दिल्ली की सर्दी अपनी कड़ाके की ठंड, घने कोहरे और अचानक बदलते मौसम के मिजाज के लिए दुनिया भर में मशहूर है। यहाँ सर्दी का अनुभव केवल मौसम तक सीमित नहीं है, बल्कि यह दिल्ली की जीवनशैली का एक हिस्सा बन जाता है। दिसंबर के अंत से जनवरी के मध्य तक दिल्ली में भीषण ठंड पड़ती है। अक्सर पहाड़ों (हिमालय) से आने वाली ठंडी बर्फीली हवाओं के कारण यहाँ ‘शीतलहर’ चलती है। आज (9 जनवरी 2026) भी दिल्ली ने इस सीजन की सबसे ठंडी सुबह देखी, जहाँ तापमान 4.6 डिग्री सेल्सियस तक गिर गया। जो इस मौसम में सामान्य तापमान से लगभग 2.3 डिग्री सेल्सियस कम था और यह इस मौसम की सबसे ठंडी सुबह रही।
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शहर भर के मौसम स्टेशनों ने भी सुबह के शुरुआती घंटों में हल्की बारिश दर्ज की, जिससे लोगों को कड़ाके की ठंड का सामना करना पड़ा।
स्टेशनवार आंकड़ों के अनुसार, सफदरजंग में न्यूनतम तापमान 4.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 2.3 डिग्री सेल्सियस कम था, जबकि पालम में 5.0 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया, जो सामान्य से 1.5 डिग्री कम था। लोधी रोड में न्यूनतम तापमान 5.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 0.8 डिग्री कम था, जबकि रिज स्टेशन पर 5.4 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया, जो सामान्य से 1.2 डिग्री कम था।
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सूचीबद्ध स्टेशनों में आयानगर सबसे ठंडा रहा, जहां न्यूनतम तापमान 4.8 डिग्री सेल्सियस तक गिर गया, जो औसत से 1.2 डिग्री कम था।
सफदरजंग और लोधी रोड में पिछले 24 घंटों में सुबह साढ़े आठ बजे तक मामूली बारिश दर्ज की गई, जबकि आयानगर में 0.8 मिमी बारिश हुई।
इसी अवधि के दौरान पालम और रिज स्टेशन पर कोई बारिश दर्ज नहीं की गई।
क्षेत्रीय मौसम पूर्वानुमान केंद्र के अनुसार, दिल्ली में अक्षरधाम, लोधी रोड, नेहरू स्टेडियम, आर के पुरम, डिफेंस कॉलोनी, लाजपत नगर, तुगलकाबाद, इग्नू, आयानगर और डेरामंडी समेत कुछ स्थानों पर बूंदाबांदी होने का अनुमान है।
भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने अपने पूर्वानुमान बुलेटिन में कहा है कि आने वाले दिनों में दिल्ली-एनसीआर समेत उत्तर और उत्तर-पश्चिम भारत के कुछ हिस्सों में शीत लहर की स्थिति बनी रहने का अनुमान है।
विभाग ने कहा, ‘‘आज सुबह कड़ाके की ठंड है लेकिन अभी तक शीत लहर की कोई आशंका नहीं है।’’
दिल्ली में अधिकतम तापमान 17 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है।
बृहस्पतिवार को मौसम की तीसरी सबसे ठंडी सुबह रही थी, क्योंकि शहर के बेस स्टेशन सफदरजंग में पारा गिरकर 5.8 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया था, जो सामान्य से 1.1 डिग्री कम है।
इस मौसम का सबसे कम न्यूनतम तापमान चार और पांच दिसंबर को दर्ज किया गया था, जब तापमान गिरकर 5.6 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था।
एक दिसंबर को न्यूनतम तापमान 5.7 डिग्री सेल्सियस था, जिससे बृहस्पतिवार का न्यूनतम तापमान 5.8 डिग्री सेल्सियस इस सर्दी में अब तक दर्ज किया गया तीसरा सबसे कम तापमान था।
दिल्ली में इस साल का पहला शीत दिवस छह जनवरी को दर्ज किया गया था, जब अधिकतम तापमान गिरकर 15.7 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जो इस मौसम के औसत से 3.3 डिग्री कम था, जबकि न्यूनतम तापमान 7.6 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से 0.7 डिग्री कम था।
बुधवार को भी राजधानी में भीषण ठंड का प्रकोप जारी था। अधिकतम तापमान 16.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था, जो सामान्य से 2.3 डिग्री कम था, और न्यूनतम तापमान 8.6 डिग्री सेल्सियस रहा था, जो मौसमी औसत से 1.7 डिग्री कम था।
विभाग के अनुसार, शीत दिवस की स्थिति तब घोषित की जाती है जब न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से कम हो जाता है और अधिकतम तापमान सामान्य से लगभग 4.5 से 6.4 डिग्री नीचे गिर जाता है।
इस बीच, दिल्ली की वायु गुणवत्ता अत्यंत खराब श्रेणी में बनी रही, और वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 325 दर्ज किया गया।
छब्बीस निगरानी केंद्रों ने अत्यंत खराब वायु गुणवत्ता की सूचना दी।
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के वर्गीकरण के अनुसार, एक्यूआई शून्य से 50 के बीच ‘अच्छा’, 51 से 100 के बीच ‘संतोषजनक’, 101 से 200 के बीच ‘मध्यम’, 201 से 300 के बीच ‘खराब’, 301 से 400 के बीच ‘बहुत खराब’ और 401 से 500 के बीच ‘गंभीर’ माना जाता है।


