Corporate FD में मिल रहा 8% से भी ज्यादा का रिटर्न, जानिए कितना सेफ है यहां निवेश

Corporate FD में मिल रहा 8% से भी ज्यादा का रिटर्न, जानिए कितना सेफ है यहां निवेश

Corporate FD Interest rate: शेयर बजार में पिछले कई महीनों से भारी अस्थिरता का दौर चल रहा है। रूस-यूक्रेन से लेकर अमेरिका की टैरिफ पॉलिसी तक, हर खबर बाजार को हिला देती है। ऐसे में आम निवेशक परेशान है कि आखिर अपनी मेहनत की कमाई कहां सुरक्षित रखें। बैंक FD का ब्याज बहुत कम आता है और जोखिम भरे विकल्पों में पैसा लगाएं तो रातों की नींद उड़ जाती है। यहीं पर कॉर्पोरेट फिक्स्ड डिपॉजिट यानी Corporate FD काम आती है।

कॉर्पोरेट FD क्यों बन रही निवेशकों की पहली पसंद?

कॉर्पोरेट FD बैंक FD की तुलना में काफी ज़्यादा ब्याज देती है। जानी-मानी NBFC कंपनियां इस समय आकर्षक दरें ऑफर कर रही हैं। यहां न तो बाजार की उतार-चढ़ाव का असर पड़ता है और न ही कोई छुपी हुई शर्त है। अप्रैल 2026 में प्रमुख कॉर्पोरेट एफडी निम्न हैं:

कंपनी का नाम रेटिंग ब्याज दर (Rate Slab) अवधि (Tenure) 1 वर्ष 2 वर्ष 3 वर्ष
श्रीराम फाइनेंस ICRA AA+, CRISIL AA+, CARE AA+ 7.60% 3-5 साल 7.00% 7.60% 7.60%
महिंद्रा फाइनेंस CRISIL AAA, IND AAA 7.00% 2-5 साल 6.60% 7.00% 7.00%
मणिपाल हाउसिंग फाइनेंस ACUITE A 8.25% 1-3 साल 8.25% 8.25% 7.75%
PNB हाउसिंग फाइनेंस CRISIL AA, CARE AA+ 6.90% 3-5 साल 6.60% 6.90% 6.90%
सुंदरम होम फाइनेंस CRISIL AAA, ICRA AAA 7.15% 4-5 साल 6.70% 7.00% 7.15%
बजाज फाइनेंस CRISIL AAA, ICRA AAA 6.95% 2-5 साल 6.60% 6.95% 6.95%

पैसा लगाने से पहले इन 5 बातों का रखें ध्यान

  • पहली और सबसे जरूरी बात, क्रेडिट रेटिंग देखें। AAA या AA+ रेटिंग वाली कंपनी ही चुनें। यह रेटिंग इस बात की गारंटी है कि आपकी पूंजी सुरक्षित हाथों में है। जिस कंपनी की रेटिंग कमजोर हो, उससे दूरी ही भली।
  • दूसरी बात, पैसा कब चाहिए यह पहले तय करें। FD की अवधि अपने जरूरत के हिसाब से रखें, क्योंकि बीच में तोड़ने पर जुर्माना लग सकता है। इसलिए पहले सोचें, फिर पैसा लगाएं।
  • तीसरी बात, ब्याज कैसे लेना है यह भी आपके हाथ में है। हर महीने चाहिए, हर तीन महीने में चाहिए या मेच्योरिटी पर एकमुश्त चाहिए, यह फैसला अपनी जरूरत और नकदी की जरूरत को देखकर करें।
  • चौथी बात, बुज़ुर्गों और महिलाओं के लिए अलग से फायदे मिलते हैं। ज़्यादातर NBFC इन्हें थोड़ा ज़्यादा ब्याज देती हैं। अगर घर में माँ-बाप या बड़े-बुज़ुर्ग हैं, तो उनके नाम पर FD लगाना और भी फायदेमंद हो सकता है।
  • पांचवीं बात, सिर्फ रेटिंग देखकर मत जाइए। NBFC का पुराना रिकॉर्ड भी खंगालें। ग्राहकों की शिकायतें कैसे सुलझाई गईं, कंपनी का वित्तीय प्रदर्शन कैसा रहा, यह सब भी जानना जरूरी है। अक्लमंद निवेशक वही हैं, जो हर पहलू को परखकर फैसला करें।

महंगाई का रखें ध्यान

Corporate FD एक अच्छा विकल्प है लेकिन यह कोई जादू की छड़ी नहीं है। महंगाई, लंबे समय के वित्तीय लक्ष्य और अपनी जोखिम सहने की क्षमता, इन सबको ध्यान में रखकर ही कोई निवेश करें। किसी सर्टिफाइड फाइनेंशियल एडवाइजर से एक बार जरूर बात करें।

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