धमतरी जिले में डिप्टी रेंजर मुकुंद राव वाहने पर गंभीर आरोप लगे हैं। ग्रामीणों ने दावा किया है कि डिप्टी रेंजर ने 75 एकड़ भूमि पर बिना अनुमति के मुरुम का अवैध खनन किया और लगभग एक हजार पेड़ों की कटाई की है। इस मामले को लेकर ग्रामीणों ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर कानूनी कार्रवाई की मांग की है। मामला मोहंदी वन परिक्षेत्र से जुड़ा है। ग्रामीणों का आरोप है कि डिप्टी रेंजर ने अवैध रूप से मुरुम खनन किया और लगभग एक हजार पेड़ों को काटा। ग्रामीणों ने कलेक्टर से इसकी शिकायत कर कार्रवाई की मांग की है। मगरलोड ब्लॉक के ग्राम सोनपैरी के ग्रामीणों ने बताया कि उनके गांव में 75 एकड़ भूमि पर घास और आबादी भूमि स्थित है, जो राजस्व विभाग के क्षेत्राधिकार में आती है। बिना अनुमति सड़क निर्माण और खनन का आरोप ग्रामीणों के अनुसार, मोहंदी वन परिक्षेत्र के डिप्टी रेंजर ने मनमाने और अवैधानिक तरीके से ग्रामवासियों को सूचना दिए बिना और बिना प्रशासनिक स्वीकृति के सड़क निर्माण, मुरुम खनन और पेड़ों की कटाई की है। खनन के दौरान 5-5 फीट गहरी और चौड़ी खुदाई भी की गई है। 75 एकड़ जमीन के पास गहरी खुदाई सरपंच प्रतिनिधि संतोष कुमार दीवान ने बताया कि उनके गांव सोनापैरी में 75 एकड़ जमीन किसानों को आवंटित की गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि बिना अनुमति के इस 75 एकड़ जमीन के किनारे 5-5 फीट गहरी और चौड़ी खुदाई की गई है। इसके अलावा 1000 से अधिक पेड़ों को भी अवैध रूप से काटा गया है। मवेशियों के रास्ते पर सवाल संतोष कुमार दीवान ने वन विभाग पर आरोप लगाते हुए कहा कि मवेशियों के आने-जाने के लिए रास्ता मांगने पर विभाग रास्ता नहीं देता, लेकिन बिना परमिशन के मुरुम डालकर सड़क बना दी गई है। जहां से मुरुम की खुदाई जंगल से की गई है। जानवरों को घास चरने में परेशानी ग्रामीण नेतराम साहू ने बताया कि यह 75 एकड़ जमीन एक साल पहले किसानों को आवंटित की गई थी। कम से कम 1000 पेड़ काटे गए हैं और 75 एकड़ जमीन के चारों ओर खाई जैसी खुदाई कर मुरुम निकाला गया है, जिससे जानवरों को घास चरने में काफी परेशानी हो रही है। इस मामले में पवन प्रेमी ने बताया कि जांच के लिए डीएफओ को पत्र भेजा गया है।


