नालंदा विश्वविद्यालय में शैक्षणिक सत्र 2026 के लिए नामांकन शुरू हो गया है। एमए, एमएससी और एमबीए (MA, MSc, MBA) के विभिन्न पाठ्यक्रमों में दाखिले के लिए आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। देश-विदेश के इच्छुक छात्र 15 जून तक ऑनलाइन आवेदन जमा कर सकते हैं। कला, विज्ञान और प्रबंधन संकाय के तहत कुल 13 विषयों में दाखिला लिया जाएगा। इनमें हिंदू अध्ययन (सनातन धर्म), बौद्ध अध्ययन, दर्शनशास्त्र व तुलनात्मक धर्म, पारिस्थितिकी व पर्यावरण अध्ययन, ऐतिहासिक अध्ययन, सतत विकास व प्रबंधन, पुरातत्व, विश्व साहित्य (अंग्रेजी), अंतरराष्ट्रीय संबंध और शांति अध्ययन, गणित, अर्थशास्त्र, दर्शनशास्त्र और हिंदी विषय शामिल हैं। छात्रों को मिलेगी अंतरराष्ट्रीय स्कॉलरशिप विश्वविद्यालय में पढ़ने वाले मेधावी छात्रों के लिए कई तरह की अंतरराष्ट्रीय छात्रवृत्ति की भी व्यवस्था है। इनमें आसियान (ASEAN), भूटान, बिम्सटेक, आईसीसीआर (ICCR), थाईलैंड और एनयू अकादमिक उत्कृष्टता स्कॉलरशिप प्रमुख हैं। यहां भारत समेत 17 प्रतिभागी देशों (जैसे- ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड, सिंगापुर, चीन आदि) के छात्र एक साथ शिक्षा ग्रहण करते हैं, जो इसे एक अनूठा ‘क्रॉस सिविलाइजेशनल लर्निंग’ केंद्र बनाता है।
नेट-जीरो सस्टेनेबल है पूरा कैंपस नालंदा विवि का पूरा आवासीय परिसर पूर्णतः पर्यावरण अनुकूल यानी ‘नेट-जीरो सस्टेनेबल’ है। यहां स्मार्ट क्लासरूम, वाई-फाई और अत्याधुनिक लाइब्रेरी के साथ ही अंतरराष्ट्रीय विजिटिंग फैकल्टी की सुविधा उपलब्ध है। छात्रों के विकास के लिए खेलकूद, योगा, जिम, जेंडर इन्क्लूसिविटी, मेडिकल सेंटर और शॉपिंग आर्केड जैसी विश्वस्तरीय सुविधाएं भी मौजूद हैं। नालंदा विश्वविद्यालय में शैक्षणिक सत्र 2026 के लिए नामांकन शुरू हो गया है। एमए, एमएससी और एमबीए (MA, MSc, MBA) के विभिन्न पाठ्यक्रमों में दाखिले के लिए आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। देश-विदेश के इच्छुक छात्र 15 जून तक ऑनलाइन आवेदन जमा कर सकते हैं। कला, विज्ञान और प्रबंधन संकाय के तहत कुल 13 विषयों में दाखिला लिया जाएगा। इनमें हिंदू अध्ययन (सनातन धर्म), बौद्ध अध्ययन, दर्शनशास्त्र व तुलनात्मक धर्म, पारिस्थितिकी व पर्यावरण अध्ययन, ऐतिहासिक अध्ययन, सतत विकास व प्रबंधन, पुरातत्व, विश्व साहित्य (अंग्रेजी), अंतरराष्ट्रीय संबंध और शांति अध्ययन, गणित, अर्थशास्त्र, दर्शनशास्त्र और हिंदी विषय शामिल हैं। छात्रों को मिलेगी अंतरराष्ट्रीय स्कॉलरशिप विश्वविद्यालय में पढ़ने वाले मेधावी छात्रों के लिए कई तरह की अंतरराष्ट्रीय छात्रवृत्ति की भी व्यवस्था है। इनमें आसियान (ASEAN), भूटान, बिम्सटेक, आईसीसीआर (ICCR), थाईलैंड और एनयू अकादमिक उत्कृष्टता स्कॉलरशिप प्रमुख हैं। यहां भारत समेत 17 प्रतिभागी देशों (जैसे- ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड, सिंगापुर, चीन आदि) के छात्र एक साथ शिक्षा ग्रहण करते हैं, जो इसे एक अनूठा ‘क्रॉस सिविलाइजेशनल लर्निंग’ केंद्र बनाता है।
नेट-जीरो सस्टेनेबल है पूरा कैंपस नालंदा विवि का पूरा आवासीय परिसर पूर्णतः पर्यावरण अनुकूल यानी ‘नेट-जीरो सस्टेनेबल’ है। यहां स्मार्ट क्लासरूम, वाई-फाई और अत्याधुनिक लाइब्रेरी के साथ ही अंतरराष्ट्रीय विजिटिंग फैकल्टी की सुविधा उपलब्ध है। छात्रों के विकास के लिए खेलकूद, योगा, जिम, जेंडर इन्क्लूसिविटी, मेडिकल सेंटर और शॉपिंग आर्केड जैसी विश्वस्तरीय सुविधाएं भी मौजूद हैं।


