छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में सराफा कारोबारी से 3.35 करोड़ की लूट के मामले में पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल की है। महज 24 घंटे के भीतर पुलिस ने आरोपियों की पहचान कर उन्हें ट्रेस कर लिया, जिसके बाद उनका पीछा करते हुए उत्तरप्रदेश पहुंच गई। हालांकि, इससे पहले पुलिस अफसरों ने UP पुलिस की मदद ली। उन्हें लुटेरों के भागने की जानकारी दी। इस दौरान धरपकड़ करते समय लुटेरे भाग रहे थे, तब पुलिस ने उन्हें पकड़ने के लिए फायरिंग की। भागते समय एक बदमाश के पैर में गोली लगी है, जिससे वो घायल हो गया है। UP पुलिस आज इस मामले का मिर्जापुर में खुलासा करेगी। बता दें कि सरकंडा के राजकिशोर नगर में सराफा कारोबारी संतोष तिवारी मंगलवार की रात लूट की वारदात हो गई थी। इस घटना के बाद पुलिस अलर्ट मोड पर आ गई। आईजी रामगोपाल गर्ग खुद मौके पर पहुंच गए और अफसरों को दिशानिर्देश देते रहे। जांच के दौरान टीम ने शहर के आउटर इलाके के ग्राम उरतुम के पास सराफा कारोबारी संतोष की लूटी हुई कार को बरामद कर लिया। जिसके बाद पुलिस ने सीसीटीवी कैमरों की मदद ली। साथ ही तकनीकी जांच कर आरोपियों को ट्रेस कर लिया। हालांकि, पुलिस अफसर अभी इस मामले में कुछ भी कहने से बच रहे हैं। एक दिन पहले अकलतरा से चोरी की थी कार पुलिस जांच में पता चला कि वारदात में उपयोग की गई बाइक और कार दोनों चोरी की थी। बाइक अंबिकापुर में पदस्थ नगर सैनिक राकेश चौबे के नाम पर दर्ज है, जिसे आरोपियों ने 13 फरवरी को मैनपाट से चोरी किया था और उसी से वे बिलासपुर आए। वहीं सफेद रंग की इको वैन वारदात से एक दिन पहले अकलतरा थाना क्षेत्र से चुराई गई थी। जिसकी एफआईआर थाने में दर्ज है। 10 टीमें अलग-अलग एंगल पर जांच में जुटी लुटेरों को पकड़ने के लिए गठित टीमों को अलग-अलग जिम्मेदारी सौंपी गई। तीन टीमें टेक्निकल टीम की मदद से यूपी, बिहार और झारखंड रूट पर काम करती रही। एक टीम शहर के होटल और लॉज में आरोपियों के ठहरने और आवाजाही की जानकारी जुटाई। एक अन्य टीम पिछले तीन दिनों के घर से दुकान के बीच लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालती रही। एक टीम घटना स्थल के टॉवर डंप और अन्य टेक्निकल इनपुट पर काम की। फिंगरप्रिंट का मिलान नेफिस के सर्वर पर लोड डाटा से किया गया। अन्य टीमें संदेहियों की धरपकड़, उर्तुम, सेलर और आसपास के क्षेत्रों के सीसीटीवी फुटेज की जांच और एफएसएल से मिले सुरागों के आधार पर आरोपियों की पहचान में जुट गई। कारोबारी की कार छोड़कर स्कॉर्पियो से भागे लुटेरे पुलिस अफसरों ने जांच के दौरान हर एक पाइंट को शामिल किया। इसके साथ ही अलग-अलग जगहों से सीसीटीवी फुटेज की जांच की, तब पता चला कि लुटेरों का गैंग स्कार्पियो में भी सराफा कारोबारी का पीछा कर रहा था। जिसके बाद पुलिस ने उस स्कार्पियो की पहचान की। कार बरामद होने के बाद सीसीटीवी फुटेज खंगालने पर पता चला कि लुटेरे स्कार्पियो से फरार हुए हैं, जिसके बाद पुलिस केवल एक ही दिशा में काम पर जुट गई। गाड़ियां चोरी कर लूट के पैटर्न पर किया काम जांच में शामिल टीम को पुलिस अफसरों ने शहर के साथ ही प्रदेश भर में गाड़ियां चोरी कर लूट करने वाले गैंग की जानकारी जुटाई। तब पता चला कि दिसंबर महीने में सरकंडा पुलिस ने होटल कारोबारी लखन लाल देवांगन उर्फ निटी (46) के साथ हुई लूट की जानकारी जुटाई, तब पता चला कि आरोपियों ने पुलिस को चकमा देने के लिए तखतपुर से बाइक (सीजी 10 एएस 2450) और अंबिकापुर से बाइक (सीजी 15 सीके 1036) चोरी की थी। लूट की कोशिश विफल होने के बाद, चारों ने चोरी की बाइकें रेलवे स्टेशन पर छिपा दी थी। होटल संचालक से लूट के जुड़े तार सरकंडा में होटल व्यवसायी निटी देवांगन से लूट का प्रयास करने वाले गिरोह के एक सदस्य को पुलिस ने मध्यप्रदेश के अनूपपुर से गिरफ्तार किया था। आरोपी गगनदीप बंसल दिल्ली का रहने वाला है। उसने अपने तीन साथी विजय लाम्बा, आमीर और शकील के साथ मिलकर होटल संचालक निटी के गले से सोने की चेन लूटने का प्रयास किया था। इस केस में विजय लाम्बा, आमीर और शकील फरार हैं। पुलिस ने दोनों केस को जोड़कर जांच की, तब अहम सुराग मिला। जिसके आधार पर पुलिस की टीम उनका पीछा करते हुए उत्तरप्रदेश के लिए रवाना हुई। UP पुलिस को इनपुट देकर मांगी मदद चूंकि, पुलिस की टीम लुटेरों से काफी दूर थी और लुटेरे तेजी से भाग रहे थे। ऐसे में तकनीकी इनपुट देकर बिलासपुर पुलिस ने उत्तरप्रदेश पुलिस की मदद मांगी, जिसके बाद उत्तरप्रदेश एटीएस के साथ जिला पुलिस लुटेरों की तलाश में जुट गई। इस दौरान मिर्जापुर पुलिस ने एक संदिग्ध गाड़ी में सवार लुटेरों का पीछा किया। भाग रहे लुटेरों को पकड़ने किया हॉफ एनकाउंटर इस दौरान पुलिस से बचने के लिए लुटेरे भागने लगे। बताया जा रहा है कि लुटेरों ने पुलिस की टीम पर पिस्टल से फायरिंग की, जिस पर पुलिस को जवाबी फायरिंग करनी पड़ी। इस दौरान एक आरोपी का हॉफ एनकाउंटर करना पड़ा। पुलिस ने उसके पैर में गोली मारी, तब एकाउंटर के डर से दहशत में आए लुटेरों ने पुलिस के सामने सरेंडर कर दिया। घायल लुटेरे को अस्पताल में भर्ती कराने की बात कही जा रही है। उत्तरप्रदेश पुलिस गुरुवार को इस पूरी घटनाक्रम का खुलासा करेगी। आरोपियों को रिमांड पर लेकर आएगी पुलिस सूत्रों का कहना है कि उत्तरप्रदेश के मिर्जापुर में प्रेस कांफ्रेस के बाद आरोपियों को कोर्ट में पेश किया जाएगा, जिसके बाद बिलासपुर पुलिस उन्हें प्रोडक्शन वारंट पर लेकर आएगी। हालांकि, अभी यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि लुटेरों से कितना सोना और लूट का माल बरामद हुआ है। सराफा कारोबारियों से आईजी बोले- सफलता मिलने के बाद मिलेंगे बुधवार को सराफा एसोसिएशन के पदाधिकारी आईजी रामगोपाल गर्ग से मिलने पहुंचे थे। चूंकि वे घटना की जांच में जुटे अधिकारियों के साथ व्यस्त थे। ऐसे में छग सराफा एसोसिएशन के अध्यक्ष कमल सोनी ने उनसे फोन पर बात की। आईजी ने उन्हें मरीज का ध्यान रखने के लिए कहा और आरोपी को पकड़ने के बाद सभी से मुलाकात करेंगे। वहीं, एसएसपी रजनेश सिंह के बाहर होने पर एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने उनसे भी बात की। एसएसपी ने भी आरोपियों को पकड़ने का भरोसा दिलाया।


