भिवानी निवासी पूर्व सांसद चौधरी जंगबीर सिंह का लंबी बीमारी के चलते निधन हो गया। जगबीर सिंह ने गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में अंतिम सांस ली। वो अक्टूबर महीने से लगातार बीमार चल रहे थे। इस दौरान इनके बड़े बेटे कमल प्रधान व छोटे बेटे हरिकेश लगातार उनकी देखभाल में लगे थे। जंगबीर सिंह का जन्म तोशाम हल्के के खरकड़ी (माखवान) गांव में एक मार्च 1941 को हुआ था। उन्होंने एमए व एलएलबी तक पढ़ाई की और फौज में भर्ती हुए। राज राइफल में रहते उन्होंने 1962 व 1965 की चीन व पाक से लड़ाई में दुश्मनों के छक्के छुड़ाए थे। इसके बाद वो राजनीति में आए और आपातकाल के दौरान 1975 से 77 तक दो साल हिसार जेल में रहे। 1991-96 तक रहे सांसद
चौधरी जंगबीर सिंह के पिता चौधरी रघुबीर सिंह भी फौज में सुबेदार थे। जिनसे मिली प्रेरणा से जंगबीर सिंह में भी देश सेवा व समाज सेवा का गजब का जज्बा रहा। साथ ही अपने पिता से प्रेरित होकर समाजसेवा में हमेशा अग्रणी रहे। जिसके चलते वो हरियाणा विकास पार्टी से साल 1991 से 96 तक भिवानी संसदीय सीट से लोकसभा सांसद भी रहे। बीते अक्टूबर महीने से वो बीमार चल रहे थे। 85 साल की उम्र में चौधरी जंगबीर सिंह ने मेदांता अस्पताल में अंतिम सांस ली। कमल प्रधान ने बताया कि उनके पिता का अंतिम संस्कार 28 मार्च को सुबह 11 बजे तोशाम जुई रोड़ स्थित चौधरी रघुबीर सिंह फार्म हाउस पर पेट्रोल पंप के पास किया जाएगा।


