गोरखपुर में अरुण हत्याकांड में कई चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। पुलिस की जांच में सामने आया है कि यह घटना किसी पुरानी रंजिश का परिणाम नहीं बल्कि पिस्टल की ‘टेस्टिंग’ के दौरान हुई है। पकड़े गए आरोपियों ने बताया कि एक पिस्टल आई थी। जिसकी टेस्टिंग की जा रही थी। दो बार टेस्ट करने पर वह मिस कर गई, तब मुंह से धांय-धांय बोलकर मजाक किया गया। अचानक मुख्य आरोपी विशाल ने तीसरी बार ट्रिगर दबाया तो, गोली अरुण के सीने में जाकर धंस गई। जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद सभी दोस्त वहां से भाग निकले थे। पुलिस ने इस मामले में 02 बालअपचारी समेत चार को गिरफ्तार किया था। इसमे दो बाल अपचारी को मंगलवार को किशोर न्याय बोर्ड के सामने पेश किया। जहां से उन्हें बाल सुधार गृह भेज दिया गया। जबकि फर्टिलाइजर निवासी देवेन्द्र और बिट्टू निषाद को जेल भेज दिया गया। वहीं पुलिस मुख्य आरोपी विशाल और सोनू यादव की तलाश में दबिश दे रही है। चिलुआताल के हमीनपुर तेनुअहिया गांव निवासी अरुण निषाद की रविवार की शाम को करीब चार बजे खेल के मैदान में गोली लगने से मौत हो गई थी। इस मामले में अरुण के पिता ने करीमनगर निवासी विशाल और देवेन्द्र को नामजद तथा चार अज्ञात के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराया है। इंस्टाग्राम पर सक्रिय था मुख्य आरोपी विशाल पुलिस सूत्रों के अनुसार, मुख्य आरोपी विशाल सोशल मीडिया, खासकर इंस्टाग्राम पर काफी सक्रिय था। जिसमें वह अपने दोस्तों के साथ रुपये लहराते और ‘रौब’ दिखाने वाले वीडियो अपलोड करता था। उसके अब तक 44 पोस्ट किए हैं। जिसमें 712 फॉलोवर और 313 फ्रेंड हैं। फोटो और वीडियो पोस्ट कर इलाके में दबदबा बनाने की कोशिश करता था। पुलिस अब उसके सोशल मीडिया अकाउंट की भी जांच कर रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि हथियार कहां से आया और उसके पीछे कौन लोग जुड़े हैं। चार टीमे कर रही मुख्य आरोपी की तलाश मामले में नामजद आरोपी विशाल और सोनू की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की चार टीमें गठित की गई हैं। संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी जा रही है। पुलिस का कहना है कि आरोपियों के मोबाइल फोन बंद हैं, लेकिन सर्विलांस के जरिए उनकी लोकेशन ट्रैक करने की कोशिश की जा रही है।
जांच में यह भी सामने आया है कि मुख्य आरोपी की बहन की शादी दो दिन बाद तय है। ऐसे में पुलिस को आशंका है कि आरोपी शादी में शामिल होने के लिए गुपचुप तरीके से घर या रिश्तेदारों के यहां आ सकता है। इसी संभावना को देखते हुए शादी स्थल और आसपास के इलाकों में सादे कपड़ों में पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। इधर, मृतक अरुण के परिजनों ने आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी और कड़ी सजा की मांग की है। परिवार का कहना है कि लापरवाही और दिखावे की संस्कृति ने उनके घर का चिराग बुझा दिया। गांव और आसपास के क्षेत्र में भी लोगों में आक्रोश है। इस संबंध में एसपी नॉर्थ ज्ञानेंद्र कुमार ने बताया कि दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रथम दृष्टया मामला अवैध हथियार के लापरवाही से इस्तेमाल का प्रतीत हो रहा है, लेकिन सभी पहलुओं पर जांच की जा रही है। हथियार की बरामदगी और फोरेंसिक जांच के बाद ही पूरी तस्वीर स्पष्ट होगी। जल्द ही मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर घटना का खुलासा किया जाएगा। रविवार को गोली मारकर की गई थी हत्या गोरखपुर के चिलुआताल में अरुण निषाद (22) की रविवार शाम गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस घटना को लेकर सोमवार पूरे दिन हमीनपुर तेनुअहिया गांव से लेकर सड़क तक हंगामा चलता रहा। परिजन गोरखनाथ मंदिर जाने की कोशिश करते रहे। बवाल की आशंका को देखते हुए कई थानों की पुलिस और सीओ को तैनात कर दिया गया था। दिन भर परिजन हत्यारोपियों की गिरफ्तारी की मांग करते रहे। देर रात पुलिस ने हत्या के आरोप में अरुण के 4 दोस्तों को अरेस्ट कर लिया। वहीं मुख्य आरोपी विशाल समेत दो की तलाश में पुलिस टीम लगातार दबिश दे रही है। पकड़े गए आरोपियों में 02 नाबालिग हैं। पूछताछ में सामने आया है कि घटना वाले दिन अरुण और उसके साथी बाइक से खेल मैदान में पहुंचे थे। आरोप है कि विशाल अपने साथ अवैध पिस्टल लेकर आया था और साथियों को दिखा रहा था। इसी दौरान पिस्टल चेक करते समय अचानक गोली चल गई, जो अरुण के पेट में लग गई। गंभीर रूप से घायल अरुण को अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी मौत हो गई। सभी दोस्तों की अरुण के साथ कई रील्स भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। सभी साथ में रील्स भी बनाते थे। दोपहर बाद अरुण का पोस्टमार्टम बीआरडी मेडिकल कॉलेज में कराया गया। इसके बाद उसका शव गांव लाया गया, जहां अंतिम दर्शन के बाद छामू धान पर दाह संस्कार किया गया। इस दौरान कई थानों की पुलिस फोर्स व अधिकारी मौजूद रहे। वहीं कई नेता भी परिवार को ढांढस बंधाने मृतक के घर पहुंचे। परिवार से मिलकर कार्रवाई कराने का आश्वासन दिया। अब विस्तार से जानें पूरा मामला
चिलुआताल के हमीनपुर तेनुअहिया गांव निवासी अरुण निषाद की रविवार की शाम को करीब चार बजे खेल के मैदान में गोली लगने से मौत हो गई थी। इस मामले में अरुण के पिता ने करीमनगर निवासी विशाल और देवेन्द्र को नामजद तथा चार अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज कराया है। पुलिस ने सीसी फुटेज के आधार पर जांच आगे बढ़ाई और आरोपियों की तलाश शुरू की तो नामजद आरोपी फर्टिलाइजर निवासी देवेन्द्र को गिरफ्तार कर लिया। उससे पूछताछ के बाद एक अन्य आरोपित बिट्टू निषाद समेत तीन को पकड़ लिया। इनमें दो नाबालिग बताए जा रहे हैं। उनसे पूछताछ में यह पूरा मामला दूसरे एंगल की तरफ ही मुड़ने लगा। पकड़े गए आरोपियों ने पुलिस को बताया कि विशाल अपने साथ कहीं से अवैध पिस्टल खरीद कर ले आया था। अरुण और अन्य को पिस्टल दिखा रहा था। इस दौरान गोली चली और अरुण के पेट में गोली लगने से उसकी मौत हो गई। हालांकि वह पिस्टल कहां से लेकर आया था इसका मकसद क्या था इन सभी पहलुओं की पुलिस जांच कर रही है। इस संबंध में एसपी सिटी अभिनव त्यागी ने बताया कि विशाल की गिरफ्तारी के बाद अन्य मामलों की जानकारी सामने आएगी। फुटेज में घेरा बनाकर खड़े हैं सभी
सीसीटीवी फुटेज में 2 बाइक से चार लोग जाते दिख रहे हैं। जिसमें विशाल और अरुण भी शामिल हैं। वहीं खेल के मैदान में एक घेरा बनाकर अरुण और 06 आरोपी कुछ देख रहे हैं। इस बीच गोली चलती है और अरुण मैदान में गिर जाता है। जबकि उसके साथी एक-एक कर भागने लगते हैं। इस बीच गोली की आवाज सुनकर और अरुण को जमीन पर गिरा देखकर कुछ महिलाएं ईंट-पत्थर लेकर दौड़ाती हैं लेकिन आरोपी बाइक से फरार हो जाते हैं। पेंट पालिश का काम करता था अरुण चिलुआताल थाना क्षेत्र के तेनुहिया निवासी भोला निषाद का बेटा अरुण पेंट पालिश का काम करता था। पिता भोला निषाद ने चिलुआताल थाने में दी गई तहरीर में बताया कि रविवार की शाम करीब चार बजे विशाल नामक युवक मेरे घर आया और मेरे बेटे अरुण निषाद को बुलाकर ले गया। दो भाइयों में बड़ा था अरुण
अरुण निषाद दो भाइयों में बड़ा था। छोटा भाई तरुण है, अरुण पेंट पालिश का काम करता था। हत्या के बाद परिवार में कोहराम मच गया। अरुण की मां का रो-रोकर बुरा हाल हो गया था।


