डोमचांच|केंद्र सरकार की किसान और मजदूर विरोधी नीतियों के खिलाफ संयुक्त संघर्ष को तेज करने के आह्वान के साथ संयुक्त किसान मोर्चा की ओर से डोमचांच में शुक्रवार को ‘अखिल भारतीय प्रतिरोध दिवस’ मनाया जायेगा। अखिल भारतीय किसान सभा के राज्य संयुक्त सचिव असीम सरकार ने बताया की इस दौरान किसान और मजदूरों के द्वारा मार्च निकालकर केंद्र सरकार की नीतियों का विरोध जताया जायेगा। विकसित भारत जी राम जी अधिनियम के तहत मांग आधारित मॉडल को बजट-सीमा में बदलने से रोजगार की गारंटी समाप्त होने का खतरा है। नए फंडिंग फॉर्मूले से राज्यों पर अतिरिक्त बोझ पड़ेगा और काम के दिनों में कटौती की आशंका है। जिसके विरोध में किसान-मजदूरों का मार्च आयोजित किया जायेगा। दैनिक भास्कर |कोडरमा संवैधानिक अधिकारों की रक्षा और लोकतांत्रिक मूल्यों के संरक्षण की मांग को लेकर भारत मुक्ति मोर्चा के बैनर तले मंगलवार को जिला समाहरणालय परिसर में एकदिवसीय धरना-प्रदर्शन आयोजित किया गया। धरना कार्यक्रम की अध्यक्षता मनीष कुमार मानस ने की, जबकि संचालन की जिम्मेदारी विकास कुमार दास ने निभाई।धरना के माध्यम से संगठन ने आरोप लगाया कि देश के विभिन्न हिस्सों में संवैधानिक प्रावधानों और नागरिकों के मौलिक अधिकारों का लगातार उल्लंघन हो रहा है। वक्ताओं ने कहा कि लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए चरणबद्ध आंदोलन किया जा रहा है, जिसके तहत पहले चरण में राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा गया है। आगे के चरणों में जिला मुख्यालयों पर धरना, रैली और राष्ट्रीय स्तर पर विशाल प्रदर्शन की घोषणा की गई है।धरना में शामिल वक्ताओं ने प्रशासन से मांग की कि शांतिपूर्ण एवं संवैधानिक तरीके से किए जा रहे आंदोलनों में किसी भी प्रकार की बाधा उत्पन्न न की जाए और आंदोलनकारियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए। साथ ही संविधान प्रदत्त अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और शांतिपूर्ण प्रदर्शन के अधिकार का सम्मान करने की अपील की गई।एकदिवसीय धरना-प्रदर्शन में दुर्गा प्रसाद, राजकुमार पासवान, प्रदीप राम, विजय पासवान, विपिन कुमार, संतोष पासवान, रंजीत रजक और सुरेंद्र रजक समेत कई कार्यकर्ता उपस्थित थै। सतगावां |थाना क्षेत्र के खुट्टा पंचायत अंतर्गत बरियारपुर मोड़ के समीप बुधवार देर रात एक मारुति कार अनियंत्रित होकर सड़क से नीचे उतरते हुए खेत में जा गिरी। इस हादसे में वाहन में सवार कई लोग घायल हो गए। जानकारी के अनुसार मारुति कार देर रात बरियारपुर मोड़ के पास से गुजर रही थी। इसी दौरान चालक ने वाहन से नियंत्रण खो दिया, जिससे कार सड़क से नीचे खेत में पलट गई। स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार टक्कर इतनी जोरदार थी कि वाहन काफी दूर तक फिसलते हुए खेत में जा गिरा।प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि दुर्घटना के तुरंत बाद वाहन में सवार घायलों ने निजी वाहन की व्यवस्था कर इलाज के लिए अस्पताल की ओर चल गए। घटना की सूचना मिलते ही सतगावां थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दुर्घटनाग्रस्त वाहन को जब्त कर थाना परिसर ले गई । कोडरमा|संयुक्त किसान मोर्चा द्वारा किसानों एवं मजदूरों पर बढ़ते हमले के खिलाफ अखिल भारतीय प्रतिरोध दिवस मनाया जा रहा है। इस आंदोलन को सीटू की ओर से पूर्ण समर्थन दिया गया है। सीटू ने राज्यभर में किसानों के साथ एकजुटता दिखाते हुए संघर्ष में सक्रिय भागीदारी का आह्वान किया है। सीटू के राज्य सचिव संजय पासवान ने कहा कि विकसित भारत जीराम जी अधिनियम के तहत मांग आधारित मॉडल को समाप्त कर बजट सीमा में बदलने से रोजगार की गारंटी समाप्त होने का खतरा है। इससे राज्यों पर अतिरिक्त वित्तीय बोझ पड़ेगा, ग्राम सभाओं की भूमिका कमजोर होगी और स्थानीय योजना निर्माण की शक्ति केंद्र सरकार के पास चली जाएगी। डोमचांच|केंद्र सरकार की किसान और मजदूर विरोधी नीतियों के खिलाफ संयुक्त संघर्ष को तेज करने के आह्वान के साथ संयुक्त किसान मोर्चा की ओर से डोमचांच में शुक्रवार को ‘अखिल भारतीय प्रतिरोध दिवस’ मनाया जायेगा। अखिल भारतीय किसान सभा के राज्य संयुक्त सचिव असीम सरकार ने बताया की इस दौरान किसान और मजदूरों के द्वारा मार्च निकालकर केंद्र सरकार की नीतियों का विरोध जताया जायेगा। विकसित भारत जी राम जी अधिनियम के तहत मांग आधारित मॉडल को बजट-सीमा में बदलने से रोजगार की गारंटी समाप्त होने का खतरा है। नए फंडिंग फॉर्मूले से राज्यों पर अतिरिक्त बोझ पड़ेगा और काम के दिनों में कटौती की आशंका है। जिसके विरोध में किसान-मजदूरों का मार्च आयोजित किया जायेगा। दैनिक भास्कर |कोडरमा संवैधानिक अधिकारों की रक्षा और लोकतांत्रिक मूल्यों के संरक्षण की मांग को लेकर भारत मुक्ति मोर्चा के बैनर तले मंगलवार को जिला समाहरणालय परिसर में एकदिवसीय धरना-प्रदर्शन आयोजित किया गया। धरना कार्यक्रम की अध्यक्षता मनीष कुमार मानस ने की, जबकि संचालन की जिम्मेदारी विकास कुमार दास ने निभाई।धरना के माध्यम से संगठन ने आरोप लगाया कि देश के विभिन्न हिस्सों में संवैधानिक प्रावधानों और नागरिकों के मौलिक अधिकारों का लगातार उल्लंघन हो रहा है। वक्ताओं ने कहा कि लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए चरणबद्ध आंदोलन किया जा रहा है, जिसके तहत पहले चरण में राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा गया है। आगे के चरणों में जिला मुख्यालयों पर धरना, रैली और राष्ट्रीय स्तर पर विशाल प्रदर्शन की घोषणा की गई है।धरना में शामिल वक्ताओं ने प्रशासन से मांग की कि शांतिपूर्ण एवं संवैधानिक तरीके से किए जा रहे आंदोलनों में किसी भी प्रकार की बाधा उत्पन्न न की जाए और आंदोलनकारियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए। साथ ही संविधान प्रदत्त अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और शांतिपूर्ण प्रदर्शन के अधिकार का सम्मान करने की अपील की गई।एकदिवसीय धरना-प्रदर्शन में दुर्गा प्रसाद, राजकुमार पासवान, प्रदीप राम, विजय पासवान, विपिन कुमार, संतोष पासवान, रंजीत रजक और सुरेंद्र रजक समेत कई कार्यकर्ता उपस्थित थै। सतगावां |थाना क्षेत्र के खुट्टा पंचायत अंतर्गत बरियारपुर मोड़ के समीप बुधवार देर रात एक मारुति कार अनियंत्रित होकर सड़क से नीचे उतरते हुए खेत में जा गिरी। इस हादसे में वाहन में सवार कई लोग घायल हो गए। जानकारी के अनुसार मारुति कार देर रात बरियारपुर मोड़ के पास से गुजर रही थी। इसी दौरान चालक ने वाहन से नियंत्रण खो दिया, जिससे कार सड़क से नीचे खेत में पलट गई। स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार टक्कर इतनी जोरदार थी कि वाहन काफी दूर तक फिसलते हुए खेत में जा गिरा।प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि दुर्घटना के तुरंत बाद वाहन में सवार घायलों ने निजी वाहन की व्यवस्था कर इलाज के लिए अस्पताल की ओर चल गए। घटना की सूचना मिलते ही सतगावां थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दुर्घटनाग्रस्त वाहन को जब्त कर थाना परिसर ले गई । कोडरमा|संयुक्त किसान मोर्चा द्वारा किसानों एवं मजदूरों पर बढ़ते हमले के खिलाफ अखिल भारतीय प्रतिरोध दिवस मनाया जा रहा है। इस आंदोलन को सीटू की ओर से पूर्ण समर्थन दिया गया है। सीटू ने राज्यभर में किसानों के साथ एकजुटता दिखाते हुए संघर्ष में सक्रिय भागीदारी का आह्वान किया है। सीटू के राज्य सचिव संजय पासवान ने कहा कि विकसित भारत जीराम जी अधिनियम के तहत मांग आधारित मॉडल को समाप्त कर बजट सीमा में बदलने से रोजगार की गारंटी समाप्त होने का खतरा है। इससे राज्यों पर अतिरिक्त वित्तीय बोझ पड़ेगा, ग्राम सभाओं की भूमिका कमजोर होगी और स्थानीय योजना निर्माण की शक्ति केंद्र सरकार के पास चली जाएगी।


