खिलही प्राथमिक विद्यालय में आमरण अनशन समाप्त:आठवें दिन विद्यालय खोलने की मांग पर बनी सहमति

खिलही प्राथमिक विद्यालय में आमरण अनशन समाप्त:आठवें दिन विद्यालय खोलने की मांग पर बनी सहमति

खुटौना प्रखंड की चतुर्भुज पिपराही पंचायत के खिलही गांव स्थित प्राथमिक विद्यालय (नोनिया टोल) को पुनः संचालित करने की मांग को लेकर चल रहा आमरण अनशन मंगलवार को आठवें दिन समाप्त हो गया। प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ) और प्रभारी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी ने पूर्व प्रमुख सह पंचायत समिति सदस्य संजीव कुमार भिंडवार को जूस पिलाकर अनशन तुड़वाया। संजीव भिंडवार अपने 11 समर्थकों के साथ 10 मार्च 2026 से विद्यालय परिसर में आमरण अनशन पर बैठे थे। इस आंदोलन को स्थानीय ग्रामीणों का लगातार समर्थन मिल रहा था। ग्रामीणों का कहना था कि विद्यालय वर्षों से बंद होने के कारण क्षेत्र के सैकड़ों बच्चे शिक्षा से वंचित थे। मंगलवार को अनशन स्थल पर पदाधिकारियों और आंदोलनकारियों के बीच वार्ता हुई, जिसमें विद्यालय खोलने की मांग पर सहमति बनी। समझौते के तहत, जिला शिक्षा पदाधिकारी के पत्रांक 1110, दिनांक 16 मार्च 2026 के आलोक में निदेशक, प्राथमिक शिक्षा, बिहार सरकार, पटना को विद्यालय को पुनः चालू करने के लिए पत्र भेजा गया है। अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि आवश्यक अनुमति मिलने के बाद विद्यालय संचालन की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। इस वार्ता के बाद आंदोलनकारियों ने निदेशक, प्राथमिक शिक्षा से अनुमति मिलने की प्रत्याशा में आमरण अनशन को स्थगित करने का निर्णय लिया। इस अवसर पर पूर्व प्रमुख अमित दत्त, जिप सदस्य लौकही रामलषण यादव, प्रिंस कुमार, पवन सनोगिया, सत्येन्द्र यादव और शक्ति सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे। खुटौना प्रखंड की चतुर्भुज पिपराही पंचायत के खिलही गांव स्थित प्राथमिक विद्यालय (नोनिया टोल) को पुनः संचालित करने की मांग को लेकर चल रहा आमरण अनशन मंगलवार को आठवें दिन समाप्त हो गया। प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ) और प्रभारी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी ने पूर्व प्रमुख सह पंचायत समिति सदस्य संजीव कुमार भिंडवार को जूस पिलाकर अनशन तुड़वाया। संजीव भिंडवार अपने 11 समर्थकों के साथ 10 मार्च 2026 से विद्यालय परिसर में आमरण अनशन पर बैठे थे। इस आंदोलन को स्थानीय ग्रामीणों का लगातार समर्थन मिल रहा था। ग्रामीणों का कहना था कि विद्यालय वर्षों से बंद होने के कारण क्षेत्र के सैकड़ों बच्चे शिक्षा से वंचित थे। मंगलवार को अनशन स्थल पर पदाधिकारियों और आंदोलनकारियों के बीच वार्ता हुई, जिसमें विद्यालय खोलने की मांग पर सहमति बनी। समझौते के तहत, जिला शिक्षा पदाधिकारी के पत्रांक 1110, दिनांक 16 मार्च 2026 के आलोक में निदेशक, प्राथमिक शिक्षा, बिहार सरकार, पटना को विद्यालय को पुनः चालू करने के लिए पत्र भेजा गया है। अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि आवश्यक अनुमति मिलने के बाद विद्यालय संचालन की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। इस वार्ता के बाद आंदोलनकारियों ने निदेशक, प्राथमिक शिक्षा से अनुमति मिलने की प्रत्याशा में आमरण अनशन को स्थगित करने का निर्णय लिया। इस अवसर पर पूर्व प्रमुख अमित दत्त, जिप सदस्य लौकही रामलषण यादव, प्रिंस कुमार, पवन सनोगिया, सत्येन्द्र यादव और शक्ति सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।  

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