अवैध निर्माणों को लेकर भ्रष्टाचार के संगीन आरोपों से जूझ रहे मुरादाबाद विकास प्राधिकरण (MDA) में इन दिनों सबकुछ उलटपुलट है। सीनियर अफसरों की आंखों में धूल झोंककर जूनियर जमकर मलाई काटने में लगे हैं।
ताजा मामला एक आईएएस अधिकारी के पर्सनल स्टेनो से जुड़ा है। साहब का ये पर्सनल स्टेनो इलाके में अवैध निर्माणों के ठेके ले रहा है। मुरादाबाद में अवैध निर्माण करने वाले प्रदेश के एक जिले में बतौर कलक्टर तैनात इस आईएएस के पर्सनल स्टेनो के घर चक्कर लगा रहे हैं। साहब के पर्सनल स्टेनो का पिता इस धंधे को हैंडल कर रहा है और प्राधिकरण में उसकी तूती इतनी बोलती है और उसके कहे अवैध निर्माणों की ओर से प्राधिकरण अफसर आंखें मूंद लेते हैं। ताजा मसला मुरादाबाद- दिल्ली नेशनल हाईवे के ठीक किनारे पाकबड़ा में बन रही एक खल कारोबारी की आलीशान कोठी से जुड़ा है। लाखों रुपए का विकास शुल्क चोरी करके बगैर मानचित्र पास कराए यह कोठी करीब 600 वर्ग मीटर में बन रही है। हाईवे किनारे होने की वजह से आते-जाते इस पर अफसरों की नजर भी पड़ती है। लेकिन अधिकारी इससे आंखें मूंद लेते हैं। प्राधिकरण के सूत्रों ने बताया कि इस कोठी के अवैध निर्माण का कांट्रेक्ट भी आईएएस के पर्सनल स्टेनो ने लिया हुआ है। मंदिर वाले अंडरपास के पास बन रही यह कोठी दो मंजिल बन चुकी है और अब इसकी तीसरी मंजिल पर लिंटर डाले जाने की तैयारी है। लेकिन एमडीए के जेई, एई, एक्सईएन या प्रवर्तन दल ने आज तक यहां झांकना भी मुनासिब नहीं समझा। पाकबड़ा में अवैध निर्माणों का यह इकलौता मामला नहीं है। पूरे पाकबड़ा में 200 से अधिक छोटे-बड़े अवैध निर्माण चल रहे हैं। जिनके खिलाफ प्राधिकरण अफसर जानकारी होने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं कर रहे हैं। दरअसल सूबे के एक जिले की कलेक्टरी संभाल रहे आईएएस का पर्सनल स्टेनो पाकबड़ा का रहने वाला है। साहब की जब मुरादाबाद में तैनाती थी तो उसे संविदा पर कंप्यूटर विभाग में रखा था। बाद में जब साहब कलक्टर बनकर गए तो उसे साथ ले गए।
प्राधिकरण सूत्र बताते हैं कि जब ये अधिकारी मुरादाबाद में तैनात थे उसी समय साहब की अपने संविदा ऑपरेटर से अच्छी केमिस्ट्री सेट हो गई थी। इसीलिए तबादले पर जाते वक्त उसे अपने साथ ही ले गए। एमडीए सूत्र बताते हैं कि आईएएस के पर्सनल स्टेनो का पिता पूरा-पूरा दिन प्राधिकरण में ही डेरा डाले रहता है।


