आमतौर पर जिलों या थाना क्षेत्रों के विवाद सामने आते हैं, लेकिन अजमेर में 2 किमी लंबी एक सड़क ही दो विधानसभा क्षेत्रों में बंटी हुई है। बस स्टैंड से कुंदन नगर सीआरपीएफ ब्रिज तक सड़क का बायां हिस्सा अजमेर उत्तर और दायां हिस्सा अजमेर दक्षिण में आता है। नतीजा-एक ओर नई चमचमाती सड़क, दूसरी ओर जर्जर और गड्डों से भरी राह। यह सड़क है 2 किमी लंबी बस स्टैंड से कुंदन नगर सीआरपीएफ ब्रिज तक। उत्तर के विधायक एवं विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी की अनुशंसा पर पीडब्लूडी ने इस एक तरफ की मौजूदा सड़क को उखाड़ कर नई सड़क बनाई गई। वाइट लाइनिंग भी कर दी गई। सड़क निर्माण पर 1.36 करोड़ रुपए खर्च हुए। यह राशि उत्तर की दो सड़कों की स्वीकृति कैंसिल कर इस सड़क के लिए पीडब्लूडी को दी गई, लेकिन दक्षिण विधानसभा क्षेत्र से बजट नहीं मिलने के कारण दूसरी और सड़क नहीं बनी। सड़क का लेफ्ट वाला भाग उत्तर तथा राइट वाला दक्षिण विधानसभा में आता है। दक्षिण से अनीता भदेल विधायक हैं। ऊबड़-खाबड़ सड़क से गुजरते हैं 50 हजार लोग इस सड़क प्रतिदिन करीब 50 हजार लोग गुजरते हैं। अजमेर उत्तर को जोड़ने के साथ ही यह अजमेर दक्षिण, ब्यावर, नसीराबाद के लिए भी प्रमुख सड़क है। एलएसजी की इस सड़क की स्वीकृति 2023-2024 में जारी हुई थी। सड़क की 7 मीटर की चौड़ाई में डामरीकरण किया गया। एक तरफ सड़क बनने और दूसरी तरफ नहीं बनने से यह सड़क दो भागों में बटने से ऊंची-नीची है। दक्षिण की सड़क क्षतिग्रस्त होने से लोगों को परेशानी का सामाना करना पड़ रहा है। सीआरपीएफ ब्रिज के पास डिवाइडर व सड़क का लेवल एक हो गया। वाहनों के फिसलकर दूसरी लेन में जाने का खतरा रहता है। डिवाइडर भी टूटे हैं। रोड लाइटें भी नहीं जलती। पानी की लाइन के कारण टूटी थी उत्तर की सड़क स्पीकर देवनानी ने 6 सितंबर 2025 में बस स्टैंड से सीआरपीएफ ब्रिज तक सड़क पुनर्निर्माण का शिलान्यास किया था। सड़क का निर्माण नवंबर में पूरा हुआ। पीडब्लूडी ने डामर लेयर को 50 एमएम तक उखाड़ कर नए सिरे से सड़क बनाई। उत्तर की सड़क पेयजल लाइन डालने के कारण अधिक क्षतिग्रस्त हो गई थी बाद में सड़क की मरम्मत की गई तो यह अधिकतर जगह से धंस गई थी। हाल ही में जारी हुए बजट में होगा अब बनेगी सड़क पीडब्लूडी एक्सईएन विपिन जिंदल अपने मामले में कहा कि लेफ्ट साइड वाली सड़क उत्तर विधानसभा में आती है। राइट साइड वाली सड़क दक्षिण विधानसभा में है। इसकी कोई भी योजना में स्वीकृति नहीं होने के कारण सड़क निर्माण कार्य नहीं हो पाया। 26-27 के तहत वर्तमान में जारी हुए बजट में अब यह सड़क बनाई जाएगी।


