झांसी में पूर्व जिला पंचायत सदस्य महेश राजपूत के बेटे अंशुल राजपूत (24) की हत्या के मामले में पुलिस ने अपनी जांच का दायरा बढ़ा दिया है। इस केस में नामजद रमेश राजपूत, भरत राजपूत और गोविंद सिंह राजपूत ने कई घंटों की पूछताछ के बाद घटना में शामिल होने से इनकार किया है। अब अंशुल के दोस्त और करीबी पुलिस के राडार पर आ गए हैं। पुलिस ने अंशुल के मोबाइल का सीडीआर निकाला। अंतिम बार अंशुल की अपने एक रिश्तेदार से बात हुई थी। पुलिस उससे भी पूछताछ कर चुकी है। इधर, रविवार शाम को दो डॉक्टरों के पैनल ने अंशुल के शव का पोस्टमार्टम किया। जिसमें कनपटी में एक गोली मारे जाने की पुष्टि हुई है। गोली सिर में आर पार हो गई। इसी वजह से अंशुल की मौत हुई है। शनिवार को अंशुल राजपूत खेत पर गया था। वहां पर गोली मारकर उसकी हत्या कर दी थी। मां खेत पर पहुंची तो पता चला रक्सा थाना क्षेत्र के नयाकुआं गांव निवासी अंशुल राजपूत शनिवार को खेत पर गया था। शाम करीब 6 बजे खेत में बनी झोपड़ी के अंदर से उसका खून से सना शव बरामद हुआ था। हमलावरों ने कनपटी से सटाकर गोली मारी थी। देर-शाम तक घर न लौटने पर मां कलावती उसे तलाशते हुए खेत पर पहुंची थी। तब खून से सना शव बरामद हुआ था। अंशुल के परिजनों ने पुरानी रंजिश का आरोप लगाते हुए 3 लोगों पर हत्या का केस दर्ज कराया था। पुलिस शनिवार रात से ही आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। कई घंटे चली पूछताछ के बाद भी आरोपी घटना में शामिल होने से इनकार कर रहे हैं। छानबीन में जुटी पुलिस को आशंका है कि वेलेंटाइन डे के दिन उसकी हत्या के पीछे कोई प्रेम प्रसंग जैसा मामला भी हो सकता है। इसके लिए पुलिस उसके दोस्तों के मोबाइल फोन को भी खंगाल रही है। एसएसपी बीबी जीटीएस मूर्ति का कहना है कि पुलिस कई अलग-अलग बिंदुओं पर जांच कर रही है। इसके लिए कई टीम भी लगाई गई है।


