जमीन के बदले नौकरी मामले (Land for Job Scam) में राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने लालू यादव को समन जारी कर पूछताछ के लिए बुलाया है। इस बीच आज केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने बेगूसराय में पत्रकारों से बातचीत करते हुए स्पष्ट किया कि लालू यादव को ED का बुलाया जाना पूरी तरह से एक कानूनी प्रक्रिया है। उन्होंने विपक्ष के उन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया जिसमें केंद्रीय एजेंसियों के दुरुपयोग की बात कही जा रही थी। ED ने की कानूनी कार्रवाई गिरिराज सिंह ने कहा कि अगर ED ने लालू यादव को बुलाया है, तो यह एक कानूनी कार्रवाई है। इसमें सरकार का कोई हस्तक्षेप नहीं है। लालू यादव ने जैसा किया है, वैसा ही फल उन्हें अब भुगतना पड़ेगा। कानून सबके लिए बराबर है और जांच एजेंसियां अपने साक्ष्यों के आधार पर काम कर रही हैं। गिरिराज सिंह ने तंज कसते हुए कहा कि जब कोई गलत काम करता है, तो उसे उसके परिणाम के लिए भी तैयार रहना चाहिए। उन्होंने संकेत दिया कि लालू परिवार पर लगे भ्रष्टाचार के आरोप पुराने हैं और उनके पास छुपाने के लिए कुछ नहीं बचा है। न्याय की प्रक्रिया में किसी को भी बाधा नहीं डालनी चाहिए। विवाद लैड फॉर जॉब घोटाले से जुड़ा विवाद लैड फॉर जॉब घोटाले से जुड़ा है। आरोप है कि लालू प्रसाद यादव जब 2004 से 2009 के बीच रेल मंत्री थे, तब रेलवे में ग्रुप-डी के पदों पर नियुक्तियों के बदले कई लोगों से जमीनें लिखवाई गई थी। इस मामले में सीबीआई और ईडी दोनों ही जांच कर रही हैं। ईडी ने इस मामले को लेकर हाल ही में लालू यादव और उनके बेटे तेजस्वी यादव को पूछताछ के लिए नए समन जारी किए गए थे, जिसके बाद से ही प्रदेश की सियासत में उबाल है। गिरिराज सिंह ने आज इसे इसे कानूनी प्रक्रिया बताते हुए जोरदार तंज कसा है। जमीन के बदले नौकरी मामले (Land for Job Scam) में राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने लालू यादव को समन जारी कर पूछताछ के लिए बुलाया है। इस बीच आज केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने बेगूसराय में पत्रकारों से बातचीत करते हुए स्पष्ट किया कि लालू यादव को ED का बुलाया जाना पूरी तरह से एक कानूनी प्रक्रिया है। उन्होंने विपक्ष के उन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया जिसमें केंद्रीय एजेंसियों के दुरुपयोग की बात कही जा रही थी। ED ने की कानूनी कार्रवाई गिरिराज सिंह ने कहा कि अगर ED ने लालू यादव को बुलाया है, तो यह एक कानूनी कार्रवाई है। इसमें सरकार का कोई हस्तक्षेप नहीं है। लालू यादव ने जैसा किया है, वैसा ही फल उन्हें अब भुगतना पड़ेगा। कानून सबके लिए बराबर है और जांच एजेंसियां अपने साक्ष्यों के आधार पर काम कर रही हैं। गिरिराज सिंह ने तंज कसते हुए कहा कि जब कोई गलत काम करता है, तो उसे उसके परिणाम के लिए भी तैयार रहना चाहिए। उन्होंने संकेत दिया कि लालू परिवार पर लगे भ्रष्टाचार के आरोप पुराने हैं और उनके पास छुपाने के लिए कुछ नहीं बचा है। न्याय की प्रक्रिया में किसी को भी बाधा नहीं डालनी चाहिए। विवाद लैड फॉर जॉब घोटाले से जुड़ा विवाद लैड फॉर जॉब घोटाले से जुड़ा है। आरोप है कि लालू प्रसाद यादव जब 2004 से 2009 के बीच रेल मंत्री थे, तब रेलवे में ग्रुप-डी के पदों पर नियुक्तियों के बदले कई लोगों से जमीनें लिखवाई गई थी। इस मामले में सीबीआई और ईडी दोनों ही जांच कर रही हैं। ईडी ने इस मामले को लेकर हाल ही में लालू यादव और उनके बेटे तेजस्वी यादव को पूछताछ के लिए नए समन जारी किए गए थे, जिसके बाद से ही प्रदेश की सियासत में उबाल है। गिरिराज सिंह ने आज इसे इसे कानूनी प्रक्रिया बताते हुए जोरदार तंज कसा है।


