बेतिया पुलिस अधीक्षक डॉ. शौर्य सुमन ने शुक्रवार को भंगहा थाना का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने थाना की समग्र कार्यप्रणाली का जायजा लेते हुए सुरक्षा व्यवस्था, लंबित कांडों की प्रगति और अभिलेख संधारण की स्थिति की विस्तृत समीक्षा की। एसपी ने मालखाना, सीसीटीएनएस कक्ष, महिला हेल्प डेस्क, वायरलेस शाखा, थाना परिसर और आवासीय बैरक का विधिवत निरीक्षण किया। उन्होंने साफ-सफाई, अभिलेखों के अद्यतन रखरखाव और तकनीकी संसाधनों के प्रभावी उपयोग पर विशेष जोर दिया। निरीक्षण के उपरांत पुलिस अधीक्षक ने अपराध निर्देशिका पार्ट-1, पार्ट-2, पार्ट-3, डकैती पंजी, लूट पंजी, गुंडा पंजी सहित विभिन्न अभिलेखों में दर्ज प्रविष्टियों का अवलोकन किया। उन्होंने विशेष रूप से हत्या, लूट और डकैती जैसे गंभीर अपराधों से जुड़े लंबित मामलों की गहन समीक्षा की। एसपी ने संबंधित अनुसंधानकर्ताओं को निर्देश दिया कि ऐसे मामलों में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए और अनुसंधान की गति तेज रखी जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जिन मामलों में अभियुक्त फरार हैं, उनमें वारंट निर्गत कराने और कुर्की-जब्ती की प्रक्रिया तेज की जाए, ताकि शीघ्र गिरफ्तारी संभव हो सके। पुलिस अधीक्षक ने पीड़ित पक्ष से नियमित संवाद बनाए रखने तथा केस डायरी समय पर अद्यतन करने पर भी बल दिया। निरीक्षण के दौरान अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी नरकटियागंज, पुलिस अंचल निरीक्षक मैनाटांड़, भंगहा थाना प्रभारी सहित अन्य पुलिस पदाधिकारी व कर्मी उपस्थित रहे। एसपी ने थाना स्तर पर कार्यों में पारदर्शिता, जवाबदेही और गति लाने की आवश्यकता दोहराई। बेतिया पुलिस अधीक्षक डॉ. शौर्य सुमन ने शुक्रवार को भंगहा थाना का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने थाना की समग्र कार्यप्रणाली का जायजा लेते हुए सुरक्षा व्यवस्था, लंबित कांडों की प्रगति और अभिलेख संधारण की स्थिति की विस्तृत समीक्षा की। एसपी ने मालखाना, सीसीटीएनएस कक्ष, महिला हेल्प डेस्क, वायरलेस शाखा, थाना परिसर और आवासीय बैरक का विधिवत निरीक्षण किया। उन्होंने साफ-सफाई, अभिलेखों के अद्यतन रखरखाव और तकनीकी संसाधनों के प्रभावी उपयोग पर विशेष जोर दिया। निरीक्षण के उपरांत पुलिस अधीक्षक ने अपराध निर्देशिका पार्ट-1, पार्ट-2, पार्ट-3, डकैती पंजी, लूट पंजी, गुंडा पंजी सहित विभिन्न अभिलेखों में दर्ज प्रविष्टियों का अवलोकन किया। उन्होंने विशेष रूप से हत्या, लूट और डकैती जैसे गंभीर अपराधों से जुड़े लंबित मामलों की गहन समीक्षा की। एसपी ने संबंधित अनुसंधानकर्ताओं को निर्देश दिया कि ऐसे मामलों में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए और अनुसंधान की गति तेज रखी जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जिन मामलों में अभियुक्त फरार हैं, उनमें वारंट निर्गत कराने और कुर्की-जब्ती की प्रक्रिया तेज की जाए, ताकि शीघ्र गिरफ्तारी संभव हो सके। पुलिस अधीक्षक ने पीड़ित पक्ष से नियमित संवाद बनाए रखने तथा केस डायरी समय पर अद्यतन करने पर भी बल दिया। निरीक्षण के दौरान अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी नरकटियागंज, पुलिस अंचल निरीक्षक मैनाटांड़, भंगहा थाना प्रभारी सहित अन्य पुलिस पदाधिकारी व कर्मी उपस्थित रहे। एसपी ने थाना स्तर पर कार्यों में पारदर्शिता, जवाबदेही और गति लाने की आवश्यकता दोहराई।


