गोंडा में आज महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी भव्य तरीके से भगवान भोलेनाथ की भव्य शिव बारात निकाली गई थी। यह शुभ आयोजन प्राचीन तिवारी बाबा प्रीमेश्वर महादेव मंदिर से शुरू हुआ और बारात मुख्य मार्ग से होते हुए झूलेलाल चौराहा तक पहुंची और फिर बाबा दुखहरनाथ मंदिर पर समाप्त हुई। जहां दुखहरनाथ मंदिर के सामने भगवान शिव और माता पार्वती की वैदिक विधि से सांकेतिक वरमाला हुई, जिसमें लाखों श्रद्धालुओं ने भाग लिया। भक्तों का उत्साह देखने लायक था लगभग पांच घंटे तक चली इस बारात में शिव भक्तों का जोश चरम पर था। भगवान शिव की बारात में भगवान विष्णु, ब्रह्मा, सप्तऋषि, नारद मुनि, गणेश जी, कार्तिकेय, नंदी, भूत-प्रेत, अघोरी, नाग, साधु-संत और शिव भक्त शामिल हुए। शिवगणों की विचित्र वेशभूषा और अनोखी झांकियां आकर्षण का मुख्य केंद्र रहीं। सभी देवता के रूप में सजे लोग प्रसन्न मुद्रा में नजर आए। बारात में लाखों की संख्या में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी थी, जिससे खड़े होने तक की जगह नहीं मिल रही थी। इसके बावजूद लोग किसी तरह इस पूरे आयोजन में शामिल हुए। भक्तजन डीजे की धुन पर झूमते हुए भोलेनाथ के भजनों पर नृत्य करते और अबीर-गुलाल उड़ाते नजर आए। गोंडा पुलिस और प्रशासन ने इस यात्रा की सुरक्षा के लिए व्यापक इंतजाम किए थे। ड्रोन कैमरों से निगरानी की गई और हर मार्ग पर पुलिसकर्मी तैनात रहे। शिव भक्तों ने जगह-जगह पुष्प वर्षा कर भोलेनाथ की बारात का स्वागत किया। भगवान शिव और माता पार्वती की विवाह रस्म के बाद तिवारी बाबा मंदिर में भव्य भंडारे का आयोजन किया गया, जहां हजारों श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। देखें कार्यक्रम की फोटो…


