पूर्णिया में 28 मार्च को रामनवमी पर भव्य शोभा यात्रा निकाली जाएगी। शोभा यात्रा दुर्गा स्थान मधुबनी से निकलेगी। श्री रामनवमी शोभा यात्रा समिति के आयोजकों का दावा है कि इस बार की राम नवमी शोभा यात्रा पूरे देश में एक रिकॉर्ड कायम करेगी। शोभायात्रा के स्वागत के लिए जगह-जगह स्वागत द्वार बनाए जाएंगे। शोभायात्रा में सामाजिक और धार्मिक झांकियों का विशेष आकर्षण रहेगा। शोभा यात्रा को यादगार बनाने बंगाल और झारखंड से विशेष झांकी दल को आमंत्रित किया गया है। शोभा यात्रा में गाजा बाजा, ढोल-नगाड़ा, डीजे की भी विशेष व्यवस्था रहेगी। तैयारी को लेकर शहर के मधुबनी में श्री रामनवमी शोभायात्रा समिति की ओर से बैठक और प्रेस वार्ता का आयोजन किया गया। साल 1992 से परंपरा कायम बैठक की अध्यक्षता करते हुए संयोजक प्रवीण चौरसिया ने बताया कि पूर्णिया में श्री रामनवमी शोभा यात्रा समिति की ओर से साल 1992 में पहली बार शोभा यात्रा निकाली गई। इसके बाद से आज तक ये परंपरा कायम है। इस बार 35वां साल है। इसे भव्य और ऐतिहासिक बनाने की तैयारी चल रही है। संरक्षक राजीव राय, संजय मोहन प्रभाकर, गुप्तेश्व कुमार और बंटी यादव ने बताया कि शोभायात्रा मधुबनी बजार होते हुए सिपाही टोला रोड, डॉलर हाऊस चौक, नगर निगम पूर्णिया, आरएन साव चौक, भट्ठा लखन चौक, रजनी चौक, लाइन बाजार, खुश्किबाग स्टेशन रोड होते हुए मां काली मंदिर सिटी में भरत मिलाप के बाद संपन्न होगी। शोभा यात्रा में बंगाल की झांकी, भगवा, झंडा, भगवा पताका और बैंड पार्टी शामिल होंगे। इसमें न सिर्फ पूर्णिया बल्कि सीमांचल कोसी और नेपाल के लोग भी शामिल होते हैं। सह संयोजक बबलू सहाय, सोनी सिंह, अभिजीत तिवारी, अनिल चौधरी, मंजीत कुमार, अभयम लाल, सुदर्शन ने आगे बताया कि रामनवमी शोभायात्रा अपने आप में भव्य, विशाल और ऐतिहासिक होगी। लाखों लोग शामिल होंगे। ये बिहारी ही नहीं बल्कि देश भर में एक रिकॉर्ड कायम करेगी। इसकी सारी तैयारी टोली के सभी सदस्य मिलकर कर रहे हैं। लोगों में शोभायात्रा को लेकर जबरदस्त उत्साह का माहौल है। वरिष्ठ सदस्य राजेश गोस्वामी, रतन केसरी ने बताया कि रामभक्त उस क्षण का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं और शोभायात्रा का हिस्सा बनने के लिए अपने-अपने स्तर से भी तैयारी में लगे हैं। साज-सज्जा की तैयारी की जा रही सामाजिक, सांसकृतिक, धार्मिक संगठन, अखाड़े से शोभायात्रा में तरह-तरह के झांकी, वाद्य यंत्र, साज-सज्जा की तैयारी की जा रही है। अधिक संख्या में महिला-पुरुष, युवा युवतियों को शोभायात्रा में शामिल किए जाने, प्रत्येक घरों पर भगवा ध्वज लगाना, मंदिर में रामायण पाठ, अष्टयाम आयोजित किए जाने को लेकर भी बैठक में चर्चा की गई। पूर्णिया में 28 मार्च को रामनवमी पर भव्य शोभा यात्रा निकाली जाएगी। शोभा यात्रा दुर्गा स्थान मधुबनी से निकलेगी। श्री रामनवमी शोभा यात्रा समिति के आयोजकों का दावा है कि इस बार की राम नवमी शोभा यात्रा पूरे देश में एक रिकॉर्ड कायम करेगी। शोभायात्रा के स्वागत के लिए जगह-जगह स्वागत द्वार बनाए जाएंगे। शोभायात्रा में सामाजिक और धार्मिक झांकियों का विशेष आकर्षण रहेगा। शोभा यात्रा को यादगार बनाने बंगाल और झारखंड से विशेष झांकी दल को आमंत्रित किया गया है। शोभा यात्रा में गाजा बाजा, ढोल-नगाड़ा, डीजे की भी विशेष व्यवस्था रहेगी। तैयारी को लेकर शहर के मधुबनी में श्री रामनवमी शोभायात्रा समिति की ओर से बैठक और प्रेस वार्ता का आयोजन किया गया। साल 1992 से परंपरा कायम बैठक की अध्यक्षता करते हुए संयोजक प्रवीण चौरसिया ने बताया कि पूर्णिया में श्री रामनवमी शोभा यात्रा समिति की ओर से साल 1992 में पहली बार शोभा यात्रा निकाली गई। इसके बाद से आज तक ये परंपरा कायम है। इस बार 35वां साल है। इसे भव्य और ऐतिहासिक बनाने की तैयारी चल रही है। संरक्षक राजीव राय, संजय मोहन प्रभाकर, गुप्तेश्व कुमार और बंटी यादव ने बताया कि शोभायात्रा मधुबनी बजार होते हुए सिपाही टोला रोड, डॉलर हाऊस चौक, नगर निगम पूर्णिया, आरएन साव चौक, भट्ठा लखन चौक, रजनी चौक, लाइन बाजार, खुश्किबाग स्टेशन रोड होते हुए मां काली मंदिर सिटी में भरत मिलाप के बाद संपन्न होगी। शोभा यात्रा में बंगाल की झांकी, भगवा, झंडा, भगवा पताका और बैंड पार्टी शामिल होंगे। इसमें न सिर्फ पूर्णिया बल्कि सीमांचल कोसी और नेपाल के लोग भी शामिल होते हैं। सह संयोजक बबलू सहाय, सोनी सिंह, अभिजीत तिवारी, अनिल चौधरी, मंजीत कुमार, अभयम लाल, सुदर्शन ने आगे बताया कि रामनवमी शोभायात्रा अपने आप में भव्य, विशाल और ऐतिहासिक होगी। लाखों लोग शामिल होंगे। ये बिहारी ही नहीं बल्कि देश भर में एक रिकॉर्ड कायम करेगी। इसकी सारी तैयारी टोली के सभी सदस्य मिलकर कर रहे हैं। लोगों में शोभायात्रा को लेकर जबरदस्त उत्साह का माहौल है। वरिष्ठ सदस्य राजेश गोस्वामी, रतन केसरी ने बताया कि रामभक्त उस क्षण का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं और शोभायात्रा का हिस्सा बनने के लिए अपने-अपने स्तर से भी तैयारी में लगे हैं। साज-सज्जा की तैयारी की जा रही सामाजिक, सांसकृतिक, धार्मिक संगठन, अखाड़े से शोभायात्रा में तरह-तरह के झांकी, वाद्य यंत्र, साज-सज्जा की तैयारी की जा रही है। अधिक संख्या में महिला-पुरुष, युवा युवतियों को शोभायात्रा में शामिल किए जाने, प्रत्येक घरों पर भगवा ध्वज लगाना, मंदिर में रामायण पाठ, अष्टयाम आयोजित किए जाने को लेकर भी बैठक में चर्चा की गई।


