अमेरिका (United States Of America) और इज़रायल (Israel) का ईरान (Iran) के खिलाफ चल रहा युद्ध काफी गंभीर हो गया है। इस युद्ध को 7 दिन पूरे हो चुके हैं और आज इस युद्ध का 8वां दिन है। युद्ध का असर इज़रायल और ईरान समेत पूरे मिडिल ईस्ट (Middle East) पर पड़ रहा है। अब पाकिस्तान (Pakistan) पर भी इस युद्ध का असर पड़ना शुरू हो गया है। युद्ध के कारण पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था के सामने गहरा ऊर्जा संकट खड़ा हो गया है।
पेट्रोल-डीज़ल की किल्लत शुरू
होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait Of Hormuz) के बंद होने और वहाँ टैंकरों की आवाजाही में गिरावट आने के बाद पाकिस्तान में समस्या खड़ी हो गई है। इस वजह से पाकिस्तान में पेट्रोल-डीज़ल की भारी किल्लत शुरू हो गई है। डीलर्स का आरोप है कि तेल कंपनियाँ कीमतें बढ़ाने के दबाव में तेल की जमाखोरी कर रही हैं। अगर सोमवार तक सप्लाई बहाल नहीं हुई, तो देशभर के पेट्रोल पंप बंद होने शुरू हो जाएंगे।
‘वर्क फ्रॉम होम’ की तैयारी
पाकिस्तान में हालात इतने गंभीर हैं कि सरकार अब देश को एक बार फिर ‘वर्क फ्रॉम होम’ शुरू करने की तैयारी कर रही है। सरकारी और निजी क्षेत्रों में जहाँ संभव हो, ‘वर्क फ्रॉम होम’ लागू करने के बारे में सोचा जा रहा है, जिससे पेट्रोल-डीज़ल की बचत की जा सके। स्कूल-कॉलेजों को भी ऑनलाइन मोड पर ले जाने की तैयारी है। इसके अलावा सप्ताह में सिर्फ 4 दिन काम और कम कामकाजी घंटों पर भी विचार किया जा रहा है।


