Osman Hadi Funeral: मोहम्मद यूनुस को कट्टरपंथी शरीफ उस्मान हादी के जनाजे में शामिल होना भारी पड़ गया है। हादी के समर्थक आक्रोश में थे और उन्होंने यूनुस सरकार को 24 घंटे का अल्टीमेटम दे दिया। साथ ही अपनी मांगे भी रखी। हालांकि यूनुस ने हादी का गुणगान किया। उन्होंने कहा कि हादी, आप हमारे दिल में बसते हैं। यह यह देश आपको हमेशा याद रखेगा।
बता दें कि कट्टरपंथी हादी को ढाका यूनिवर्सिटी के परिसर में दफनाया गया। इस दौरान भारी संख्या में लोगों की भीड़ मौजूद रही। साथ में अंतरिम सरकार के मुख्य सलाहकार मो. यूनुस भी मौजूद रहे। साथ ही संसद के दक्षिणी प्लाजा पर नमाज-ए-जनाजा भी पढ़ा गया। हादी की मौत के बाद से ही यूनिवर्सिटी और उसके आसपास के इलाकों में अभी तक हालात अस्थिर बने हुए हैं।
मो. यूनुस ने किया हादी का गुणगाण
मोहम्मद यूनुस ने हादी को अंतिम विदाई देते हुए उसकी खूब प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि आज यहां हजारों लोग जुटे हुए हैं और केवल यहां ही नहीं, बल्कि पूरे देश में आपके लिए संवेदनाएं हैं। उन्होंने आगे कहा कि विदेशों में बसे प्रवासी समुदाय भी आपके बारे में जानना चाहते हैं और आपके प्रति संवेदनाएं रखते हैं। साथ ही उन्होंने कहा कि प्रिय उस्मान हादी, हम यहां आपको अलविदा कहने नहीं आए हैं। आप हमारे दिलों में बसते हैं। उन्होंने आगे कहा कि जब तक बांग्लादेश का अस्तित्व रहेगा, आप इस राष्ट्र का हिस्सा बने रहेंगे।
हादी के समर्थकों का सरकार को अल्टीमेटम
उस्मान हादी के समर्थकों ने उसकी मौत के बाद भारी हंगामा मचाया। साथ ही आगजनी की और उग्र होकर तोड़फोड़ भी की। हादी को दफनाते समय भी हादी के समर्थक शांत नहीं हुए। इस दौरान “इंकलाब मंच” से जुड़े हादी के सहयोगी अब्दुल्ल अल जबेर ने यूनुस सरकार को अल्टीमेटम दिया। उसने कहा कि सरकार अगले 24 घंटे में सार्वजनिक रूप से स्पष्ट करे कि हादी की हत्या किसने की, साथ ही हत्या की साजिश में कौन-कौन लोग शामिल थे। हादी के समर्थक ने चेतावनी देते हुए कहा कि सरकार बताए कि अब तक हत्यारों को पकड़ने के लिए क्या-क्या कदम उठाए गए हैं। साथ ही उन्होंने कहा कि नहीं तो बड़ा आंदोलन होगा।
पूर्व मंत्री ने हत्या को यूनुस सरकार का षडयंत्र बताया
उस्मान हादी की मौत को लेकर बांग्लादेश के पूर्व मंत्री मोहिबुल हसन चौधरी का चौंका देने वाला बयान सामने आया है। उन्होंने दावा किया कि उस्मान हादी को उसके ही किसी करीबी ने गोली मारी है। गोली मारने वाले हादी के ही हथियारबंद गैंग के सदस्य हैं।
शेख हसीना की सरकार में मंत्री रह चुके मोहिबुल हसन चौधरी ने यूनुस सरकार पर आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि उस्मान हादी की हत्या के पीछे यूनुस सरकार के दो मकसद छिपे हैं। उन्होंने कहा कि पहला तो यह कि अंतरिम सरकार देश में चुनाव कराना नहीं चाहती है। बांग्लादेश में 12 फरवरी को होने वाले चुनाव को टालना चाहती है। साथ ही इनका दूसरा मकसद यह है कि आवामी लीग फिर से खड़ी न हो पाए। इसलिए यूनुस सरकार साजिश रच कर शेख हसीना की पार्टी आवामी लीग के कार्यकर्ताओं को खत्म करना चाहती है।


