केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने मंगलवार को लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी और आरजेडी नेता तेजस्वी यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस सांसद को पहले अपने घर का ध्यान रखना चाहिए। उन्होंने एएनआई से कहा कि कुछ कांग्रेस विधायकों ने राहुल गांधी के नेतृत्व को नकार दिया है। राहुल गांधी को पहले अपने घर का ध्यान रखना चाहिए। पार्टी को संभालने में नाकाम रहने के लिए राहुल गांधी को माफी मांगनी चाहिए। तेजस्वी यादव एक वोट से हार गए, और आज वे विपक्ष के नेता का पद संभालने के लायक नहीं हैं। हमारे नेतृत्व पर आरोप लगाना बहुत आसान है। वे अब विपक्ष के नेता का पद संभालने के लायक नहीं हैं; उन्हें स्वेच्छा से इस्तीफा दे देना चाहिए।
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राज्यसभा चुनावों में क्रॉस-वोटिंग की खबरों पर भाजपा प्रवक्ता शहजाद पूनावाला ने कहा कि जो लोग आज हॉर्स ट्रेडिंग की बात कर रहे हैं, वे खुद एक ऐसी पार्टी हैं जो घोड़ों, गायों और बैलों से चारा चुराती है… जिनकी आदत या स्वभाव ही चारा चुराना या अस्तबल लूटना है, वे सोचते हैं कि ऐसे लोग हर जगह हैं। आपके नेता आप पर भरोसा नहीं करते। हम इसके बारे में क्या कर सकते हैं? जनता ने तेजस्वी यादव और राहुल गांधी को नकार दिया, और अब जनता के बाद आपके अपने विधायक आपको नकार रहे हैं। इससे पता चलता है कि उन्हें लगता है कि आप भरोसेमंद नहीं हैं, और जब आप ये आरोप लगाते हैं, तो आप हम पर नहीं बल्कि अपने ही विधायकों पर दोष मढ़ रहे हैं।
बिहार की पांच राज्यसभा सीट के लिए सोमवार को हुए चुनाव में सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नीत राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) को मिली शत प्रतिशत जीत के बाद विपक्ष ने मंगलवार को विधायकों की ‘खरीद-फरोख्त’ का आरोप लगाया और दलबदल विरोधी कानून की समीक्षा की मांग की। भाजपा और उसके सहयोगी दलों ने हालांकि विपक्ष के आरोपों को खारिज करते हुए दावा किया कि विरोधी पक्ष अपने विधायकों को संभालने में विफल रहा और मतदान के दौरान व्हिप जारी करने की मानक प्रक्रियाओं का पालन नहीं किया। कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने लोकसभा परिसर में संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि राजनीतिक नैतिकता निम्नतम स्तर पर पहुंच गई है। लोग अब उन राजनीतिक दलों का सम्मान नहीं करते जो उन्हें सदन में लाए हैं। दलबदल विरोधी कानून पर गंभीरता से पुनर्विचार करने का समय आ गया है, क्योंकि हर चुनाव में विधायकों की खरीद-फरोख्त के मामले सामने आते हैं। जो कभी एक छिटपुट घटना होती थी अब यह व्यापक समस्या बन गई है।
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लालू प्रसाद यादव नीत राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के सांसद सुधाकर सिंह ने आरोप लगाया कि राजग ने ‘धनबल’ का इस्तेमाल करके जीत हासिल की। उन्होंने कहा कि न केवल तेजस्वी यादव, बल्कि पूरे देश ने भाजपा पर विधायकों की खरीद-फरोख्त के आरोप लगाए हैं। उन्होंने हरियाणा, ओडिशा, बिहार और अन्य राज्यों में भी ऐसा किया है।’’ सिंह ने कहा, ‘‘चुनाव बिना बहुमत के, धन बल का इस्तेमाल करके लड़े जा रहे हैं। विधायकों को तोड़ा जा रहा है। लोकतंत्र को इस तरह काम नहीं करना चाहिए। दल-बदल विरोधी कानून ठीक इसी तरह की कार्रवाइयों को रोकने के लिए बनाया गया है। इसके तहत कोई पार्टी तभी टूट सकती है जब उसके पास दो-तिहाई बहुमत हो।


