अमरोहा में गौवंश सुरक्षा को हाईटेक कवच: डीएम निधि गुप्ता वत्स ने किया सीसीटीवी कंट्रोल रूम का उद्घाटन

अमरोहा में गौवंश सुरक्षा को हाईटेक कवच: डीएम निधि गुप्ता वत्स ने किया सीसीटीवी कंट्रोल रूम का उद्घाटन

Cow Protection Amroha: अमरोहा जनपद में गौवंश की सुरक्षा और देखभाल को सशक्त बनाने के लिए प्रशासन ने एक अहम और आधुनिक पहल की शुरुआत की है। विकास भवन स्थित मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी कार्यालय में अत्याधुनिक सेंट्रल सीसीटीवी कंट्रोल रूम का उद्घाटन जिलाधिकारी निधि गुप्ता वत्स द्वारा फीता काटकर किया गया। इस कंट्रोल रूम के माध्यम से जिले के सभी गौ आश्रय स्थलों को एकीकृत डिजिटल प्लेटफॉर्म से जोड़ दिया गया है, जिससे गौवंश की स्थिति पर अब चौबीसों घंटे नजर रखी जा सकेगी। यह कदम न केवल पारदर्शिता बढ़ाएगा बल्कि गौ संरक्षण व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाएगा।

हर गौशाला पर रहेगी 24 घंटे निगरानी

इस कंट्रोल रूम की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि जनपद के सभी गौ आश्रय स्थलों में लगे सीसीटीवी कैमरे सीधे इससे जुड़े हुए हैं। इसके जरिए प्रशासन अब हर गौशाला की गतिविधियों को रियल टाइम में देख सकेगा। इससे न केवल गौवंश की सुरक्षा सुनिश्चित होगी, बल्कि वहां तैनात कर्मचारियों और केयरटेकर्स की उपस्थिति और कार्यप्रणाली पर भी सख्त नजर रखी जा सकेगी। मुख्य विकास अधिकारी अश्वनी कुमार मिश्र सहित अन्य अधिकारी भी इस दौरान मौजूद रहे और उन्होंने इस पहल को जनहित में महत्वपूर्ण बताया।

तकनीकी व्यवस्थाओं की डीएम ने ली गहन समीक्षा

उद्घाटन के बाद जिलाधिकारी ने कंट्रोल रूम से जुड़ी सभी तकनीकी व्यवस्थाओं की विस्तार से समीक्षा की। उन्होंने कैमरों की संख्या, डीवीआर की स्टोरेज क्षमता, इंटरनेट कनेक्टिविटी और बिजली बैकअप जैसे अहम पहलुओं की जानकारी ली। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि ग्रामीण क्षेत्रों में स्थित गौशालाओं की तकनीकी जिम्मेदारी खंड विकास अधिकारियों की होगी, जबकि नगर क्षेत्र की गौशालाओं की देखरेख संबंधित अधिशासी अधिकारी करेंगे। इस व्यवस्था से जवाबदेही तय होगी और किसी भी प्रकार की लापरवाही पर तुरंत कार्रवाई संभव हो सकेगी।

बिजली और इंटरनेट व्यवस्था को लेकर सख्त निर्देश

जिलाधिकारी निधि गुप्ता वत्स ने यह भी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए कि इंटरनेट कनेक्टिविटी बाधित न हो, इसके लिए एक वर्ष का रिचार्ज एक साथ कराया जाए। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि सभी गौशालाओं में यूपीएस, इनवर्टर और बैटरी की समुचित व्यवस्था होनी चाहिए, ताकि बिजली जाने की स्थिति में भी निगरानी प्रणाली प्रभावित न हो। उन्होंने कैमरों की सुरक्षा और उनके नियमित रखरखाव की जिम्मेदारी भी संबंधित अधिकारियों को सौंपी, जिससे तकनीकी खामियों के कारण निगरानी में कोई बाधा न आए।

लापरवाही पर सख्त रुख, सुधार के निर्देश

निरीक्षण के दौरान जब कान्हा गौशाला हसनपुर में कैमरों में गौवंश दिखाई नहीं दिया, तो जिलाधिकारी ने तत्काल संज्ञान लेते हुए ईओ हसनपुर को इसे तुरंत दुरुस्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने यह भी कहा कि सभी केयरटेकर्स की उपस्थिति की जांच प्रतिदिन कंट्रोल रूम के माध्यम से की जाए, ताकि जिम्मेदारी तय हो सके और कार्य में पारदर्शिता बनी रहे।

​ 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *