औरंगाबाद-हरिहरगंज मुख्य पथ (एनएच-139) पर आज एक तेज रफ्तार बेकाबू कार ने बाइक सवार एक ही परिवार के पांच लोगों को टक्कर मार दी, जिससे सभी गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना मुफस्सिल थाना क्षेत्र के भैरोपुर गांव के पास की है।घायलों की पहचान नवीनगर प्रखंड के टंडवा थाना क्षेत्र के रामसागर गांव निवासी 42 साल के बिरजू कुमार, उनकी 40 साल की पत्नी रीमा देवी, 12 साल की बेटी खुशी कुमारी, 10 साल की बेटी सुप्रिया कुमारी और 8 सील के बेटे पीयूष राज के रूप में हुई है। सभी एक ही बाइक पर सवार होकर अपने ससुराल जा रहे थे, तभी यह हादसा हुआ। पत्नी-बच्चों के साथ ससुराल जा रहा था बाइक सवार घायल बिरजू कुमार ने बताया कि वह अपने परिवार के साथ दाउदनगर थाना क्षेत्र के पूर्णा बिगहा गांव स्थित ससुराल छठ पर्व मनाने जा रहे थे। ससुराल में छठ की तैयारियां चल रही थीं और पूरा परिवार इस पर्व को लेकर उत्साहित था। जैसे ही वे भैरोपुर गांव के पास पहुंचे, पीछे से आ रही एक तेज रफ्तार कार ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बाइक अनियंत्रित होकर सड़क पर पलट गई और सभी सवार सड़क पर गिरकर घायल हो गए।घटना के बाद मौके पर स्थानीय लोगों की भीड़ जुट गई। लोगों ने कार चालक को पकड़ने का प्रयास किया, लेकिन वह मौके से फरार हो गया। घटनास्थल पर कुछ देर के लिए अफरा-तफरी की स्थिति बनी रही। स्थानीय लोगों की तत्परता से सभी घायलों को तुरंत औरंगाबाद सदर अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज शुरू किया गया। घटना की सूचना पर अस्पताल पहुंचे परिजन घटना की सूचना मिलते ही घायल के परिजन और ससुराल पक्ष के लोग भी सदर अस्पताल पहुंच गए और घायलों का हाल-चाल जाना। हादसे के कारण पूरे परिवार में मातम जैसा माहौल बन गया, क्योंकि त्योहार की खुशियां अचानक हादसे में बदल गईं। सदर अस्पताल के डॉक्टर सुनील कुमार ने बताया कि दुर्घटना में पांच लोग घायल हुए हैं, लेकिन राहत की बात यह है कि सभी को मामूली चोटें आई हैं और वे खतरे से बाहर हैं। सभी का इलाज अस्पताल में किया जा रहा है और स्थिति नियंत्रण में है। फरार कार ड्राइवर का पता लगाने में जुटी पुलिस इधर, पुलिस मामले की जानकारी जुटाने में लगी है और फरार कार चालक की तलाश की जा रही है। इस घटना ने एक बार फिर तेज रफ्तार और लापरवाही से वाहन चलाने के खतरों को उजागर किया है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से सड़क पर सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी बढ़ाने की मांग की है, ताकि इस तरह की घटनाओं पर रोक लगाई जा सके। औरंगाबाद-हरिहरगंज मुख्य पथ (एनएच-139) पर आज एक तेज रफ्तार बेकाबू कार ने बाइक सवार एक ही परिवार के पांच लोगों को टक्कर मार दी, जिससे सभी गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना मुफस्सिल थाना क्षेत्र के भैरोपुर गांव के पास की है।घायलों की पहचान नवीनगर प्रखंड के टंडवा थाना क्षेत्र के रामसागर गांव निवासी 42 साल के बिरजू कुमार, उनकी 40 साल की पत्नी रीमा देवी, 12 साल की बेटी खुशी कुमारी, 10 साल की बेटी सुप्रिया कुमारी और 8 सील के बेटे पीयूष राज के रूप में हुई है। सभी एक ही बाइक पर सवार होकर अपने ससुराल जा रहे थे, तभी यह हादसा हुआ। पत्नी-बच्चों के साथ ससुराल जा रहा था बाइक सवार घायल बिरजू कुमार ने बताया कि वह अपने परिवार के साथ दाउदनगर थाना क्षेत्र के पूर्णा बिगहा गांव स्थित ससुराल छठ पर्व मनाने जा रहे थे। ससुराल में छठ की तैयारियां चल रही थीं और पूरा परिवार इस पर्व को लेकर उत्साहित था। जैसे ही वे भैरोपुर गांव के पास पहुंचे, पीछे से आ रही एक तेज रफ्तार कार ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बाइक अनियंत्रित होकर सड़क पर पलट गई और सभी सवार सड़क पर गिरकर घायल हो गए।घटना के बाद मौके पर स्थानीय लोगों की भीड़ जुट गई। लोगों ने कार चालक को पकड़ने का प्रयास किया, लेकिन वह मौके से फरार हो गया। घटनास्थल पर कुछ देर के लिए अफरा-तफरी की स्थिति बनी रही। स्थानीय लोगों की तत्परता से सभी घायलों को तुरंत औरंगाबाद सदर अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज शुरू किया गया। घटना की सूचना पर अस्पताल पहुंचे परिजन घटना की सूचना मिलते ही घायल के परिजन और ससुराल पक्ष के लोग भी सदर अस्पताल पहुंच गए और घायलों का हाल-चाल जाना। हादसे के कारण पूरे परिवार में मातम जैसा माहौल बन गया, क्योंकि त्योहार की खुशियां अचानक हादसे में बदल गईं। सदर अस्पताल के डॉक्टर सुनील कुमार ने बताया कि दुर्घटना में पांच लोग घायल हुए हैं, लेकिन राहत की बात यह है कि सभी को मामूली चोटें आई हैं और वे खतरे से बाहर हैं। सभी का इलाज अस्पताल में किया जा रहा है और स्थिति नियंत्रण में है। फरार कार ड्राइवर का पता लगाने में जुटी पुलिस इधर, पुलिस मामले की जानकारी जुटाने में लगी है और फरार कार चालक की तलाश की जा रही है। इस घटना ने एक बार फिर तेज रफ्तार और लापरवाही से वाहन चलाने के खतरों को उजागर किया है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से सड़क पर सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी बढ़ाने की मांग की है, ताकि इस तरह की घटनाओं पर रोक लगाई जा सके।


