Alwar News: कुत्ते के काटने के 12 दिन बाद महिला की मौत, सरकारी स्कूल में बनाती थी पोषाहार

Alwar News: कुत्ते के काटने के 12 दिन बाद महिला की मौत, सरकारी स्कूल में बनाती थी पोषाहार

सोड़ावास कस्बे के राजकीय प्राथमिक विद्यालय झझारपुर-2 में पोषाहार बनाने का कार्य करने वाली फूलपति देवी (पत्नी राजेंद्र सिंह प्रजापत, निवासी झझारपुर) का पागल कुत्ते के काटने से निधन हो गया। कुत्ते के हमले में गंभीर रूप से घायल होने के बाद उन्हें जयपुर के दुर्लभजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां करीब 12 दिनों तक इलाज चला। हालांकि, जिंदगी और मौत के बीच जूझने के बाद आखिरकार उन्होंने दम तोड़ दिया।

इलाज के दौरान हुए भारी खर्च के कारण परिवार पर आर्थिक संकट गहरा गया और उनकी स्थिति बेहद कमजोर हो गई। इस दुखद घटना की जानकारी मिलने पर शिक्षक संघ राष्ट्रीय के जिला संगठन मंत्री राजेंद्र जाट कोकावास, पीईईओ रवि कुमार यादव, अध्यापक रतिराम वर्मा सहित अन्य शिक्षकों ने मिलकर पीड़ित परिवार की सहायता का निर्णय लिया। शिक्षकों ने व्हाट्सएप ग्रुप के माध्यम से सहयोग की अपील की, जिसके परिणामस्वरूप मुंडावर ब्लॉक एवं आसपास के क्षेत्रों के शिक्षकों ने उदारता दिखाते हुए कुल 2,12,500 रुपए की सहायता राशि एकत्रित की।

Phoolvati-2

मृतका के पति को सौंपी सहायता राशि

उक्त सहयोग राशि जिला संगठन मंत्री राजेंद्र जाट कोकावास,रवि कुमार यादव प्रधानाचार्य, रामकुमार यादव प्रधानाध्यापक, रतिराम वर्मा अध्यापक, महेंद्र गोठवाल अध्यापक, सुदेश कुमार जाट अध्यापक,सुरेश कुमार वरिष्ठ अध्यापक, महेंद्र बड़ोदिया अध्यापक, परिजन बलबीर वर्मा उदमीराम सुबेदार लीलाराम एवं अन्य परिजनों की उपस्थिति में मृतका के पति राजेंद्र सिंह प्रजापत को सौंपी गई।

अजमेर में भी कुत्ते के काटने से हुई थी महिला की मौत

बता दें कि इससे पहले राजस्थान के अजमेर जिले में भी कुत्ते के काटने से महिला की मौत का मामला सामने आया था। आदर्शनगर थाना क्षेत्र के सेंदरिया गांव निवासी मैना देवी (44) पत्नी स्वर्गीय लक्ष्मण सिंह की एक जनवरी में मौत हो गई थी। जांच में सामने आया था कि डॉग बाइट का समय पर इलाज और टीकाकरण नहीं मिलने के कारण महिला की जान गई थी। महिला को पिछले साल दिसंबर महीने में गांव में घूमते समय कुत्ते ने हाथ पर काट लिया था।

मानसिक रूप से बीमार होने के कारण वह समय पर अस्पताल नहीं पहुंच सकी और न ही रेबीज का टीकाकरण कराया था। गांव में कुत्ते के काटने के बाद महिला ने झाड़-फूंक और घरेलू नुस्खों पर भरोसा किया, लेकिन समय रहते चिकित्सकीय इलाज नहीं कराया। इसका गंभीर नतीजा सामने आया और रेबीज का जहर धीरे-धीरे पूरे शरीर में फैल गया था और महिला की मौत हो गई थी।

​ 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *