नवादा में 8 मार्च को अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर महिलाओं ने समाज में अपनी भूमिका, चुनौतियों और सशक्तिकरण पर आवाज़ उठाई। विभिन्न कार्यक्रमों में महिलाओं ने कहा कि अब समय आ गया है जब वे घरेलू जिम्मेदारियों के साथ-साथ आर्थिक, सामाजिक और राजनीतिक क्षेत्रों में भी बराबरी का अधिकार प्राप्त करें। भारतीय जनता पार्टी महिला मोर्चा की जिला अध्यक्ष माधुरी अग्रवाल द्वारा एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में महिलाओं ने भाग लिया। कार्यक्रम में मौजूद महिलाओं ने कहा कि उनकी ताकत एकजुटता में है और अत्याचार, असमानता तथा हिंसा के खिलाफ आवाज़ उठाना अब उनकी मजबूरी नहीं, बल्कि अधिकार है। पीएम नरेंद्र मोदी की भी तारीफ की गई एक महिला ने अपनी बात रखते हुए कहा कि पहले वे सिर्फ घर संभालती थीं, लेकिन अब वे पढ़-लिखकर, नौकरी करके और व्यवसाय चलाकर परिवार की कमान संभाल रही हैं। उन्होंने घरेलू हिंसा और कार्यस्थल पर भेदभाव को रोकने के लिए मजबूत कानूनी सुरक्षा और सम्मान की मांग की। पीएम नरेंद्र मोदी की भी तारीफ की गई। अधिक योजनाएं लागू करने की अपील की लोक जनशक्ति पार्टी की गोविंदपुर विधायक विनीता मेहता ने भी इस कार्यक्रम में शिरकत की और महिलाओं को प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि महिलाएँ समाज की रीढ़ हैं और उनकी भागीदारी के बिना विकास संभव नहीं है। महिलाओं ने विधायक से ग्रामीण क्षेत्रों में लड़कियों की शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के लिए अधिक योजनाएँ लागू करने की अपील की। सशक्त, सुरक्षित और आगे बढ़ने के लिए तैयार कई अन्य स्थानों पर भी सामग्री वितरण के साथ विचार-विमर्श सत्र आयोजित किए गए। इन सत्रों में महिलाओं ने घरेलू हिंसा, बाल विवाह, दहेज प्रथा और कार्यस्थल पर यौन उत्पीड़न जैसे गंभीर मुद्दों पर खुलकर चर्चा की। एक युवती ने कहा कि वे चाहती हैं कि समाज उन्हें कमजोर न समझे, क्योंकि वे सशक्त, सुरक्षित और आगे बढ़ने के लिए तैयार हैं। जिला परिषद अध्यक्ष पुष्पा देवी ने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर सभी महिलाओं को शुभकामनाएँ दीं और उनकी सुरक्षा के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। महिलाओं की इन मुखर आवाज़ों से यह स्पष्ट है कि वे अब चुप नहीं रहेंगी, बल्कि सामाजिक बदलाव की अगुवाई करेंगी नवादा में 8 मार्च को अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर महिलाओं ने समाज में अपनी भूमिका, चुनौतियों और सशक्तिकरण पर आवाज़ उठाई। विभिन्न कार्यक्रमों में महिलाओं ने कहा कि अब समय आ गया है जब वे घरेलू जिम्मेदारियों के साथ-साथ आर्थिक, सामाजिक और राजनीतिक क्षेत्रों में भी बराबरी का अधिकार प्राप्त करें। भारतीय जनता पार्टी महिला मोर्चा की जिला अध्यक्ष माधुरी अग्रवाल द्वारा एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में महिलाओं ने भाग लिया। कार्यक्रम में मौजूद महिलाओं ने कहा कि उनकी ताकत एकजुटता में है और अत्याचार, असमानता तथा हिंसा के खिलाफ आवाज़ उठाना अब उनकी मजबूरी नहीं, बल्कि अधिकार है। पीएम नरेंद्र मोदी की भी तारीफ की गई एक महिला ने अपनी बात रखते हुए कहा कि पहले वे सिर्फ घर संभालती थीं, लेकिन अब वे पढ़-लिखकर, नौकरी करके और व्यवसाय चलाकर परिवार की कमान संभाल रही हैं। उन्होंने घरेलू हिंसा और कार्यस्थल पर भेदभाव को रोकने के लिए मजबूत कानूनी सुरक्षा और सम्मान की मांग की। पीएम नरेंद्र मोदी की भी तारीफ की गई। अधिक योजनाएं लागू करने की अपील की लोक जनशक्ति पार्टी की गोविंदपुर विधायक विनीता मेहता ने भी इस कार्यक्रम में शिरकत की और महिलाओं को प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि महिलाएँ समाज की रीढ़ हैं और उनकी भागीदारी के बिना विकास संभव नहीं है। महिलाओं ने विधायक से ग्रामीण क्षेत्रों में लड़कियों की शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के लिए अधिक योजनाएँ लागू करने की अपील की। सशक्त, सुरक्षित और आगे बढ़ने के लिए तैयार कई अन्य स्थानों पर भी सामग्री वितरण के साथ विचार-विमर्श सत्र आयोजित किए गए। इन सत्रों में महिलाओं ने घरेलू हिंसा, बाल विवाह, दहेज प्रथा और कार्यस्थल पर यौन उत्पीड़न जैसे गंभीर मुद्दों पर खुलकर चर्चा की। एक युवती ने कहा कि वे चाहती हैं कि समाज उन्हें कमजोर न समझे, क्योंकि वे सशक्त, सुरक्षित और आगे बढ़ने के लिए तैयार हैं। जिला परिषद अध्यक्ष पुष्पा देवी ने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर सभी महिलाओं को शुभकामनाएँ दीं और उनकी सुरक्षा के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। महिलाओं की इन मुखर आवाज़ों से यह स्पष्ट है कि वे अब चुप नहीं रहेंगी, बल्कि सामाजिक बदलाव की अगुवाई करेंगी


