Manoj Bajpayee Film Gajab Raat Trailer: नेटफ्लिक्स इंडिया ने मनोज बाजपेयी की क्राइम थ्रिलर फिल्म ‘गजब रात’ का ट्रेलर जारी कर दिया है। स्क्रीनराइटर रितेश शाह इस फिल्म से निर्देशन की दुनिया में कदम रख रहे हैं। कहानी दिल्ली में एक लड़की को चलती कार से फेंके जाने की घटना और उसकी पहचान की गुत्थी के इर्द-गिर्द घूमती है। फिल्म में मनोज बाजपेयी एक पुलिस अधिकारी अजय दीक्षित के किरदार में नजर आएंगे। यह फिल्म पहले ‘घूसखोर पंडित’ नाम से घोषित हुई थी, लेकिन शीर्षक को लेकर हुए विवाद और कानूनी कार्रवाई के बाद इसका नाम बदल दिया गया। फिल्म 23 अक्टूबर को नेटफ्लिक्स पर रिलीज होगी।
‘गजब रात’ के ट्रेलर में क्या दिखा?
ट्रेलर की शुरुआत दिल्ली में एक गंभीर आपराधिक घटना से होती है। चलती कार से एक लड़की को सड़क पर फेंक दिया जाता है। इसके बाद पुलिस जांच शुरू करती है, लेकिन मामले में कई पेचीदगियां सामने आती हैं। लड़की की पहचान को लेकर अलग-अलग दावे किए जाते हैं, जबकि जांच के दौरान पुलिस अधिकारी को रिश्वत देने की कोशिश भी होती है।
मनोज बाजपेयी के किरदार अजय दीक्षित के सामने एक तरफ अपनी ड्यूटी निभाने की चुनौती है, तो दूसरी तरफ लालच और दबाव से निपटने का सवाल। ट्रेलर में उनका एक संवाद पुलिस की नौकरी के जोखिम को दिखाता है। उनके मुताबिक, चार दोस्त बनाने पर आठ दुश्मन भी बन जाते हैं। फिल्म में नुसरत भरूचा उनके किरदार की प्रेमिका रोजी की भूमिका निभा रही हैं। वह अजय से पूछती हैं कि वह घर कब लौटेंगे। जवाब में अजय कहते हैं कि दुनिया कठोर है, समय लगेगा, लेकिन वह जरूर लौटेंगे। साकिब सलीम, दिव्या दत्ता, अक्षय ओबेरॉय, कीकू शारदा और श्रद्धा दास भी फिल्म का हिस्सा हैं।
विवादों में रहा फिल्म का पुराना नाम ‘घूसखोर पंडित’
‘गजब रात’ को इस साल की शुरुआत में नेटफ्लिक्स इंडिया की 2026 की फिल्मों की लिस्ट में ‘घूसखोर पंडित’ नाम से शामिल किया गया था। इसके बाद सोशल मीडिया पर फिल्म के शीर्षक को लेकर विवाद शुरू हो गया। कई लोगों ने इसे जातिवादी और एक समुदाय के लिए अपमानजनक बताया।
विवाद बढ़ने पर उत्तर प्रदेश के लखनऊ स्थित हजरतगंज पुलिस स्टेशन में एफआईआर दर्ज कराई गई। राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने शिकायत मिलने के बाद सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय को नोटिस भी जारी किया। बहुजन समाज पार्टी की प्रमुख मायावती और विश्व हिंदू परिषद समेत कई राजनीतिक नेताओं और संगठनों ने फिल्म के पुराने नाम पर आपत्ति जताई।
नीरज पांडे ने विवाद पर क्या कहा था?
फिल्म के निर्माता नीरज पांडे ने अपने बयान में माना था कि पुराने नाम से दर्शकों के एक वर्ग को ठेस पहुंची है। उन्होंने बताया कि फिल्म से जुड़ी प्रचार सामग्री हटा दी गई है। साथ ही स्पष्ट किया कि यह एक काल्पनिक पुलिस ड्रामा है और ‘पंडित’ शब्द का इस्तेमाल केवल एक काल्पनिक किरदार के नाम के तौर पर किया गया था।
नीरज पांडे के मुताबिक, कहानी किसी जाति, धर्म या समुदाय पर टिप्पणी करने के बजाय एक व्यक्ति के काम और उसके फैसलों पर केंद्रित है। उन्होंने उम्मीद जताई थी कि दर्शक फिल्म को उसके पूरे संदर्भ में देखकर अपनी राय बनाएंगे।
मनोज बाजपेयी ने भी रखी थी अपनी बात
विवाद पर प्रतिक्रिया देते हुए मनोज बाजपेयी ने कहा था कि वह लोगों की भावनाओं और चिंताओं का सम्मान करते हैं। उन्होंने माना कि अगर किसी फिल्म से जुड़े होने के कारण लोगों को दुख पहुंचता है, तो उनकी बात सुनना जरूरी है।
अभिनेता के अनुसार, वह फिल्म से अपने किरदार और कहानी के जरिए जुड़ते हैं। उनके लिए यह एक ऐसे इंसान को पर्दे पर दिखाने की कोशिश थी, जिसमें कमियां हैं और जो खुद को समझने के सफर से गुजरता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि किरदार निभाने का मकसद किसी समुदाय पर टिप्पणी करना नहीं था।
सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा था मामला
फिल्म के पुराने शीर्षक को लेकर मामला सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा था। जनहित याचिका पर सुनवाई के दौरान शीर्षक पर आपत्ति जताते हुए अदालत ने निर्माताओं से इसे बदलने को कहा था। अदालत ने टिप्पणी की थी कि इस तरह के नाम से समाज के एक वर्ग को नीचा क्यों दिखाया जा रहा है। साथ ही, बदला हुआ शीर्षक बताए जाने तक फिल्म की रिलीज की अनुमति देने से इनकार किया था। अब फिल्म का नाम ‘गजब रात’ रखा गया है और नेटफ्लिक्स इंडिया ने इसका ट्रेलर जारी कर दिया है। फिल्म 23 अक्टूबर को स्ट्रीम होगी।

