बिजनौर में प्रशासन ने अवैध कॉलोनियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए कई स्थानों पर बुलडोजर चलाया। सोमवार को सदर उप जिलाधिकारी रितु चौधरी के नेतृत्व में टीम ने करीब आधा दर्जन अवैध कॉलोनियों में बने निर्माणों को ध्वस्त कर दिया। ये कॉलोनियां विनियमित क्षेत्र में बिना लेआउट पास कराए विकसित की जा रही थीं। यह अभियान शहर के चांदपुर रोड पर फैक्ट्री के पीछे, फेरीलैंड वाटर पार्क के पीछे, फतेहपुर नौआबाद और शहबाजपुर खाना सहित कई जगहों पर चलाया गया। इन सभी स्थानों पर अवैध रूप से विकसित की जा रही कॉलोनियों को निशाना बनाया गया। कार्रवाई के दौरान एसडीएम रितु चौधरी के साथ तहसीलदार सदर आशीष सक्सेना, विनियमित क्षेत्र के जेई श्याम बाबू, राजस्व निरीक्षक नरेश चौहान और हल्का लेखपाल प्रीतम सिंह भी मौजूद रहे। प्रशासन ने कस्बा बिजनौर के गाटा संख्या 3291 और 3292 में शाजाद पुत्र युसूफ और शमशाद अहमद पुत्र मो. शमीम के नाम दर्ज भूखंडों पर विकसित अवैध कॉलोनी को ध्वस्त किया। इसके अलावा गाटा संख्या 3196 और 3197 में इरशाद अहमद, मो. खालिद, मो. तालिब, मो. आबिद, मो. आदिल और श्रीमती महबूबा के नाम दर्ज भूखंडों पर भी कार्रवाई की गई। इसी तरह ग्राम शहबाजपुर खाना के गाटा संख्या 109 में इरशाद अहमद पुत्र इस्लामुद्दीन आदि के नाम दर्ज भूखंडों पर बने अवैध निर्माण हटाए गए। फतेहपुर नौआबाद क्षेत्र में गाटा संख्या 282 (राजे पुत्र बिहारी), 276 (नफीशा पत्नी हबीब), 278 (शमीमा बेगम पत्नी अब्दुल वाहिद), 280 (खुर्शीद व तसलीम अहमद), 281 (नफीशा), 211 (इमरान अली), 212 (असगर व बाबू), 217 (इस्लामुद्दीन), 218 (मो. इस्माइल) समेत कई अन्य गाटा संख्याओं में विकसित हो रही अवैध कॉलोनियों को भी ध्वस्त किया गया। प्रशासन की इस कार्रवाई से अवैध कॉलोनाइजरों में हड़कंप मच गया है। अधिकारियों का कहना है कि शहर के चारों ओर विनियमित क्षेत्र में बिना लेआउट पास कराए बड़े पैमाने पर कॉलोनियां विकसित की जा रही थीं। इन कॉलोनियों में लोगों को प्लॉट बेच दिए जाते थे, लेकिन बाद में उन्हें नक्शा पास कराने, बिजली कनेक्शन लेने या बैंक से लोन लेने में परेशानी होती थी। लगातार मिल रही शिकायतों के बाद सदर तहसील प्रशासन ने यह अभियान चलाकर अवैध निर्माणों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की है।


