BJP internal conflict Moradabad: यूपी के मुरादाबाद जिले में भाजपा की जिला कमेटी की घोषणा अपनों की अंदरूनी जंग के कारण अटक गई है। संगठन के भीतर उम्र, क्षेत्र और प्रतिनिधित्व को लेकर उठ रहे सवालों ने प्रदेश नेतृत्व को प्रस्तावित टीम की घोषणा रोकने के लिए मजबूर कर दिया है। विधानसभा क्षेत्रों के प्रतिनिधियों और पदाधिकारियों की पृष्ठभूमि पर गंभीर प्रश्न उठ रहे हैं।
महानगर कमेटी में 50 वर्ष से ऊपर के नेताओं का विवाद
जानकार बताते हैं कि मुरादाबाद महानगर की हाल ही में घोषित कार्यसमिति में कई ऐसे नेता शामिल हैं, जिनकी उम्र 50 वर्ष से अधिक है। संगठन की नीति के अनुसार 30-50 वर्ष के प्रतिनिधियों को ही मुख्य पदों पर रखा जाना चाहिए। प्रस्तावित टीम में उम्र सीमा के नियम का पालन नहीं दिखाई दे रहा है। इसके साथ ही महानगर टीम में हर मंडल से दो प्रतिनिधियों का संतुलन भी पूरा नहीं हो पाया है।
देहात विधानसभा क्षेत्र के नेताओं को मौका नहीं
हाल ही में जारी 10 नामित पार्षदों की सूची में देहात विधानसभा क्षेत्र के नेताओं को जगह नहीं दी गई। जबकि देहात विधानसभा क्षेत्र मुरादाबाद महानगर में 40 प्रतिशत हिस्सेदारी रखता है। सुरेंद्र विश्नोई, दिनेश गोला, पंकज शर्मा जैसे वरिष्ठ भाजपाइयों को इस सूची में शामिल नहीं किया गया। राजनीतिक जानकार मानते हैं कि इस असंतुलन से आगामी चुनाव में पार्टी के वोट शेयर पर असर पड़ सकता है।
जिला कमेटी में क्षेत्रीय संतुलन पर उठे सवाल
सूत्रों के अनुसार, जिले की प्रस्तावित कमेटी में कुंदरकी, ठाकुरद्वारा, बिलारी और कांठ के प्रतिनिधियों को शामिल करना चाहिए, क्योंकि मुरादाबाद नगर और देहात विधानसभा पहले से महानगर कमेटी में कवर हैं। हालांकि, कुछ नाम ग्रामीण क्षेत्र की सीटों से जोड़कर जिले की टीम में शामिल करने की कोशिश की गई, जिससे संगठन में आपत्ति उत्पन्न हुई।
प्रदेश नेतृत्व ने रोक दी घोषणा
प्रदेश नेतृत्व ने प्रस्तावित जिला कमेटी की घोषणा रोक दी है। इसकी वजह है जाति-धर्म-क्षेत्र के संतुलन के साथ-साथ आगामी विधानसभा चुनाव में रणनीतिक लाभ सुनिश्चित करना। संगठन के जानकार कहते हैं कि कोई भी चूक या अंतरकलह विपक्षी दलों को अवसर दे सकता है।
महानगर टीम के लिए विशेष छूट
भाजपा महानगर अध्यक्ष गिरीश भंडूला का कहना है कि महानगर की टीम गठन में पार्टी की रीति-नीति और नियमों का पूरा ध्यान रखा गया है। उम्र सीमा में छूट उन नेताओं के लिए दी गई, जिन्होंने लंबे समय से जिम्मेदारी के साथ संगठन का काम किया है। इस टीम का उद्देश्य आगामी विधानसभा चुनाव में पार्टी के लिए लाभकारी होना है।
जिलाध्यक्ष का बयान
भाजपा जिलाध्यक्ष आकाश पाल के अनुसार, प्रस्तावित टीम में सभी जाति और क्षेत्र का प्रतिनिधित्व रखा गया है। सक्रिय सदस्यता और संगठन में काम करने वाले नेताओं को प्राथमिकता दी गई है। पर्यवेक्षक और प्रभारी नेताओं से चर्चा के बाद यह प्रस्ताव प्रदेश स्तर पर भेजा गया है। घोषणा से पहले किसी की टिप्पणी अनुशासनहीनता मानी जाएगी।


