नवादा सदर अस्पताल में चोरी की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। कभी साइकिल तो कभी मरीजों और उनके परिजनों के मोबाइल चोरी होने की शिकायत सामने आती है। अब चोरों ने एक गर्भवती महिला को भी अपना निशाना बना लिया। महिला सृष्टि कुमारी ने बताया कि इलाज के लिए सदर अस्पताल पहुंची थी और प्रसूति वार्ड के पास मौजूद थी। परिसर में जगह-जगह सीसीटीवी लगाए इसी दौरान अज्ञात चोरों ने उसका बैग चोरी कर लिया। बैग में नकदी, आधार कार्ड, पैन कार्ड समेत कई जरूरी और कीमती सामान रखे हुए थे। घटना के बाद महिला और उसके परिजनों की परेशानी बढ़ गई है। इलाज कराने के लिए अस्पताल पहुंची महिला को अब अपने जरूरी दस्तावेज और सामान की चिंता सताने लगी है। इस घटना ने सदर अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था पर एक बार फिर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। अपनी सुरक्षा और सामान की चिंता अस्पताल परिसर में जगह-जगह सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, इसके बावजूद चोरी की घटनाओं पर अंकुश नहीं लग पा रहा है। सवाल यह भी है कि जब अस्पताल में इतनी बड़ी संख्या में कैमरे लगे हैं तो आखिर चोरी करने वाले व्यक्ति की पहचान क्यों नहीं हो पा रही है? स्थानीय स्तर पर लगातार चोरी की घटनाओं की चर्चा हो रही है, लेकिन इन पर प्रभावी रोक नहीं लगने से मरीजों और उनके परिजनों में चिंता बनी हुई है। दूर-दराज के इलाकों से लोग बेहतर इलाज की उम्मीद लेकर सदर अस्पताल पहुंचते हैं, लेकिन यहां उन्हें अपनी सुरक्षा और सामान की चिंता भी सताने लगी है। संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने की कोशिश वहीं, अस्पताल प्रबंधक कुमार आदित्य ने बताया कि जिस समय चोरी की घटना हुई, उस वक्त बिजली कटी हुई थी। इसी वजह से कैमरे में घटना कैद नहीं हो सकी। फिलहाल मामले की जांच की जा रही है। अस्पताल में आने-जाने वाले लोगों और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने की कोशिश की जा रही है। अब बड़ा सवाल यह है कि सदर अस्पताल में मरीजों और उनके परिजनों के सामान की सुरक्षा की जिम्मेदारी कौन लेगा? आखिर कब तक अस्पताल परिसर में चोरी की घटनाएं होती रहेंगी और कब इन पर प्रभावी लगाम लग पाएगी? नवादा सदर अस्पताल में चोरी की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। कभी साइकिल तो कभी मरीजों और उनके परिजनों के मोबाइल चोरी होने की शिकायत सामने आती है। अब चोरों ने एक गर्भवती महिला को भी अपना निशाना बना लिया। महिला सृष्टि कुमारी ने बताया कि इलाज के लिए सदर अस्पताल पहुंची थी और प्रसूति वार्ड के पास मौजूद थी। परिसर में जगह-जगह सीसीटीवी लगाए इसी दौरान अज्ञात चोरों ने उसका बैग चोरी कर लिया। बैग में नकदी, आधार कार्ड, पैन कार्ड समेत कई जरूरी और कीमती सामान रखे हुए थे। घटना के बाद महिला और उसके परिजनों की परेशानी बढ़ गई है। इलाज कराने के लिए अस्पताल पहुंची महिला को अब अपने जरूरी दस्तावेज और सामान की चिंता सताने लगी है। इस घटना ने सदर अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था पर एक बार फिर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। अपनी सुरक्षा और सामान की चिंता अस्पताल परिसर में जगह-जगह सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, इसके बावजूद चोरी की घटनाओं पर अंकुश नहीं लग पा रहा है। सवाल यह भी है कि जब अस्पताल में इतनी बड़ी संख्या में कैमरे लगे हैं तो आखिर चोरी करने वाले व्यक्ति की पहचान क्यों नहीं हो पा रही है? स्थानीय स्तर पर लगातार चोरी की घटनाओं की चर्चा हो रही है, लेकिन इन पर प्रभावी रोक नहीं लगने से मरीजों और उनके परिजनों में चिंता बनी हुई है। दूर-दराज के इलाकों से लोग बेहतर इलाज की उम्मीद लेकर सदर अस्पताल पहुंचते हैं, लेकिन यहां उन्हें अपनी सुरक्षा और सामान की चिंता भी सताने लगी है। संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने की कोशिश वहीं, अस्पताल प्रबंधक कुमार आदित्य ने बताया कि जिस समय चोरी की घटना हुई, उस वक्त बिजली कटी हुई थी। इसी वजह से कैमरे में घटना कैद नहीं हो सकी। फिलहाल मामले की जांच की जा रही है। अस्पताल में आने-जाने वाले लोगों और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने की कोशिश की जा रही है। अब बड़ा सवाल यह है कि सदर अस्पताल में मरीजों और उनके परिजनों के सामान की सुरक्षा की जिम्मेदारी कौन लेगा? आखिर कब तक अस्पताल परिसर में चोरी की घटनाएं होती रहेंगी और कब इन पर प्रभावी लगाम लग पाएगी?

