Anta by-election controversy : अंता उपचुनाव में हारे भाजपा प्रत्याशी मोरपाल सुमन प्रकरण प्रदेश इकाई ने अनुशासन समिति को सौंप दिया है। अब इस पूरे मामले की जांच अनुशासन समिति करेगी। प्रदेश इकाई इस मामले में बारां जिले के विधायकों से भी बातचीत कर सकती है।
कुछ दिनों पहले मोरपाल के नाम से अंता उपचुनाव में हार को लेकर एक पत्र सोशल मीडिया पर वायरल हो गया था। इस पत्र में हार के पीछे कई बड़े नेताओं पर आरोप लगाए गए थे। पत्र वायरल हो जाने के बाद भाजपा ने मोरपाल से जवाब मांगा था।
मोरपाल सुमन ने कहा कि उन्होंने पत्र वायरल नहीं किया। सूत्रों के अनुसार उन्होंने अपने जवाब में यह भी कहा कि यह एक विधायक का काम है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने अपने स्तर पर जानकारी भी जुटाई है। इसके बाद मामला अनुशासन समिति को सौंप दिया गया। बताया जा रहा है कि मोरपाल सुमन पर अनुशासन समिति की तलवार लटकी है।
बारां के विधायकों से मिलेंगे प्रदेश अध्यक्ष
पार्टी सूत्रों के अनुसार प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ जल्द ही बारां जिले के भाजपा विधायकों से मुलाकात कर इस मामले की पूरी जानकारी लेंगे। इसकी रिपोर्ट केन्द्रीय नेतृत्व को सौंपी जाएगी। वहां से जो भी निर्देश प्राप्त होंगे। उसी के हिसाब से आगे की कार्रवाई की जाएगी। इस पूरे प्रकरण में भाजपा प्रदेश इकाई की तरफ से कोई कुछ भी बोलने को तैयार नहीं है।


