नगर कोतवाली क्षेत्र में अधिवक्ता शोएब उर्फ बॉबी किदवई की दिनदहाड़े हुई हत्या के मामले में जांच को गति दी गई है। 48 घंटे का अल्टीमेटम समाप्त होने के बाद सोमवार को बार एसोसिएशन के बैनर तले हजारों वकीलों ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय का घेराव कर जोरदार प्रदर्शन किया। कई घंटों तक चले हंगामे और पुलिस-वकीलों के बीच नोकझोंक के बाद अधिकारियों के ठोस आश्वासन पर मामला शांत हुआ। पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय ने बताया कि हत्याकांड के खुलासे के लिए पांच स्पेशल टीमें गठित कर उन्हें अलग-अलग पांच जिलों में रवाना किया गया है। पुलिस हर एंगल से जांच कर रही है और जल्द ही महत्वपूर्ण खुलासा किया जाएगा। एसपी ने पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने का भरोसा भी दिलाया। बैंक खातों की ‘मिस्ट्री मनी’ जांच का केंद्र जांच के दौरान कुछ चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। सूत्रों के मुताबिक, मृतक के बैंक खातों में हर महीने लाखों रुपये का लेनदेन हो रहा था। पुलिस अब इस ‘मिस्ट्री मनी’ के स्रोत की पड़ताल में जुटी है। अधिकारियों का कहना है कि यदि शोएब सक्रिय रूप से वकालत नहीं कर रहे थे, तो इतनी बड़ी रकम का आना जांच का महत्वपूर्ण बिंदु है। बार एसोसिएशन का बयान पूर्व बार एसोसिएशन अध्यक्ष हिसाल किदवई ने कहा कि हर व्यक्ति का एक पुराना इतिहास होता है। उन्होंने बताया कि शोएब पिछले 10 वर्षों से नियमित रूप से वकालत कर रहे थे। पुलिस का यह भी कहना है कि मृतक के परिजन जांच में अपेक्षित सहयोग नहीं कर रहे हैं, जिससे मुख्य शूटरों और साजिशकर्ताओं तक पहुंचने में देरी हो रही है। पुलिस 1998 से अब तक दर्ज मुकदमों की भी समीक्षा कर रही है। लगातार छापेमारी और संदिग्ध हिरासत गौरतलब है कि शुक्रवार दोपहर करीब 1:30 बजे हुई इस वारदात के बाद से पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है और कई संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। इधर बार एसोसिएशन त्वरित कार्रवाई की मांग पर अड़ा हुआ है, जबकि शहर में इस हत्याकांड को लेकर चर्चाओं और तनाव का माहौल बना हुआ है।


