मोतिहारी में दैनिक भास्कर द्वारा बंजरिया स्थित पोखर की जमीन पर अवैध कब्जे की खबर प्रमुखता से प्रकाशित किए जाने के महज दो दिनों के भीतर प्रशासन हरकत में आ गया। अतिक्रमण हटाने के लिए प्रशासनिक टीम बुलडोजर के साथ मौके पर पहुंची और चिन्हित अतिक्रमणकारियों के घरों पर कार्रवाई की। पुलिस वाहन को आते देख कुछ लोगों ने स्वयं ही निर्माण हटाना शुरू कर दिया, जबकि शेष के अवैध निर्माण पर बुलडोजर चलाया गया। “अतिक्रमण हटाओ, पोखर बचाओ” अभियान चलाया गौरतलब है कि भास्कर ने विस्तार से दिखाया था कि किस प्रकार भू-माफिया और अतिक्रमणकारियों ने बंजरिया पोखर की जमीन पर कब्जा कर लिया है। इस मुद्दे को लेकर निगम पार्षद पुत्र मनीष कुमार ने सैकड़ों युवाओं के साथ “अतिक्रमण हटाओ, पोखर बचाओ” अभियान भी चलाया था, लेकिन लंबे समय तक प्रशासन की ओर से ठोस कार्रवाई नहीं हो सकी। खबर प्रकाशित होने के बाद डीएम ने मामले का संज्ञान लेते हुए कार्रवाई का निर्देश दिया। अतिक्रमण हटाने को न्यायालय का आदेश पहले से जारी जानकारी के अनुसार अतिक्रमण हटाने के लिए न्यायालय का आदेश पहले से ही जारी था, बावजूद इसके प्रशासनिक सुस्ती के कारण कब्जा नहीं हट पाया था। पोखर और उसके आसपास करीब एक से डेढ़ एकड़ जमीन पर अवैध निर्माण कर लिया गया था। इस मामले में 16 लोगों को प्रशासन द्वारा नोटिस जारी किया गया था। कार्रवाई से लोगों में संतोष, पुलिस बल तैनात मनीष कुमार ने बताया कि पोखर के पश्चिमी हिस्से से नाले का पानी गुजरता था, लेकिन जमीन भरकर वहां मकान बना दिए गए, जिससे नाले का गंदा पानी ब्रह्म स्थान से होकर पोखर में गिरने लगा। इससे पूजा-अर्चना में लोगों को काफी परेशानी हो रही थी। छठ पर्व के दौरान भी गंदे पानी को पंपसेट से निकलवाकर बोरिंग का पानी भरना पड़ा था, ताकि व्रती स्वच्छ जल में अर्घ्य दे सकें। प्रशासन की इस कार्रवाई से स्थानीय लोगों में संतोष देखा जा रहा है। फिलहाल क्षेत्र में पुलिस बल की तैनाती की गई है और शेष अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया जारी है। मोतिहारी में दैनिक भास्कर द्वारा बंजरिया स्थित पोखर की जमीन पर अवैध कब्जे की खबर प्रमुखता से प्रकाशित किए जाने के महज दो दिनों के भीतर प्रशासन हरकत में आ गया। अतिक्रमण हटाने के लिए प्रशासनिक टीम बुलडोजर के साथ मौके पर पहुंची और चिन्हित अतिक्रमणकारियों के घरों पर कार्रवाई की। पुलिस वाहन को आते देख कुछ लोगों ने स्वयं ही निर्माण हटाना शुरू कर दिया, जबकि शेष के अवैध निर्माण पर बुलडोजर चलाया गया। “अतिक्रमण हटाओ, पोखर बचाओ” अभियान चलाया गौरतलब है कि भास्कर ने विस्तार से दिखाया था कि किस प्रकार भू-माफिया और अतिक्रमणकारियों ने बंजरिया पोखर की जमीन पर कब्जा कर लिया है। इस मुद्दे को लेकर निगम पार्षद पुत्र मनीष कुमार ने सैकड़ों युवाओं के साथ “अतिक्रमण हटाओ, पोखर बचाओ” अभियान भी चलाया था, लेकिन लंबे समय तक प्रशासन की ओर से ठोस कार्रवाई नहीं हो सकी। खबर प्रकाशित होने के बाद डीएम ने मामले का संज्ञान लेते हुए कार्रवाई का निर्देश दिया। अतिक्रमण हटाने को न्यायालय का आदेश पहले से जारी जानकारी के अनुसार अतिक्रमण हटाने के लिए न्यायालय का आदेश पहले से ही जारी था, बावजूद इसके प्रशासनिक सुस्ती के कारण कब्जा नहीं हट पाया था। पोखर और उसके आसपास करीब एक से डेढ़ एकड़ जमीन पर अवैध निर्माण कर लिया गया था। इस मामले में 16 लोगों को प्रशासन द्वारा नोटिस जारी किया गया था। कार्रवाई से लोगों में संतोष, पुलिस बल तैनात मनीष कुमार ने बताया कि पोखर के पश्चिमी हिस्से से नाले का पानी गुजरता था, लेकिन जमीन भरकर वहां मकान बना दिए गए, जिससे नाले का गंदा पानी ब्रह्म स्थान से होकर पोखर में गिरने लगा। इससे पूजा-अर्चना में लोगों को काफी परेशानी हो रही थी। छठ पर्व के दौरान भी गंदे पानी को पंपसेट से निकलवाकर बोरिंग का पानी भरना पड़ा था, ताकि व्रती स्वच्छ जल में अर्घ्य दे सकें। प्रशासन की इस कार्रवाई से स्थानीय लोगों में संतोष देखा जा रहा है। फिलहाल क्षेत्र में पुलिस बल की तैनाती की गई है और शेष अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया जारी है।


