करीब 6 बजे जब खाना बनाया जा रहा था, तब उनका दो वर्षीय बेटा आर्यन खेलते-खेलते चूल्हे के पास पहुंच गया। अचानक संतुलन बिगड़ने से वह जलते चूल्हे में गिर गया। घटना के बाद परिवार में अफरा-तफरी मच गई। परिजनों ने तुरंत बच्चे को इलाज के लिए देवरिया मेडिकल कॉलेज पहुंचाया। वहां डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद आर्यन की गंभीर हालत को देखते हुए उसे बेहतर इलाज के लिए गोरखपुर स्थित बीआरडी मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। मासूम आर्यन की हालत गंभीर बताई जा रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय पर गैस सिलेंडर उपलब्ध हो जाता, तो शायद यह हादसा टल सकता था।


