बांका के रजौन थाना क्षेत्र के मड़नी गांव में रविवार शाम आग लगने से एक किसान का लाखों रुपये का धान पुआल जलकर राख हो गया। असामाजिक तत्वों द्वारा आग लगाए जाने की आशंका जताई जा रही है। इस घटना में लगभग दो एकड़ धान का पुआल और तैयार धान नष्ट हो गया। रविवार की शाम अचानक लग गई आग गांव निवासी कूटकून शर्मा ने अपने खेत के पास धान का पुआल और कुछ तैयार धान संग्रहित कर रखा था। रविवार की शाम अचानक इसमें आग लग गई। सुबह गांव में आग लगने की खबर फैलते ही किसान कूटकून शर्मा और उनके परिजन मौके पर पहुंचे। आसपास के ग्रामीण भी मदद के लिए जुट गए। कुछ लोगों ने आग बुझाने का प्रयास किया, जबकि अन्य ग्रामीणों ने धान को सुरक्षित स्थान पर हटाने की कोशिश की। पीड़ित किसान और परिजनों का घटना से बुरा हाल काफी मशक्कत के बावजूद आग पर पूरी तरह काबू नहीं पाया जा सका और दो एकड़ का पूरा धान पुआल जलकर नष्ट हो गया। हालांकि, कुछ तैयार धान को बचा लिया गया, लेकिन बड़ी मात्रा में धान आग की चपेट में आकर जल गया। पीड़ित किसान और उनके परिजनों का इस घटना से बुरा हाल है। किसान ने बताया कि इस बार फसल अच्छी हुई थी और उन्हें मुनाफे की उम्मीद थी, लेकिन असामाजिक तत्वों ने जानबूझकर आग लगाकर उनकी मेहनत बर्बाद कर दी। इस आगजनी में लाखों रुपये की संपत्ति का नुकसान होने का अनुमान है। पीड़ित किसान ने प्रशासन से सरकारी सहायता राशि की मांग की है। वहीं, मुखिया प्रतिनिधि टिंकू सिंह ने घटना की सूचना अंचलाधिकारी को दे दी है। बांका के रजौन थाना क्षेत्र के मड़नी गांव में रविवार शाम आग लगने से एक किसान का लाखों रुपये का धान पुआल जलकर राख हो गया। असामाजिक तत्वों द्वारा आग लगाए जाने की आशंका जताई जा रही है। इस घटना में लगभग दो एकड़ धान का पुआल और तैयार धान नष्ट हो गया। रविवार की शाम अचानक लग गई आग गांव निवासी कूटकून शर्मा ने अपने खेत के पास धान का पुआल और कुछ तैयार धान संग्रहित कर रखा था। रविवार की शाम अचानक इसमें आग लग गई। सुबह गांव में आग लगने की खबर फैलते ही किसान कूटकून शर्मा और उनके परिजन मौके पर पहुंचे। आसपास के ग्रामीण भी मदद के लिए जुट गए। कुछ लोगों ने आग बुझाने का प्रयास किया, जबकि अन्य ग्रामीणों ने धान को सुरक्षित स्थान पर हटाने की कोशिश की। पीड़ित किसान और परिजनों का घटना से बुरा हाल काफी मशक्कत के बावजूद आग पर पूरी तरह काबू नहीं पाया जा सका और दो एकड़ का पूरा धान पुआल जलकर नष्ट हो गया। हालांकि, कुछ तैयार धान को बचा लिया गया, लेकिन बड़ी मात्रा में धान आग की चपेट में आकर जल गया। पीड़ित किसान और उनके परिजनों का इस घटना से बुरा हाल है। किसान ने बताया कि इस बार फसल अच्छी हुई थी और उन्हें मुनाफे की उम्मीद थी, लेकिन असामाजिक तत्वों ने जानबूझकर आग लगाकर उनकी मेहनत बर्बाद कर दी। इस आगजनी में लाखों रुपये की संपत्ति का नुकसान होने का अनुमान है। पीड़ित किसान ने प्रशासन से सरकारी सहायता राशि की मांग की है। वहीं, मुखिया प्रतिनिधि टिंकू सिंह ने घटना की सूचना अंचलाधिकारी को दे दी है।


