किशनगंज पुलिस ने फर्जी आधार कार्ड बनाने वाले एक अंतर्राज्यीय गिरोह के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। इस अभियान में पुलिस ने गिरोह के एक और सदस्य साजिद रब्बानी को गिरफ्तार किया है। इस मामले में अब तक कुल तीन आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार को मिली सूचना के आधार पर एसडीपीओ मंगलेश कुमार किशनगंज के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई थी। इस टीम में पुलिस उपाधीक्षक सह थानाध्यक्ष साइबर थाना और जिला आसूचना इकाई के सदस्य शामिल थे। टीम लगातार आसूचना संकलन कर रही थी। मुख्य सरगना को पहले ही किया गया था गिरफ्तार इसी क्रम में, 2 अप्रैल 2026 को टेढ़ागाछ थाना क्षेत्र की एक किराना दुकान में छापेमारी कर गिरोह के मुख्य सरगना को पहले ही गिरफ्तार किया गया था। इस संबंध में टेढ़ागाछ थाना कांड संख्या-112/2026 दर्ज किया गया था। अब, इसी कांड के वांछित प्राथमिकी अभियुक्त साजिद रब्बानी (47 वर्ष, पिता स्व. मो. मुंशी हुसैन, निवासी श्यामपुर, थाना पलासी, जिला अररिया) को 5 अप्रैल 2026 को टेढ़ागाछ थाना क्षेत्र से गिरफ्तार किया गया है। प्रिंटिंग प्रेस की आड़ में बायोमेट्रिक फिंगरप्रिंट बेचता था जांच में सामने आया है कि अभियुक्त साजिद रब्बानी प्रिंटिंग प्रेस की आड़ में फर्जी प्रमाण पत्र और क्लोन बायोमेट्रिक फिंगरप्रिंट तैयार कर बेचता था। इन क्लोन फिंगरप्रिंट का उपयोग गिरोह के मुख्य सरगना मनोहर कुमार द्वारा विशेष सॉफ्टवेयर चलाकर अवैध आधार कार्ड बनाने में किया जा रहा था। गिरफ्तार अभियुक्त की गिरोह से सीधी संलिप्तता पाई गई है। पुलिस के अनुसार, उपलब्ध साक्ष्यों और अनुसंधान से गिरोह का अंतर्राज्यीय नेटवर्क उजागर हुआ है। यह गिरोह सीमावर्ती क्षेत्रों में सक्रिय था और फर्जी दस्तावेजों के जरिए आधार कार्ड तथा अन्य प्रमाण पत्र बनाकर लोगों को ठग रहा था। एसपी बोले- गिरोहों पर कड़ी नजर रखी जा रही एसपी संतोष कुमार ने बताया कि ऐसे गिरोहों पर कड़ी नजर रखी जा रही है और छापेमारी जारी रहेगी। पुलिस अन्य अभियुक्तों की तलाश में अभियान चला रही है। पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि वे आधार कार्ड या किसी भी सरकारी दस्तावेज बनवाते समय केवल अधिकृत केंद्रों का ही उपयोग करें। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को देने का आग्रह भी किया गया है। किशनगंज पुलिस ने फर्जी आधार कार्ड बनाने वाले एक अंतर्राज्यीय गिरोह के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। इस अभियान में पुलिस ने गिरोह के एक और सदस्य साजिद रब्बानी को गिरफ्तार किया है। इस मामले में अब तक कुल तीन आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार को मिली सूचना के आधार पर एसडीपीओ मंगलेश कुमार किशनगंज के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई थी। इस टीम में पुलिस उपाधीक्षक सह थानाध्यक्ष साइबर थाना और जिला आसूचना इकाई के सदस्य शामिल थे। टीम लगातार आसूचना संकलन कर रही थी। मुख्य सरगना को पहले ही किया गया था गिरफ्तार इसी क्रम में, 2 अप्रैल 2026 को टेढ़ागाछ थाना क्षेत्र की एक किराना दुकान में छापेमारी कर गिरोह के मुख्य सरगना को पहले ही गिरफ्तार किया गया था। इस संबंध में टेढ़ागाछ थाना कांड संख्या-112/2026 दर्ज किया गया था। अब, इसी कांड के वांछित प्राथमिकी अभियुक्त साजिद रब्बानी (47 वर्ष, पिता स्व. मो. मुंशी हुसैन, निवासी श्यामपुर, थाना पलासी, जिला अररिया) को 5 अप्रैल 2026 को टेढ़ागाछ थाना क्षेत्र से गिरफ्तार किया गया है। प्रिंटिंग प्रेस की आड़ में बायोमेट्रिक फिंगरप्रिंट बेचता था जांच में सामने आया है कि अभियुक्त साजिद रब्बानी प्रिंटिंग प्रेस की आड़ में फर्जी प्रमाण पत्र और क्लोन बायोमेट्रिक फिंगरप्रिंट तैयार कर बेचता था। इन क्लोन फिंगरप्रिंट का उपयोग गिरोह के मुख्य सरगना मनोहर कुमार द्वारा विशेष सॉफ्टवेयर चलाकर अवैध आधार कार्ड बनाने में किया जा रहा था। गिरफ्तार अभियुक्त की गिरोह से सीधी संलिप्तता पाई गई है। पुलिस के अनुसार, उपलब्ध साक्ष्यों और अनुसंधान से गिरोह का अंतर्राज्यीय नेटवर्क उजागर हुआ है। यह गिरोह सीमावर्ती क्षेत्रों में सक्रिय था और फर्जी दस्तावेजों के जरिए आधार कार्ड तथा अन्य प्रमाण पत्र बनाकर लोगों को ठग रहा था। एसपी बोले- गिरोहों पर कड़ी नजर रखी जा रही एसपी संतोष कुमार ने बताया कि ऐसे गिरोहों पर कड़ी नजर रखी जा रही है और छापेमारी जारी रहेगी। पुलिस अन्य अभियुक्तों की तलाश में अभियान चला रही है। पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि वे आधार कार्ड या किसी भी सरकारी दस्तावेज बनवाते समय केवल अधिकृत केंद्रों का ही उपयोग करें। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को देने का आग्रह भी किया गया है।


