मधुबनी के फुलपरास थाना क्षेत्र के खरगामा गांव के पास बगीचे में 35 वर्षीय युवक का शव पेड़ से लटका मिला। मृतक की पहचान फुलपरास थाना क्षेत्र के सांगी गांव निवासी तेतर महतो के बेटे सुपन कुमार महतो के रूप में हुई है। पुलिस ने शव को बरामद कर पोस्टमॉर्टम के लिए सदर अस्पताल मधुबनी भेज दिया है। साथ ही आगे की कार्रवाई शुरू कर दी। मृतक के साले कमलेश कुमार महतो ने बताया कि सुपन गुरुवार से ही घर से लापता था। शुक्रवार शाम करीब 6 बजे फुलपरास पुलिस को खरगामा गांव के निकट बगीचे में युवक का शव पेड़ से लटके होने की सूचना मिली। पुलिस के पहुंचने के बाद परिजनों को सूचित किया गया, जिन्होंने मौके पर पहुंचकर शव की पहचान की। कमलेश कुमार महतो के अनुसार, सुपन की शादी 20 साल पहले हुई थी और उसके दो बच्चे हैं। वह दिहाड़ी मजदूर के रूप में काम करके अपने परिवार का भरण-पोषण करता था। पुलिस को आत्महत्या की आशंका फुलपरास थानाध्यक्ष विक्रम आचार्य ने बताया कि पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए शनिवार को सदर अस्पताल मधुबनी भेज दिया है। पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है। प्रथम दृष्टया यह मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है, हालांकि आत्महत्या के कारणों का अभी तक पता नहीं चल पाया है। मधुबनी के फुलपरास थाना क्षेत्र के खरगामा गांव के पास बगीचे में 35 वर्षीय युवक का शव पेड़ से लटका मिला। मृतक की पहचान फुलपरास थाना क्षेत्र के सांगी गांव निवासी तेतर महतो के बेटे सुपन कुमार महतो के रूप में हुई है। पुलिस ने शव को बरामद कर पोस्टमॉर्टम के लिए सदर अस्पताल मधुबनी भेज दिया है। साथ ही आगे की कार्रवाई शुरू कर दी। मृतक के साले कमलेश कुमार महतो ने बताया कि सुपन गुरुवार से ही घर से लापता था। शुक्रवार शाम करीब 6 बजे फुलपरास पुलिस को खरगामा गांव के निकट बगीचे में युवक का शव पेड़ से लटके होने की सूचना मिली। पुलिस के पहुंचने के बाद परिजनों को सूचित किया गया, जिन्होंने मौके पर पहुंचकर शव की पहचान की। कमलेश कुमार महतो के अनुसार, सुपन की शादी 20 साल पहले हुई थी और उसके दो बच्चे हैं। वह दिहाड़ी मजदूर के रूप में काम करके अपने परिवार का भरण-पोषण करता था। पुलिस को आत्महत्या की आशंका फुलपरास थानाध्यक्ष विक्रम आचार्य ने बताया कि पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए शनिवार को सदर अस्पताल मधुबनी भेज दिया है। पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है। प्रथम दृष्टया यह मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है, हालांकि आत्महत्या के कारणों का अभी तक पता नहीं चल पाया है।


