भास्कर न्यूज|पूर्णिया साइबर थाना पुलिस ने सोशल मीडिया के जरिये भारतीय मोबाइल धारक के संवेदनशील व निजी डेटा लीक कर साइबर फ्रॉड मामले के आरोपी राकेश मंडल के एक नाबालिग सहयोगी को मधुबनी से हिरासत लेकर पहुंची। मधुबनी से लाए गए किशोर ने साइबर थाना पुलिस को साइबर ठगी से जुड़ी कई अहम जानकारियां दीं। नाबालिग ने बताया कि वह इंस्टाग्राम के माध्यम से राकेश मंडल के सम्पर्क में आया था। उसके बाद अब-तक में मैंने 10-12 लाख रुपए कमाया है। पूछताछ के दौरान साइबर थाना के वरीय अधिकारी ने जब किशोर के माता-पिता से पूछा की पिता ने कहा, जानकारी मुझे नहीं है। मैं तो इतना जानता था कि मेरा बेटा ऑनलाइन काम करता है और उसी में रुपए कमाता है। साइबर डीएसपी चंदन कुमार ठाकुर ने बताया कि पुलिस ने गिरफ्तार राकेश मंडल को 24 घंटे का रिमांड पर लिया था। पूछताछ के बाद शुक्रवार को न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। रिमांड के दौरान राकेश मंडल ने बताया कि उसने साइबर ठगी से अर्जित धन से 15 से 20 कट्ठा जमीन खरीदी है। साथ ही उसने कई और जानकारी साइबर के वरीय अधिकारी को दिया है। डीएसपी ने बताया कि मधुबनी से लाया गया नाबालिग को भी पूछताछ के बाद उसे बाल सुधार गृह में भेजा गया है। उसने भी कुछ लड़कों का नाम बताया है जो साइबर ठगी का धंधा करता है। ज्ञात हो की इससे पूर्व साइबर ठगी मामले में ही मोतिहारी से एक नाबालिग को पूर्णिया लाया गया था। उसने साइबर पुलिस के सामने कई राज खोले थे। जिसमें उसने कहा था कि वह 20 प्रतिशत कमीशन पर राकेश को अपना अकाउंट दे रखा था। भास्कर न्यूज|पूर्णिया साइबर थाना पुलिस ने सोशल मीडिया के जरिये भारतीय मोबाइल धारक के संवेदनशील व निजी डेटा लीक कर साइबर फ्रॉड मामले के आरोपी राकेश मंडल के एक नाबालिग सहयोगी को मधुबनी से हिरासत लेकर पहुंची। मधुबनी से लाए गए किशोर ने साइबर थाना पुलिस को साइबर ठगी से जुड़ी कई अहम जानकारियां दीं। नाबालिग ने बताया कि वह इंस्टाग्राम के माध्यम से राकेश मंडल के सम्पर्क में आया था। उसके बाद अब-तक में मैंने 10-12 लाख रुपए कमाया है। पूछताछ के दौरान साइबर थाना के वरीय अधिकारी ने जब किशोर के माता-पिता से पूछा की पिता ने कहा, जानकारी मुझे नहीं है। मैं तो इतना जानता था कि मेरा बेटा ऑनलाइन काम करता है और उसी में रुपए कमाता है। साइबर डीएसपी चंदन कुमार ठाकुर ने बताया कि पुलिस ने गिरफ्तार राकेश मंडल को 24 घंटे का रिमांड पर लिया था। पूछताछ के बाद शुक्रवार को न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। रिमांड के दौरान राकेश मंडल ने बताया कि उसने साइबर ठगी से अर्जित धन से 15 से 20 कट्ठा जमीन खरीदी है। साथ ही उसने कई और जानकारी साइबर के वरीय अधिकारी को दिया है। डीएसपी ने बताया कि मधुबनी से लाया गया नाबालिग को भी पूछताछ के बाद उसे बाल सुधार गृह में भेजा गया है। उसने भी कुछ लड़कों का नाम बताया है जो साइबर ठगी का धंधा करता है। ज्ञात हो की इससे पूर्व साइबर ठगी मामले में ही मोतिहारी से एक नाबालिग को पूर्णिया लाया गया था। उसने साइबर पुलिस के सामने कई राज खोले थे। जिसमें उसने कहा था कि वह 20 प्रतिशत कमीशन पर राकेश को अपना अकाउंट दे रखा था।


