मुजफ्फरपुर में गुरुवार रात अपराधियों ने कुम्हार की हत्या कर दी। सिर में गोली मारी है। शव घर से 700 मीटर की दूरी पर खेत में पड़ा मिला। घटना मोतीपुर थाना क्षेत्र के सेंदुआरी की है। मृतक की पहचान बालाजी पंडित के पुत्र मकेश्वर पंडित (45) के रूप में हुई है। घर लौटने के दौरान हत्या मृतक के छोटे भाई अजय कुमार ने बताया, मकेश्वर पंडित रोजाना की तरह मोतीपुर बाजार से काम खत्म कर अपने घर लौट रहे थे। इसी दौरान घात लगाए अपराधियों ने उनकी गोली मारकर हत्या कर दी। प्रतिदिन 8 बजे तक घर लौट जाते थे, गुरुवार की रात 9 बजे तक नहीं पहुंचे, तो उनकी तलाश शुरू की। घर से करीब 700 मीटर दूर सड़क किनारे साइकिल खड़ी मिली, जिसके बाद खेत में खोजबीन के दौरान उनका शव बरामद हुआ। मिट्टी से बर्तन बनाकर उसे बाजार में बेचता था। उसी से अपने परिवार का भरण-पोषण करता था। मोबाइल और पैसे सुरक्षित मिले सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि मृतक के पास से मोबाइल और पैसे सुरक्षित मिले हैं, जिससे यह साफ होता है कि घटना लूटपाट की नहीं, बल्कि आपसी दुश्मनी का मामला हो सकता है। जांच के लिए एफएसएल टीम पहुंची सूचना मिलते ही एसडीपीओ सुचित्रा कुमारी और थानाध्यक्ष संजीव कुमार सिंह मौके पर पहुंचे और जांच शुरू कर दी है। एफएसएल टीम ने भी घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए हैं। हालांकि, पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारण का पता चलेगा। मुजफ्फरपुर में गुरुवार रात अपराधियों ने कुम्हार की हत्या कर दी। सिर में गोली मारी है। शव घर से 700 मीटर की दूरी पर खेत में पड़ा मिला। घटना मोतीपुर थाना क्षेत्र के सेंदुआरी की है। मृतक की पहचान बालाजी पंडित के पुत्र मकेश्वर पंडित (45) के रूप में हुई है। घर लौटने के दौरान हत्या मृतक के छोटे भाई अजय कुमार ने बताया, मकेश्वर पंडित रोजाना की तरह मोतीपुर बाजार से काम खत्म कर अपने घर लौट रहे थे। इसी दौरान घात लगाए अपराधियों ने उनकी गोली मारकर हत्या कर दी। प्रतिदिन 8 बजे तक घर लौट जाते थे, गुरुवार की रात 9 बजे तक नहीं पहुंचे, तो उनकी तलाश शुरू की। घर से करीब 700 मीटर दूर सड़क किनारे साइकिल खड़ी मिली, जिसके बाद खेत में खोजबीन के दौरान उनका शव बरामद हुआ। मिट्टी से बर्तन बनाकर उसे बाजार में बेचता था। उसी से अपने परिवार का भरण-पोषण करता था। मोबाइल और पैसे सुरक्षित मिले सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि मृतक के पास से मोबाइल और पैसे सुरक्षित मिले हैं, जिससे यह साफ होता है कि घटना लूटपाट की नहीं, बल्कि आपसी दुश्मनी का मामला हो सकता है। जांच के लिए एफएसएल टीम पहुंची सूचना मिलते ही एसडीपीओ सुचित्रा कुमारी और थानाध्यक्ष संजीव कुमार सिंह मौके पर पहुंचे और जांच शुरू कर दी है। एफएसएल टीम ने भी घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए हैं। हालांकि, पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारण का पता चलेगा।


