राजस्थान के अलवर पुलिस लाइन ग्राउंड में आयोजित हो रही होमगार्ड भर्ती प्रक्रिया के 10वें दिन महिलाओं का दबदबा देखने को मिला। शारीरिक दक्षता परीक्षा (PET) के दौरान महिला अभ्यर्थियों ने पुरुषों की तुलना में कहीं बेहतर प्रदर्शन किया है। जानकारी के अनुसार दौड़ में शामिल होने वाली लगभग 40 प्रतिशत महिलाओं ने सफलता हासिल की है, जिससे उनके चयन की संभावनाएं बन गई है।
पुरुषों के मुकाबले महिलाओं का प्रदर्शन शानदार
भर्ती अधिकारियों के अनुसार पुरुषों का सफलता का औसत जहां 15 प्रतिशत तक भी नहीं पहुंच पाया, वहीं महिलाओं ने अपनी मजबूती साबित की है। होमगार्ड भर्ती अधिकारी के अनुसार महिला अभ्यर्थियों की दौड़ में स्थिति संतोषजनक रही है। अनुमान लगाया जा रहा है कि भर्ती प्रक्रिया में शामिल होने वाली महिलाओं में से करीब 30 प्रतिशत का अंतिम चयन पक्का है, जो कि रोजगार की दृष्टि से एक बड़ा आंकड़ा है।
उपस्थिति रही कम, पर पास होने वालों का बढ़ा जोश
भर्ती के 10वें दिन कुल 3,661 पंजीकृत महिला अभ्यर्थियों को बुलाया गया था, लेकिन इनमें से केवल 786 महिलाएं ही मैदान पर पहुंचीं। कम उपस्थिति के बावजूद मैदान पर मौजूद अभ्यर्थियों में जबरदस्त उत्साह दिखा। दौड़ के लिए समय के अनुसार अंक निर्धारित किए गए हैं, जिसमें साढे तीन मिनट में दौड़ पूरी करने वाली महिलाओं को पूरे 15 अंक दिए जा रहे हैं।
कड़े मापदंडों से गुजर रही हैं अभ्यर्थी
दौड़ के अलावा महिलाओं के लिए अन्य शारीरिक परीक्षण भी अनिवार्य हैं। इसमें गोला फेंक (Shot Put) प्रक्रिया शामिल है, जिसमें कम से कम 14 फीट तक गोला फेंकना जरूरी है। इसके साथ ही अभ्यर्थियों की लंबाई (Height) और वजन (Weight) का भी सटीक माप लिया जा रहा है। अंकों का वर्गीकरण कुछ इस प्रकार है:
3:30 मिनट तक दौड़: 15 नंबर
3:30 से 3:50 मिनट तक: 10 नंबर
3:50 से 4:10 मिनट तक: 05 नंबर
अलवर और दौसा के लिए 409 पदों पर हो रही भर्ती
गृह रक्षा प्रशिक्षण केंद्र के कमांडेंट हरि सिंह यादव के अनुसार यह भर्ती प्रक्रिया 16 मार्च से शुरू हुई थी। अलवर जिले (खैरथल-तिजारा व कोटपूतली-बहरोड़ सहित) में 322 पद और दौसा जिले में 87 रिक्त पदों सहित कुल 409 पदों पर भर्ती होनी है। इस पूरी प्रक्रिया के लिए अलवर और दौसा से करीब 55,685 अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था। अब अलवर की महिलाओं की भर्ती के बाद दौसा जिले के अभ्यर्थियों की बारी आएगी।


