चतरा जिले के हंटरगंज प्रखंड के ढेबो गांव में शनिवार को एक किसान के खलिहान में आग लग गई। इस घटना में करीब 100 बोझा गेहूं जलकर राख हो गया। पीड़ित किसान टिप्पु कुमार यादव उस समय अपने बीमार बेटे का इलाज कराने अस्पताल गए हुए थे। ग्रामीणों के अनुसार, टिप्पु कुमार यादव ने अपनी 15 कट्ठा खेत की फसल थ्रेसिंग के लिए खलिहान में रखी थी। पास में खेल रहे कुछ बच्चों को कूड़े के ढेर में एक माचिस मिली। बच्चों ने खेल-खेल में आग लगा दी, जो हवा के तेज झोंकों के कारण तेजी से फैल गई। आग की लपटें इतनी भीषण थीं कि आसपास के खेतों में काम कर रहे ग्रामीण घबरा गए। उन्होंने बाल्टियों से पानी डालकर आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन तब तक टिप्पु यादव की 15 कट्ठा खेत की पूरी मेहनत जलकर राख हो चुकी थी। घटना के समय किसान टिप्पु यादव अपने बीमार बेटे का इलाज कराने शेरघाटी के एक निजी अस्पताल में थे। ग्रामीणों ने उन्हें फोन पर आग लगने की सूचना दी। अस्पताल से घर पहुंचने पर टिप्पु यादव ने जब खलिहान का मंजर देखा, तो वे सदमे में आ गए। पीड़ित परिवार ने अब प्रशासन से मुआवजे की मांग की है। चतरा जिले के हंटरगंज प्रखंड के ढेबो गांव में शनिवार को एक किसान के खलिहान में आग लग गई। इस घटना में करीब 100 बोझा गेहूं जलकर राख हो गया। पीड़ित किसान टिप्पु कुमार यादव उस समय अपने बीमार बेटे का इलाज कराने अस्पताल गए हुए थे। ग्रामीणों के अनुसार, टिप्पु कुमार यादव ने अपनी 15 कट्ठा खेत की फसल थ्रेसिंग के लिए खलिहान में रखी थी। पास में खेल रहे कुछ बच्चों को कूड़े के ढेर में एक माचिस मिली। बच्चों ने खेल-खेल में आग लगा दी, जो हवा के तेज झोंकों के कारण तेजी से फैल गई। आग की लपटें इतनी भीषण थीं कि आसपास के खेतों में काम कर रहे ग्रामीण घबरा गए। उन्होंने बाल्टियों से पानी डालकर आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन तब तक टिप्पु यादव की 15 कट्ठा खेत की पूरी मेहनत जलकर राख हो चुकी थी। घटना के समय किसान टिप्पु यादव अपने बीमार बेटे का इलाज कराने शेरघाटी के एक निजी अस्पताल में थे। ग्रामीणों ने उन्हें फोन पर आग लगने की सूचना दी। अस्पताल से घर पहुंचने पर टिप्पु यादव ने जब खलिहान का मंजर देखा, तो वे सदमे में आ गए। पीड़ित परिवार ने अब प्रशासन से मुआवजे की मांग की है।


