चारधाम यात्रा की तैयारियों के बीच एक अहम खबर सामने आई है। मौजूद जानकारी के अनुसार इस साल बदरीनाथ और केदारनाथ धाम में विशेष पूजा कराने वाले श्रद्धालुओं को अधिक शुल्क चुकाना पड़ सकता है। बताया जा रहा है कि बदरी-केदार मंदिर समिति (बीकेटीसी) अपनी आगामी बोर्ड बैठक में इस प्रस्ताव पर मुहर लगा सकती है।
बता दें कि चारधाम यात्रा के दौरान हर साल लाखों श्रद्धालु केदारनाथ धाम और बदरीनाथ धाम पहुंचते हैं। सामान्य दर्शन के लिए कोई शुल्क नहीं लिया जाता, लेकिन विशेष पूजा और अनुष्ठान के लिए पहले से निर्धारित दरें लागू रहती हैं।
फिलहाल केदारनाथ में रुद्राभिषेक पूजा के लिए पांच श्रद्धालुओं से 7200 रुपये लिए जाते हैं। अभिषेक पूजा का शुल्क 9500 रुपये, लघु रुद्राभिषेक के लिए 6100 रुपये और षोडशोपचार पूजा के लिए 5500 रुपये तय हैं। अष्टोपचार पूजा के लिए पांच श्रद्धालुओं से 950 रुपये लिए जाते हैं, जबकि पूरे दिन की विशेष पूजा के लिए 28600 रुपये शुल्क निर्धारित है।
इसी तरह बदरीनाथ धाम में महाभिषेक पूजा के लिए प्रति यात्री 4700 रुपये, अभिषेक पूजा के लिए 4500 रुपये और पूरे दिन की पूजा के लिए 12 हजार रुपये शुल्क लिया जाता है। श्रीमद भागवत पाठ के लिए 51 हजार रुपये की राशि निर्धारित है। सूत्रों के मुताबिक पिछले कई वर्षों से इन दरों में कोई संशोधन नहीं किया गया है।
गौरतलब है कि हाल के वर्षों में चारधाम यात्रा में रिकॉर्ड संख्या में श्रद्धालु पहुंचे हैं। बढ़ती भीड़, सुरक्षा प्रबंध, साफ-सफाई और व्यवस्थागत जरूरतों को देखते हुए समिति पर वित्तीय दबाव भी बढ़ा है। इसी पृष्ठभूमि में विशेष पूजा शुल्क में बढ़ोतरी का प्रस्ताव तैयार किया गया है।
हाल ही में बीकेटीसी ने बकाया राशि वसूली को लेकर हेली कंपनियों को नोटिस भेजने की बात भी कही थी, जिससे साफ है कि समिति वित्तीय अनुशासन पर सख्ती बरत रही है। अब नजर आगामी बोर्ड बैठक पर टिकी है, जहां विशेष पूजा की नई दरों को अंतिम रूप दिया जा सकता है और यात्रा शुरू होने से पहले नई व्यवस्था लागू की जा सकती है।


