बरेली। शहर में ऑनलाइन गेमिंग ऐप के जरिए देशभर में सट्टा खिलाकर ठगी करने वाले गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया। सोमवार को पुलिस लाइन में एसपी क्राइम मनीष सोनकर ने प्रेसवार्ता में बताया कि दो आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है, जबकि गिरोह का सरगना अभी फरार है।
एसपी क्राइम ने बताया कि साइबर क्राइम थाना प्रभारी डीके शर्मा की टीम ने नवाबगंज निवासी सूर्या पटेल और भुता निवासी विनीत को गिरफ्तार किया है। ये दोनों मिलकर महाकाल, महादेव और एसआरएस पटेल नाम से ऑनलाइन गेमिंग ऐप संचालित कर रहे थे। इन ऐप्स के जरिए लोगों को आईडी बनाकर क्रिकेट मैचों पर सट्टा लगवाया जाता था।
हर दिन लाखों का खेल, जीतने पर भी फंसता था पैसा
गिरोह रोजाना करीब दो से ढाई लाख रुपये का सट्टा लगवाता था। शुरुआत में लोगों को जीतने पर भुगतान कर विश्वास बनाया जाता था, लेकिन जब कोई बड़ी रकम जीत जाता तो उसका पैसा अटका दिया जाता था। इसी तरह देशभर के लोगों को झांसे में लेकर ठगी की जा रही थी। पुलिस के मुताबिक इस गिरोह का सरगना शिवम है, जो इज्जतनगर थाना क्षेत्र के अहलादपुर का रहने वाला है। वह 2022 से इस अवैध धंधे में सक्रिय है। एनसीआरबी की वेबसाइट पर उसके खिलाफ करीब 15 मुकदमे दर्ज हैं। फिलहाल पुलिस उसकी तलाश में दबिश दे रही है।
प्रतिबिंब एप से हुई पहचान, भारी सामान बरामद
साइबर थाना पुलिस ने प्रतिबिंब एप के जरिए आरोपियों की पहचान कर कार्रवाई की। उनके कब्जे से कई आधार कार्ड, फर्जी आईडी, क्यूआर कोड और ठगी से जुड़े अन्य उपकरण बरामद किए गए हैं। गिरफ्तार दोनों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। पुलिस अब फरार सरगना समेत अन्य साथियों की तलाश में जुटी है।


