ईरान को मार-मारकर ‘पाषाण युग’ में भेज देंगे, डोनाल्ड ट्रंप की धमकी के बाद चीन ने दिया करारा जवाब

ईरान को मार-मारकर ‘पाषाण युग’ में भेज देंगे, डोनाल्ड ट्रंप की धमकी के बाद चीन ने दिया करारा जवाब

दुनिया के सबसे ताकतवर देश के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को लेकर एक दिन पहले जो बयान दिया, वो सुनकर पूरी दुनिया हैरान रह गई।

ट्रंप ने सीधे शब्दों में कहा कि ईरान को मार-मारकर पाषाण युग में वापस भेज देंगे। अब इस बयान पर चीन ने भी करारा जवाब दिया है।

ट्रंप ने क्या कहा था?

अमेरिकी राष्ट्रपति ने देश को संबोधित करते हुए कहा कि अगले दो से तीन हफ्तों में ईरान पर बहुत कड़ा हमला किया जाएगा। उन्होंने कहा कि ईरान को पाषाण युग में वापस भेज देंगे।

खास बात यह है कि यह बयान उन्होंने तब दिया जब उन्होंने खुद माना है कि दोनों देशों के बीच समझौते पर बातचीत चल रही है।

ट्रंप बोले- ईरान के सारे नेता मारे गए

ट्रंप ने यह भी दावा किया कि ईरान में पहले से ही सत्ता परिवर्तन हो चुका है क्योंकि वहां के तमाम बड़े नेता अमेरिका और इजराइल के हमलों में मारे जा चुके हैं।

उन्होंने कहा कि रिजीम चेंज हमारा मकसद नहीं था लेकिन हो गया क्योंकि उनके सारे पुराने नेता मर चुके हैं। उन्होंने यह भी जोड़ा कि अमेरिकी सैन्य अभियान तब तक जारी रहेगा जब तक सभी लक्ष्य हासिल नहीं हो जाते और उनके मुताबिक यह वक्त बहुत करीब है।

चीन ने क्या कहा?

ट्रंप के इस बयान के बाद चीन ने कड़ी प्रतिक्रिया दी। चीनी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता माओ निंग ने साफ कहा कि सैन्य ताकत से कोई भी समस्या जड़ से नहीं सुलझती। उन्होंने कहा कि तनाव बढ़ाने से किसी का भी फायदा नहीं होगा।

यह बयान छोटा जरूर है लेकिन इसका मतलब बड़ा है। चीन दुनिया का दूसरा सबसे ताकतवर देश है और जब वो अमेरिका की किसी कार्रवाई पर सीधे टिप्पणी करता है तो उसे नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।

रिजीम चेंज नहीं था मकसद लेकिन हो गया, ट्रंप का उलझाऊ बयान

एक तरफ ट्रंप कह रहे हैं कि सत्ता परिवर्तन उनका मकसद नहीं था। दूसरी तरफ वो खुशी से बता रहे हैं कि ईरान के सारे पुराने नेता मारे जा चुके हैं। यानी नतीजा वही निकला जो मकसद नहीं था।

राजनीतिक जानकार इसे ट्रंप की उस रणनीति का हिस्सा मानते हैं जिसमें वो दुश्मन पर इतना दबाव बनाते हैं कि वो खुद टूट जाए। लेकिन ईरान अभी तक टूटा नहीं है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *