भोपाल के बड़ा तालाब पर अफसरों-रसूखदारों का कब्जा, फार्म हाउस भी का​टकर बेचे

भोपाल के बड़ा तालाब पर अफसरों-रसूखदारों का कब्जा, फार्म हाउस भी का​टकर बेचे

Bhopal- राजधानी भोपाल में 40 प्रतिशत आबादी को जीवन देने वाले बड़ा तालाब के अस्तित्व में जिम्मेदार ही सेंध लगा रहे हैं। बड़ा तालाब के जिस क्षेत्र को संरक्षित करना था, वहां रसूखदारों को लाभ देने के लिए जमीनों की रजिस्ट्री पर खुली छूट दे दी है। टाउन एंड कंट्री प्लानिंग (टीएंडसीपी) ने नियमों का हवाला देते यहां जमकर ले-आउट मंजूर किए। बड़ा तालाब के एफटीएल (फुल टैंक लेवल) से 50 मीटर दायरे में प्रशासन अवैध निर्माण चिह्नित कर हटाने की प्रक्रिया कर रहा है। इस बीच पत्रिका ने तालाब से लगे गांवों में पड़ताल की तो चौंकाने वाले तथ्य सामने आए। 4 साल में यहां टीएंडसीपी ने 50 से अधिक बड़े ले- आउट को मंजूरी दी।

तालाब से लगे गांवों में फार्म हाउस, वन हाउस, रूरल सेंटर समेत कई नामों से अनुज्ञाएं भी दीं। खास यह कि यहां फार्म हाउस भी काटकर बेचे गए हैं। पूर्व मुख्य सचिव इकबाल सिंह बैंस और उनके परिवार के नाम के साथ अरेरा कॉलोनी, चार
इमली से लेकर शिवाजी नगर में रहने वालों के नाम पर अनुज्ञाएं दी गई हैं।

इन रसूखदारों को दी अनुज्ञाएं-

धर्मेद्र खंडेलवाल, अहमदपुर कलां को बिशनखेड़ी में खसरा 246/2/2 में 0.41 हेक्टेयर पर विकास अनुज्ञा की अवधि वृद्धि।
अमिता दुबे, प्रियंका दुबे व धर्मेद्र विश्वकर्मा, चार इमली रविशंकर नगर को बिशनखेड़ी खसरा- 240 के तीन भागों में
0.9672 हेक्टेयर यानि 9672 वर्गमीटर में फार्म हाउस।
इकबाल सिंह बैंस, पत्नी हरकिरत सिंह को बिशनखेड़ी में रूरल सेंटर के लिए 13120 वर्गमीटर।
इकबाल सिंह बैंस की पत्नी हरकीरत को बिशनखेड़ी में 4030 वर्गमीटर में रूरल सेंटर।
धर्मेंद्र खंडेलवाल, अरेरा कॉलोनी को बिशनखेड़ी में 0.405 पर वन आवास के लिए।
इकबाल सिंह बैंस को बिशनखेड़ी में 9012 वर्गमीटर पर रूरल सेंटर के लिए अनुज्ञा।
पारूल राजेंद्र पटेल, ई-7 अरेरा कॉलोनी को गोरा गांव में 27570 वर्गमीटर पर फार्महाउस वन आवास।
बादाम सिंह यादव के बेटे देवांश सिंह यादव को सेवनियां गोंड में 4050 वर्गमीटर में आनंदम फार्म हाउस के लिए।
बादाम सिंह यादव की पत्नी सुनीतासिंह को ग्रीन मिडोज के लिए सेवनिया गोंड में 4460 वर्गमीटर व 4050 वर्गमीटर में
फार्म हाउस अनुज्ञा।
अमित अग्रवाल पिता मनमोहन अग्रवाल, चूनाभट्टी को सेवनियां गोंड में 4330 वर्गमीटर में फार्म हाउस अनुज्ञा।
अनिल वर्मा पिता कौशल किशोर वर्मा के नाम सेवनियां गोंड में 4050 वर्गमीटर में वर्मा फार्म हाउस के नाम पर।
लीना पांडे पति सुदेश पांडे, कोटरा सुल्तानाबाद को सेवनियां गोंड में 7900 वर्गमीटर में फार्म हाउस अनुज्ञा।

टीएंडसीपी डायरेक्टर श्रीकांत बनोठ बताते हैं कि टीएंडसीपी नियमों के तहत अनुमति देता है। इसके तहत जो भी आएगा, उसे अनुमति मिलेगी। इसके बाद संबंधित निकाय बिल्डिंग परमिशन देती है। उसे ही जमीन पर निगरानी करनी चाहिए।

तालाब किनारे वाले क्षेत्रों में नहीं बदली दरें
क्षेत्र -पहले- प्रस्तावित
आम्रखेड़ी 4000 4000
बम्होरी 4000 4000
बरखेड़ी कला 12000 12000
बरखेड़ी खुर्द 12000 12000
बीलखेड़ा 4000 4000
भदभदा रोड 30000 30000
सेंट्रल पार्क: 20000 22000
द्वारकापुरी 26400 26400
गौरा 10000 10000
नीलबड़/अन्य 16000 16000
प्रेमपुरा 20000 20000
सेवनियां गोंड 10000 12000
बिशनखेड़ी 10000 10000

इसलिए चिंता

बड़ा तालाब में बारिश का पानी लाने वाली कोलांस-उलझावन इन्हीं गांवों से गुजरती है। तालाब का कैचमेंट 362 वर्ग किमी है। यहां बड़ी संख्या में निर्माण अनुमति दी जा रही है। इसके लिए बीते वर्षों में 400 करोड़ से क्षेत्रों में सडक़ें भी बनाईं। बरखेड़ा नाथू से लेकर कलखेड़ा, सेवनियां गोंड, बिशनखेड़ी, प्रेमपुरा, गोरा गांव, गोल गांव जमीन के हॉट स्पॉट बने हुए हैं। यहां निर्माण- सघन बसाहट हुई, तो वेटलैंड खराब होगा। तालाब की सेहत बिगड़ेगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *