पूर्णिया में भगवान हनुमान की प्रतिमा की प्राण-प्रतिष्ठा को लेकर भव्य कलश शोभा यात्रा निकाली गई। शहर के हाउसिंग कॉलोनी स्थित सार्वजनिक नर्मदेश्वर शिव मंदिर परिसर से शुरू हुई इस यात्रा में सैकड़ों की संख्या में महिला-पुरुष श्रद्धालु शामिल हुए। पूरा इलाका जय श्रीराम, जय बजरंगबली और हर-हर महादेव के जयकारों से गूंज उठा। कलश शोभा यात्रा हाउसिंग कॉलोनी से निकलकर एसपी आवास रोड, भूतनाथ मंदिर, डोनर चौक और रामबाग होते हुए पूर्णिया सिटी स्थित सौरा नदी पहुंची, जहां श्रद्धालु महिलाओं ने कलश में जल भरा। इसके बाद यात्रा मंदिर परिसर लौटकर संपन्न हुई। मंदिर पहुंचने पर भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें श्रद्धालु पंक्तिबद्ध होकर खिचड़ी प्रसाद ग्रहण करते नजर आए। श्रद्धालुओं के लिए पेयजल की व्यवस्था पीले वस्त्र धारण किए सैकड़ों महिलाएं सिर पर कलश लेकर मंगल गीत गाती हुई चल रही थीं। उनके पीछे युवतियों और बालिकाओं का भी जत्था शामिल था। पुरुष श्रद्धालु भजन-कीर्तन और ढोल-नगाड़ों के साथ यात्रा को आगे बढ़ाते दिखे। रास्ते भर स्थानीय लोगों ने श्रद्धालुओं के लिए पेयजल और सेवा की व्यवस्था कर भक्ति भाव का परिचय दिया। विशेष पूजा-अर्चना, हवन मंदिर समिति के सदस्य विकास वर्मा ने बताया कि कलश यात्रा और जलाधिवास के बाद विधि-विधान और शास्त्रोक्त पद्धति से बजरंगबली की प्रतिमा की प्राण-प्रतिष्ठा किया जाना है। इस अवसर पर विशेष पूजा-अर्चना, हवन और भंडारे का आयोजन भी किया गया है। प्राण-प्रतिष्ठा को लेकर पूरे इलाके में उत्सव जैसा माहौल युवा समाजसेवी शशि भगत ने कहा कि हाउसिंग कॉलोनी के इस सार्वजनिक मंदिर में भगवान हनुमान की स्थापना से लोगों की आस्था को नया केंद्र मिला है। आयोजन पूरे क्षेत्र को एक सूत्र में जोड़ने का काम कर रहा है। ये दिन ऐतिहासिक है। इस धार्मिक आयोजन में मंदिर समिति के कई सदस्य और स्थानीय गणमान्य लोग मौजूद रहे। प्राण-प्रतिष्ठा को लेकर पूरे इलाके में उत्सव जैसा माहौल बना हुआ है और श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखा जा रहा है। पूर्णिया में भगवान हनुमान की प्रतिमा की प्राण-प्रतिष्ठा को लेकर भव्य कलश शोभा यात्रा निकाली गई। शहर के हाउसिंग कॉलोनी स्थित सार्वजनिक नर्मदेश्वर शिव मंदिर परिसर से शुरू हुई इस यात्रा में सैकड़ों की संख्या में महिला-पुरुष श्रद्धालु शामिल हुए। पूरा इलाका जय श्रीराम, जय बजरंगबली और हर-हर महादेव के जयकारों से गूंज उठा। कलश शोभा यात्रा हाउसिंग कॉलोनी से निकलकर एसपी आवास रोड, भूतनाथ मंदिर, डोनर चौक और रामबाग होते हुए पूर्णिया सिटी स्थित सौरा नदी पहुंची, जहां श्रद्धालु महिलाओं ने कलश में जल भरा। इसके बाद यात्रा मंदिर परिसर लौटकर संपन्न हुई। मंदिर पहुंचने पर भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें श्रद्धालु पंक्तिबद्ध होकर खिचड़ी प्रसाद ग्रहण करते नजर आए। श्रद्धालुओं के लिए पेयजल की व्यवस्था पीले वस्त्र धारण किए सैकड़ों महिलाएं सिर पर कलश लेकर मंगल गीत गाती हुई चल रही थीं। उनके पीछे युवतियों और बालिकाओं का भी जत्था शामिल था। पुरुष श्रद्धालु भजन-कीर्तन और ढोल-नगाड़ों के साथ यात्रा को आगे बढ़ाते दिखे। रास्ते भर स्थानीय लोगों ने श्रद्धालुओं के लिए पेयजल और सेवा की व्यवस्था कर भक्ति भाव का परिचय दिया। विशेष पूजा-अर्चना, हवन मंदिर समिति के सदस्य विकास वर्मा ने बताया कि कलश यात्रा और जलाधिवास के बाद विधि-विधान और शास्त्रोक्त पद्धति से बजरंगबली की प्रतिमा की प्राण-प्रतिष्ठा किया जाना है। इस अवसर पर विशेष पूजा-अर्चना, हवन और भंडारे का आयोजन भी किया गया है। प्राण-प्रतिष्ठा को लेकर पूरे इलाके में उत्सव जैसा माहौल युवा समाजसेवी शशि भगत ने कहा कि हाउसिंग कॉलोनी के इस सार्वजनिक मंदिर में भगवान हनुमान की स्थापना से लोगों की आस्था को नया केंद्र मिला है। आयोजन पूरे क्षेत्र को एक सूत्र में जोड़ने का काम कर रहा है। ये दिन ऐतिहासिक है। इस धार्मिक आयोजन में मंदिर समिति के कई सदस्य और स्थानीय गणमान्य लोग मौजूद रहे। प्राण-प्रतिष्ठा को लेकर पूरे इलाके में उत्सव जैसा माहौल बना हुआ है और श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखा जा रहा है।


