मुजफ्फरपुर में किसानों के निबंधन (फार्मर रजिस्ट्री) काम में तेजी लाने और उन्हें केंद्र और राज्य सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का शत-प्रतिशत फायदा दिलाने के उद्देश्य से जिला प्रशासन सक्रिय है। जिलाधिकारी की ओर से जिला, प्रखंड और पंचायत स्तर के अधिकारियों और कर्मियों के काम की लगातार समीक्षा की जा रही है। आवश्यकता पड़ने पर जिलाधिकारी स्वयं प्रखंडों का दौरा कर मौके पर ही कार्य की समीक्षा एवं मॉनिटरिंग कर आवश्यक निर्देश दे रहे हैं। योजनाओं का सीधा फायदा मिल सकेगा जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि फार्मर रजिस्ट्री केवल एक औपचारिक प्रक्रिया नहीं, बल्कि किसानों के भविष्य से जुड़ा एक महत्वपूर्ण काम है। इसके माध्यम से किसानों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना सहित अन्य कृषि एवं कल्याणकारी योजनाओं का सीधा फायदा मिल सकेगा। प्रशासन इस काम को मिशन मोड में कर रहा है और हर स्तर पर जवाबदेही तय की जा रही है। समीक्षा के दौरान यह सामने आया कि एक ही दिन में 41,016 किसानों का निबंधन किया गया, जो प्रशासनिक सक्रियता को दर्शाता है। जिले में अब तक कुल 2,32,935 किसानों का निबंधन पूरा हो चुका है। इनमें से 1,29,769 किसान प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना से आच्छादित हैं। जिलाधिकारी ने निबंधन की गति और तेज करने के निर्देश दिए हैं, ताकि कोई भी पात्र किसान छूट न जाए। प्रखंडवार फार्मर रजिस्ट्री की स्थिति भी समीक्षा में प्रस्तुत की गई। आंकड़ों के अनुसार, पारु प्रखंड में 22,205, बरूराज में 21,266, कुढ़नी में 20,485, मीनापुर में 18,676 और बोचहा में 18,126 किसानों का निबंधन किया गया है। इसके अलावा गायघाट प्रखंड में 17,345, सरैया में 16,115, औराई में 15,291, कांटी में 13,699 और सकरा प्रखंड में 13,178 किसानों का निबंधन पूरा किया गया है। मुजफ्फरपुर में किसानों के निबंधन (फार्मर रजिस्ट्री) काम में तेजी लाने और उन्हें केंद्र और राज्य सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का शत-प्रतिशत फायदा दिलाने के उद्देश्य से जिला प्रशासन सक्रिय है। जिलाधिकारी की ओर से जिला, प्रखंड और पंचायत स्तर के अधिकारियों और कर्मियों के काम की लगातार समीक्षा की जा रही है। आवश्यकता पड़ने पर जिलाधिकारी स्वयं प्रखंडों का दौरा कर मौके पर ही कार्य की समीक्षा एवं मॉनिटरिंग कर आवश्यक निर्देश दे रहे हैं। योजनाओं का सीधा फायदा मिल सकेगा जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि फार्मर रजिस्ट्री केवल एक औपचारिक प्रक्रिया नहीं, बल्कि किसानों के भविष्य से जुड़ा एक महत्वपूर्ण काम है। इसके माध्यम से किसानों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना सहित अन्य कृषि एवं कल्याणकारी योजनाओं का सीधा फायदा मिल सकेगा। प्रशासन इस काम को मिशन मोड में कर रहा है और हर स्तर पर जवाबदेही तय की जा रही है। समीक्षा के दौरान यह सामने आया कि एक ही दिन में 41,016 किसानों का निबंधन किया गया, जो प्रशासनिक सक्रियता को दर्शाता है। जिले में अब तक कुल 2,32,935 किसानों का निबंधन पूरा हो चुका है। इनमें से 1,29,769 किसान प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना से आच्छादित हैं। जिलाधिकारी ने निबंधन की गति और तेज करने के निर्देश दिए हैं, ताकि कोई भी पात्र किसान छूट न जाए। प्रखंडवार फार्मर रजिस्ट्री की स्थिति भी समीक्षा में प्रस्तुत की गई। आंकड़ों के अनुसार, पारु प्रखंड में 22,205, बरूराज में 21,266, कुढ़नी में 20,485, मीनापुर में 18,676 और बोचहा में 18,126 किसानों का निबंधन किया गया है। इसके अलावा गायघाट प्रखंड में 17,345, सरैया में 16,115, औराई में 15,291, कांटी में 13,699 और सकरा प्रखंड में 13,178 किसानों का निबंधन पूरा किया गया है।


