महाराष्ट्र की राजनीति में आज एक बड़ा उलटफेर देखने को मिल रहा है। राज्य की 29 महानगरपालिकाओं (नगर निगम) के लिए हो रही मतगणना के शुरुआती रुझानों और नतीजों ने साफ कर दिया है कि पूरे राज्य में भाजपा की जबरदस्त लहर चल रही है। ताजा रुझानों के अनुसार, भाजपा 29 में से 23 नगर निगमों में सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है। पुणे, नवी मुंबई, पनवेल, जलगांव, नांदेड, नागपुर, अहिल्यानगर, पिंपरी-चिंचवड, सोलापुर, कोल्हापुर संभाजीनगर, मीरा भायंदर, जालना में तो भारी बढ़त बनाए हुए है। जबकि विपक्षी गठबंधन और ‘ठाकरे ब्रांड’ को अपने ही गढ़ मुंबई में शिकस्त का सामना करना पड़ रहा है। मुंबई के बीएमसी चुनाव में भाजपा और एकनाथ शिंदे की शिवसेना बहुमत के करीब है।
29 में से 23 नगर निगमों पर ‘कमल’ का दबदबा
महाराष्ट्र के 29 नगर निकायों के लिए हुए चुनाव के ताजा रुझान भाजपा के लिए उत्सव जैसा माहौल लेकर आए हैं। विदर्भ के नागपुर, अकोला और अमरावती से लेकर पश्चिम महाराष्ट्र के पुणे और पिंपरी-चिंचवड तक, भाजपा गठबंधन ने एकतरफा बढ़त बना ली है। उत्तर महाराष्ट्र के नासिक और जलगांव में भी विपक्षी दल कहीं दौड़ में नजर नहीं आ रहे हैं।
23 नगर निगमों में भाजपा गठबंधन बहुमत की ओर बढ़ रहा है, जिससे राज्य की शहरी राजनीति की पूरी तस्वीर बदल गई है। भाजपा ने 17-18 नगर निगमों में शिंदे की शिवसेना के साथ मिलकर चुनाव लड़ा था।
ठाकरे भाइयों का गठबंधन ‘फेल’
सबसे ज्यादा चौंकाने वाले नतीजे देश की सबसे अमीर महानगरपालिका बीएमसी (BMC) से आ रहे हैं। यहां दशकों से राज करने वाले ठाकरे परिवार के लिए आज का दिन किसी बुरे सपने से कम नहीं है। उद्धव ठाकरे और राज ठाकरे के एक साथ आने के बावजूद, मुंबई की जनता ने भाजपा-शिंदे गठबंधन पर भरोसा जताया है। बीएमसी की 227 सीटों में से भाजपा और शिंदे सेना का गठबंधन बहुमत के जादुई आंकड़े (114) को पार करने के करीब है और अभी 110 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है।
मुंबई में उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) 60 और राज ठाकरे के नेतृत्व वाली महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) 9 सीट पर आगे है। कांग्रेस और वंचित बहुजन आघाडी गठबंधन 12 सीटों पर जीत के करीब है।
पवारों के गढ़ में भी सेंध
पुणे और पिंपरी-चिंचवड, जिन्हें पवार परिवार का मजबूत गढ़ माना जाता था, वहां भी भाजपा ने बड़ी बढ़त हासिल की है। शरद पवार और अजित पवार की अगुवाई वाली दोनों एनसीपी गुटों के साथ आने के बावजूद भाजपा क्लीन स्वीप करती दिख रही है। पुणे महानगरपालिका भाजपा 165 वार्ड में से 54 में आगे है जबकि उपमुख्यमंत्री अजित पवार के नेतृत्व वाली एनसीपी 7 सीट पर आगे है। जबकि ठाकरे भाइयों का यहां अब तक खाता तक नहीं खुला है। अजित पवार की एनसीपी के साथ गठबंधन में लड़ रही शरद गुट दो जगह आगे है। शिंदे की शिवसेना भी कुछ खास नहीं कर सकी है और रुझानों में दो सीटों पर आगे है।
जिन नगर निगमों में मतदान हुआ और आज नतीजे आएंगे, उनमें मुंबई, नवी मुंबई, वसई-विरार, कल्याण-डोंबिवली, कोल्हापुर, नागपुर, सोलापुर, अमरावती, अकोला, नासिक, पिंपरी-चिंचवड, पुणे, उल्हासनगर, ठाणे, छत्रपति संभाजीनगर, चंद्रपुर, परभणी, मीरा-भायंदर, नांदेड़-वाघाला, पनवेल, भिवंडी-निजामपुर, लातूर, मालेगांव, सांगली-मिरज-कुपवाड, जलगांव, अहिल्यानगर, धुले, जालना और इचलकरंजी शामिल हैं।


