प्रयागराज में एलपीजी गैस सिलेंडर की कमी से स्ट्रीट फूड वेंडरों के सामने रोजगार का संकट खड़ा हो गया है। इस समस्या को लेकर आजाद स्ट्रीट वेंडर वेलफेयर यूनियन (हॉकर्स जॉइंट एक्शन कमेटी से सम्बद्ध) के एक प्रतिनिधिमंडल ने प्रदेश महामंत्री रवि शंकर द्विवेदी के नेतृत्व में जिलाधिकारी से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा। उन्होंने शहर के स्ट्रीट फूड वेंडरों के लिए प्राथमिकता के आधार पर एलपीजी गैस सिलेंडर उपलब्ध कराने की मांग की। यूनियन के प्रदेश महामंत्री रवि शंकर द्विवेदी ने बताया कि शहरी क्षेत्र में बड़ी संख्या में स्ट्रीट फूड वेंडर दीनदयाल अंत्योदय योजना के लाभार्थी हैं। इन वेंडरों ने प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना के तहत बैंक से ऋण लेकर अपना छोटा व्यवसाय शुरू किया है। वे फुटपाथ और सड़क किनारे ठेला लगाकर आम लोगों को ताजा और सस्ता भोजन उपलब्ध कराते हैं, जिससे उनके परिवार का भरण-पोषण होता है।
द्विवेदी ने बताया कि वर्तमान में एलपीजी गैस सिलेंडर की उपलब्धता में आ रही दिक्कतों के कारण इन छोटे कारोबारियों की रोजी-रोटी प्रभावित हो रही है। गैस न मिलने की वजह से कई वेंडरों को मजबूरी में कोयले की भट्टी का सहारा लेना पड़ रहा है। इससे न केवल उनके काम करने में परेशानी बढ़ रही है, बल्कि कोयले के धुएं से वायु प्रदूषण बढ़ने का खतरा भी उत्पन्न हो रहा है। प्रतिनिधिमंडल ने प्रशासन से अपील की कि शहर के लघु व्यवसायियों और स्ट्रीट फूड विक्रेताओं को एलपीजी गैस सिलेंडर प्राथमिकता के आधार पर उपलब्ध कराए जाएं। उनका कहना था कि इससे हजारों फुटपाथ व्यवसायियों के रोजगार को सहारा मिलेगा और शहरवासियों को भी स्वच्छ एवं सस्ता भोजन मिलता रहेगा। इस दौरान प्रमोद भारतीय, देवेंद्र कुमार सोनकर, मुकेश सोनकर, मोहम्मद नसीम, दुर्गेंद्र मणि त्रिपाठी, यार मोहम्मद, मोहम्मद अनस, पंकज सोनकर, अजय सोनी, विकास गुप्ता, लव सोनकर और रीतेश श्रीवास्तव सहित कई स्ट्रीट वेंडर प्रतिनिधि मौजूद रहे।


