मिडिल ईस्ट में जारी तनाव को लेकर असमंजस की स्थिति बनी हुई है। हाल ही में जहां एक तरह ईरान और अमेरिका ने सीजफायर की घोषणा की है, वहीं दूसरी तरफ इजरायल के लेबनान पर हलमे जारी है। इसके साथ ही दोनों पक्षों के नेता भी लगातार अपनी जीत से जुड़े बयान देते नजर आ रहे है जिससे शांती बिगड़ने का डर बना हुआ है। इसी कड़ी में अब ईरानी सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई (Mojtaba Khamenei) का नया बयान सामने आया है। खामेनेई ने इस युद्ध को लेकर बड़ा बयान देते हुए खुद को इस संघर्ष का विजेता बताया है। इसी के साथ खामेनेई ने अमेरिका और इजारयल के खिलाफ कड़ा रुख अपनाने का संकेत भी दिया है।
ईरान की जनता इस संघर्ष में निर्णायक विजेता रही – खामेनेई
खबरों के अनुसार खामेनेई यह साफ कर चुके है कि ईरान किसी भी आक्रामक कार्रवाई को बिना सजा के नहीं छोड़ेगा और हर नुकसान की भरपाई की मांग करेगा। खामेनेई ने अपने संबोधन में कहा कि ईरान की जनता और सशस्त्र बलों ने बाहरी आक्रमण का मजबूती से सामना किया है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि आज यह साहस के साथ कहा जा सकता है कि आप, ईरान की वीर जनता, इस संघर्ष में निर्णायक विजेता रहे हैं। उन्होंने आगे कहा कि हम निश्चित रूप से इन अपराधी आक्रामकों को मुक्त नहीं जाने देंगे। इस बयान के जरिए ईरान ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी स्थिति मजबूत करने का प्रयास किया है और साथ ही विरोधियों को कड़ा संदेश दिया है।
शहीदों के परिवारों के लिए मुआवजा मांगा
खामेनेई ने युद्ध में हुए नुकसान की भरपाई की मांग भी दोहराई। उन्होंने कहा कि हर घायल व्यक्ति, शहीदों के परिवार और विकलांग सैनिकों के लिए मुआवजा लिया जाएगा। साथ ही उन्होंने होर्मुज स्टेट के प्रबंधन को नए स्तर पर ले जाने की बात भी कही। यह मार्ग वैश्विक तेल आपूर्ति के लिए बेहद अहम है, और इस पर नियंत्रण की बात सीधे तौर पर अंतरराष्ट्रीय बाजार और सुरक्षा समीकरणों को प्रभावित कर सकती है। अमेरिका और इजरायल के खिलाफ यह आर्थिक और रणनीतिक दबाव की नीति का हिस्सा माना जा रहा है।
सीजफायर को युद्ध का अंत नहीं मानते खामेनेई
हालांकि एक अस्थायी सीजफायर की घोषणा की गई है, लेकिन खामेनेई ने इसे युद्ध का अंत मानने से इनकार किया। उन्होंने नागरिकों से सड़कों, मोहल्लों और मस्जिदों में एकजुट होकर ह्यूमन डिफेंस चेन बनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि अगर युद्ध के मैदान में शांति का दौर आता है, तो जनता की जिम्मेदारी और बढ़ जाती है। इस बीच, इजराइल द्वारा दक्षिण लेबनान में जारी हमलों ने स्थिति को और जटिल बना दिया है, जबकि ईरान का दावा है कि यह क्षेत्र भी सीजफायर के दायरे में आता है।



gives it’s response to a ‘ceasefire’:
sites bombed in 10 mins