पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर निशाना साधा है।
नई दिल्ली। पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर एक बार फिर तीखा हमला बोला है। दिल्ली में प्रेस वार्ता के दौरान उन्होंने ज्ञानेश कुमार को ‘वैनिश कुमार’ कहते हुए आरोप लगाया कि उनकी पार्टी शुरुआत से ही नागरिकों के अधिकार और उनके मतदान के अधिकार की रक्षा के लिए लड़ती रही है। ममता बनर्जी ने कहा कि वह मुख्य चुनाव आयुक्त का नाम नहीं लेतीं। उन्होंने कहा कि जो लोग लोगों को उनके अधिकारों से वंचित करने के लिए काम कर चुके हैं, उन्हें मैं कैसे माफ कर सकती हूं?
147 सांसदों के निलंबन का भी किया जिक्र
ममता बनर्जी ने कहा कि केंद्र सरकार ने विपक्ष की आवाज को पूरी तरह दबा दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि जब लोकसभा और राज्यसभा से एक साथ 147 सांसदों को निलंबित कर दिया गया था, उसी दौरान सरकार ‘इम्युनिटी बिल’ लेकर आई और उसे बिना किसी बहस के जबरन पास करवा लिया।
सुरक्षा बलों पर भी लगाया आरोप
ममता बनर्जी ने पश्चिम बंगाल चुनाव के दौरान सुरक्षा कर्मियों पर भी गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि सुरक्षा कर्मी घर-घर गए और लोगों को तृणमूल कांग्रेस के पक्ष में मतदान करने से रोकने के लिए धमकाया गया। हालांकि, ये आरोप ममता बनर्जी के बयान पर आधारित हैं। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ ममता बनर्जी की यह टिप्पणी मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण और मतदान के अधिकार को लेकर उनके लगातार विरोध के बीच आई है।

